सुको ने सौम्या चौरसिया को जमानत के लिए छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय का रुख करने कहा

रायपुर-नई दिल्ली। चीफ जस्टिस (सीजेआई) सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति एन वी अंजारिया की पीठ ने छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की उप सचिव सौम्या चौरसिया द्वारा दायर एक अलग याचिका पर सुनवाई करते हुए उन्हें जमानत के लिए छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय का रुख करने को कहा। उल्लेखनीय हैं कि शराब घोटाले के सिलसिले में पिछले साल दिसंबर में ईडी द्वारा उन्हें गिरफ्तार किया गया था।
चौरसिया की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी ने सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीश महोदय के सामने दलील दी कि उच्चतम न्यायालय ने पहले भी चौरसिया को कुछ अन्य मामलों में जमानत दी थी जिनमें उन्हें गिरफ्तार किया गया था। उन्होंने फिर से एक नयी प्राथमिकी दर्ज की और उन्हें दिसंबर में गिरफ्तार कर लिया। यह छठी बार है जब चौरसिया को गिरफ्तार किया गया है। पीठ ने चौरसिया को जमानत के लिए छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय का रुख करने को कहते हुए एक सप्ताह के भीतर उच्च न्यायालय में अपनी याचिका दायर कर सकती है और उच्च न्यायालय प्राथमिकता के आधार पर उनकी याचिका पर सुनवाई कर दो सप्ताह के भीतर फैसला सुना सकता है।
पीठ को यह भी बताया गया कि चौरसिया को दो जनवरी को एक अलग मामले में आर्थिक अपराध इकाई (ईओडब्ल्यू) द्वारा गिरफ्तार किया गया था। न्यायालय ने कहा कि वह उस मामले में भी जमानत के लिए उच्च न्यायालय का रुख कर सकती हैं।







