महतारी वंदन योजना बनी भारती के सपनों की संबल, आर्थिक आत्मनिर्भरता की ओर बढ़े मजबूत कदम

मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर। छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी महतारी वंदन योजना महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में प्रभावी पहल सिद्ध हो रही है। योजना के माध्यम से मिलने वाली नियमित आर्थिक सहायता महिलाओं के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला रही है और उन्हें आत्मनिर्भरता तथा सम्मान के साथ आगे बढऩे का अवसर प्रदान कर रही है। मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले के ग्राम खाड़ाखोह निवासी श्रीमती भारती सिंह इसकी प्रेरक उदाहरण हैं।
श्रीमती भारती सिंह को महतारी वंदन योजना के अंतर्गत अब तक २८ किश्तों में कुल २८ हजार रुपये की सहायता राशि प्राप्त हो चुकी है। प्रतिमाह मिलने वाली एक हजार रुपये की सहायता उनके परिवार के लिए महत्वपूर्ण संबल साबित हुई है। इस राशि से वे बच्चों की पढ़ाई-लिखाई, कॉपी-किताबें, स्कूल की आवश्यक सामग्री तथा घर की दैनिक जरूरतों को सहजता से पूरा कर पा रही हैं। श्रीमती भारती सिंह बताती हैं कि पहले छोटी-छोटी जरूरतों के लिए भी आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था, लेकिन अब नियमित सहायता मिलने से घरेलू खर्चों का बेहतर प्रबंधन संभव हो गया है। इससे उन्हें आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिला है और परिवार की आर्थिक जिम्मेदारियों में उनकी सहभागिता भी बढ़ी है।
वे कहती हैं कि महतारी वंदन योजना ने केवल आर्थिक सहायता ही नहीं दी, बल्कि उनके भीतर आत्मविश्वास का भी संचार किया है। अब वे बच्चों की शिक्षा को बिना किसी बाधा के आगे बढ़ा पा रही हैं और भविष्य को लेकर अधिक आश्वस्त हैं। श्रीमती भारती सिंह मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहती हैं कि महतारी वंदन योजना महिलाओं के जीवन में नई उम्मीद लेकर आई है। नियमित आर्थिक सहयोग ने उन्हें सम्मान के साथ जीवन जीने, परिवार को मजबूती देने और आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्रदान किया है। आज यह योजना प्रदेश की लाखों महिलाओं के लिए आर्थिक सहायता से आगे बढ़कर सम्मान, आत्मविश्वास और सशक्त भविष्य की पहचान बन गई है।





