आबकारी विभाग का नया हथकंडा, कोरे कागज में हस्ताक्षर या अंगूठा लगाकर फंसा रहे आदिवासियों को

आबकारी विभाग के अधिकारी अवैध वसूली व जबरन फंसाने का दे रहे धमकी
कवर्धा।आबकारी विभाग पर बड़ा और गम्भीर आरोप लग रहे है। आबकारी विभाग के अधिकारी वनांचल में छापेमारी कारवाई कर रही है, लेकिन अवैध वसूली करने जबरन आदिवासियो से कोरे कागज पर साइन व अंगूठा के निशान लिए जा रहे है। आबकारी विभाग के अधिकारियों द्वारा बैगा जनजाति के उत्पीड़न, अवैध वसूली एवं झूठे प्रकरण दर्ज करने के विरुद्ध तत्काल निलंबन एवं कानूनी कार्यवाही करने की मांग आदिवासी समाज के लोगों ने की है।
आदिवासी समाज के कामु बैगा सहित अन्य ग्रामीणों ने ज्ञापन सौपकर कहा कि हम राष्ट्रपति के दत्तक पुत्र ‘वैगा समाज’ के निवासी, अत्यंत आक्रोश और व्यथित है कि आबकारी विभाग के अधिकारी द्वारा समाज के भोले-भाले लोगों का सुनियोजित तरीके से शोषण किया जा रहा है। आरोप है कि ये अधिकारी निजी लाभ के लिए न केवल झूठे मामले बना रहे हैं, बल्कि कोरे कागजों पर हस्ताक्षर करवाकर हमारे लोगों को जेल की यातनाएं भुगतने पर मजबूर कर रहे हैं। समरत बैगा ग्राम छेरकीकछार/छोटे बेंदा 10 जून को घर से 5-6 लीटर महुआ शराब को ज़ब्त कर उसे जबरन 10 लीटर बनाकर प्रकरण दर्ज किया गया। कोरे कागजों पर हस्ताक्षर कराए गए। इसी प्रकार शहरु बैगा ग्राम चौरा/भोरमदेव उन्हें पकड़कर 10,000 रुपये की अवैध वसूली की गई, फिर भी उन्हें 9 दिनों तक जेल की यातना झेलनी पड़ी। परसादी बैगा ग्राम सरोदा कार्यक्रम हेतु रखे गए 10 लीटर महुआ को 40 लीटर बताकर दर्ज किया गया। रिश्वत न देने की सजा स्वरूप उन्हें 45 दिनों तक जेल भेजा गया। इसी प्रकार अनगिनत घटनाओं में इन अधिकारियों द्वारा चालान पेश करने के नाम पर 15-20 हजार रुपये की अवैध वसूली की जा रही है। इससे पूरा आदिवासी समाज नाराज है और कलेक्टर को ज्ञापन सौपकर करवाई की मांग की गई है यही कार्रवाई नही हुई तो आदिवासी समाज बड़ा आंदोलन करने मजबूर होगा।




