शिक्षा से ही राष्ट्र का भविष्य बदलता है, शिक्षक इसकी धुरी हैं : वित्त मंत्री चौधरी

रायपुर। छत्तीसगढ़ शिक्षक संघ द्वारा आयोजित दो दिवसीय प्रांत स्तरीय शिक्षक सम्मेलन एवं शैक्षिक संगोष्ठी का समापन गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। नगर निगम रायगढ़ के ऑडिटोरियम में 3 एवं 4 जनवरी को आयोजित इस सम्मेलन में राष्ट्र हित, शिक्षा हित, शिक्षार्थी हित एवं शिक्षक हित जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गहन मंथन किया गया। समापन समारोह के मुख्य अतिथि प्रदेश के वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी रहे। उन्होंने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। सम्मेलन में प्रदेश के 33 जिलों से बड़ी संख्या में शिक्षक प्रतिनिधियों ने सहभागिता की, जिनमें सुकमा, दंतेवाड़ा, बस्तर, सरगुजा, कबीरधाम सहित दूरस्थ अंचलों के शिक्षक शामिल रहे।
वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि किसी भी राष्ट्र का भविष्य शिक्षा से ही बदलता है और शिक्षा की गुणवत्ता का केंद्र बिंदु शिक्षक होता है। शिक्षक केवल विषयवस्तु का ज्ञान देने वाला नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र का निर्माता है। शिक्षक के संस्कार, सोच और नवाचार से ही विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, मूल्यबोध और राष्ट्र के प्रति समर्पण विकसित होता है। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक भारत की सबसे बड़ी शक्ति यह है कि सामान्य परिवार का बच्चा भी शिक्षा के बल पर सर्वोच्च पदों तक पहुंच सकता है।
उन्होंने कहा कि आज शिक्षा व्यवस्था में संसाधनों की उपलब्धता बढ़ी है, लेकिन गुणवत्ता और मूल्य आधारित शिक्षा सबसे बड़ी चुनौती है। सरकारी विद्यालयों के प्रति समाज का विश्वास मजबूत करना आवश्यक है, जिसमें शिक्षकों की भूमिका निर्णायक है। इस अवसर पर रायगढ़ में शिक्षक सदन निर्माण की मांग पर वित्त मंत्री ने विधायक निधि से 20 लाख रुपये की स्वीकृति देने की घोषणा की और शिक्षक संघ की मांगों को सकारात्मक रूप से शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।
सम्मेलन में महासमुंद लोकसभा क्षेत्र की सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी ने कहा कि शिक्षक बच्चों को केवल शिक्षा ही नहीं देते, बल्कि उन्हें जीवन की चुनौतियों से जूझने के लिए सक्षम बनाते हैं। नगर निगम रायगढ़ के महापौर श्री जीवर्धन चौहान ने शिक्षकों को समाज का ज्ञान स्तंभ बताते हुए सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए शिक्षक संघ को बधाई दी।
सम्मेलन के दौरान राष्ट्र निर्माण में शिक्षकों की भूमिका विषय पर श्री नारायण नामदेव (सह प्रांत प्रचारक, आरएसएस), राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 पर श्री आलोक शर्मा (सेवानिवृत्त प्राध्यापक, रायपुर) तथा पंच परिवर्तन एवं समाज-राष्ट्र निर्माण विषय पर श्री गोपाल यादव (सह प्रांत कार्यवाह, आरएसएस) ने विचार रखे।
जिला अध्यक्ष मनीष देवांगन ने बताया कि सम्मेलन में एलबी शिक्षक संवर्ग की प्रमुख मांगों को लेकर प्रथम नियुक्ति तिथि से सेवा गणना किए जाने संबंधी मांग पत्र माननीय वित्त मंत्री को सौंपा गया। साथ ही शिक्षक संघ रायगढ़ एवं सक्ति द्वारा प्रकाशित वार्षिक कैलेंडर का विमोचन भी किया गया।
कार्यक्रम में नगर निगम सभापति डिग्रीलाल साहू, स्थानीय जनप्रतिनिधिगण, शिक्षक संघ के प्रांतीय, संभागीय एवं जिला पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में शिक्षकगण उपस्थित रहे। सम्मेलन ने शिक्षा की गुणवत्ता, शिक्षक दायित्व और राष्ट्र निर्माण में शिक्षकों की भूमिका को नई दिशा देने का कार्य किया।







