हाईकोर्ट ने मां काली इंडस्ट्रीज को जीएसटी बकाया वसूली में राहत दी, प्री-डिपॉजिट और अंडरटेकिंग पर रोक
हाईकोर्ट ने जीएसटी बकाया वसूली से जुड़े मामले में याचिकाकर्ता मां काली इंडस्ट्रीज को राहत देते हुए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। याचिका में राज्य कर विभाग द्वारा पारित 4 नवंबर 2022 और 28 मार्च 2024 के आदेशों तथा 16 जनवरी 2026 की अटैचमेंट नोटिस को चुनौती दी गई थी। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के वकील ने केंद्र सरकार के वित्त मंत्रालय द्वारा 11 जुलाई 2024 को जारी सर्कुलर का हवाला दिया, जिसमें कहा गया कि जब तक जीएसटी अपीलेट ट्रिब्यूनल का गठन नहीं होता, तब तक अपील करने वाले करदाताओं को राहत दी जा सकती है, बशर्ते वे निर्धारित प्री-डिपॉजिट जमा करें और अंडरटेकिंग दें। कोर्ट ने याचिकाकर्ता को निर्देश दिए कि वह संबंधित अधिकारी के समक्ष अंडरटेकिंग प्रस्तुत करे और 15 दिनों के भीतर प्री-डिपॉजिट राशि जमा करे। यदि ये शर्तें पूरी की जाती हैं, तो शेष बकाया राशि की वसूली पर रोक लग जाएगी। जस्टिस राकेश मोहन पांडे की एकलपीठ ने कहा कि इस मामले में आगे किसी न्यायिक निर्णय की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि केंद्र सरकार द्वारा पहले ही स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए जा चुके हैं।






