आदिवासी विभाग में हड़कंप: अतिरिक्त भर्ती हटाने के आदेश के बाद आंदोलन

ट्राइबल विभाग में बिना लिखित आदेश के भर्ती किए गए 500 से अधिक दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को प्रशासन के आदेश के बाद काम से हटा दिया गया है, जिससे विभाग में हड़कंप मच गया है। कलेक्टर भगवान सिंह उइके द्वारा 13 जनवरी को जारी आदेश में वर्ष 2014 में स्वीकृत सेटअप का हवाला देते हुए संस्थानों में स्वीकृत पदों से अधिक कर्मचारियों की मौजूदगी पर रोक लगाने और केवल निर्धारित पदों के अनुसार ही उपस्थिति प्रतिवेदन भेजने के निर्देश दिए गए थे। इसके बाद अधीक्षकों ने 519 अतिरिक्त कर्मियों को मौखिक रूप से काम पर नहीं आने को कह दिया, जिससे वर्षों से सेवा दे रहे कर्मचारियों में आक्रोश फैल गया है। प्रभावित दैनिक वेतनभोगियों ने इस कार्रवाई को अन्यायपूर्ण बताते हुए कई बार कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा, लेकिन सुनवाई नहीं होने पर 30 जनवरी को कलेक्टोरेट घेराव की चेतावनी दी है। कर्मचारियों का कहना है कि वर्षों से काम करने के बावजूद अचानक हटाए जाने से उनके परिवारों की आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी।







