Madhya Pradesh
सामूहिक कन्या विवाह योजना में फर्जीवाड़ा, पहले से शादीशुदा जोड़े ने दोबारा ली सात फेरे

मध्य प्रदेश के गोविंदपुर में मुख्यमंत्री सामूहिक कन्या विवाह योजना के तहत 10 फरवरी को आयोजित समारोह में एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया। ग्राम पंचायत प्रेमनगर के सुदीप विश्वास और ग्राम पीवी 64 की स्वर्णा मिस्त्री ने पहले से शादीशुदा होने के बावजूद योजना में पंजीकरण करवा लिया और समारोह में दोबारा सात फेरे लिए। वायरल तस्वीरों के बाद मामला उजागर हुआ और आवेदन-सत्यापन प्रक्रिया की गंभीर लापरवाही सामने आई। नियमानुसार स्थानीय आंगनबाड़ी केंद्र से आवेदन अनिवार्य था, लेकिन आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सेक्टर सुपरवाइजर ने बिना गहन जांच के आवेदन स्वीकार कर लिया। योजना के तहत प्रत्येक जोड़े को मिलने वाली 50 हजार रुपए की सहायता राशि फर्जी पंजीकरण के कारण गलत हाथों में चली गई। प्रशासन ने मामले की जांच और दोषियों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।







