राजधानी एक्सप्रेस, बिलासपुर-नई दिल्ली राजधानी, छत्तीसगढ़ संपर्क क्रांति, दुर्ग-नौतनवा व रायपुर-सिकंदराबाद एक्सप्रेस को रोजाना चलाने बृजमोहन ने रेलमंत्री से की मांग

रायपुर/नई दिल्ली। संसद में रेल मंत्रालय के अनुदान मांगों पर चर्चा के दौरान छत्तीसगढ़ की रेल कनेक्टिविटी और यात्री सुविधाओं की 20 से अधिक महत्वपूर्ण मांगों का प्रस्ताव सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने रेल मंत्री के समक्ष रखा। उन्होंने छत्तीसगढ़ के यात्रियों की सुलभता के लिए कई महत्वपूर्ण ट्रेनों के फेरे बढ़ाने और उनके विस्तार पर जोर दिया जिसमें राजधानी एक्सप्रेस (12441/12442): बिलासपुर-नई दिल्ली राजधानी को प्रतिदिन चलाने। छत्तीसगढ़ संपर्क क्रांति (12823/12824): इसे भी दैनिक (प्रतिदिन)। रायपुर-सिकंदराबाद एक्सप्रेस (12771/12772) का विस्तार बिलासपुर तक कर प्रतिदिन चलाने। इसी तरह से आर्थिक राजधानी मुंबई से कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए नागपुर तक आने वाली महत्वपूर्ण ट्रेनों को बिलासपुर तक विस्तारित करने की मांग की।
श्री अग्रवाल ने रायपुर से हिसार (अग्रोहा) के बीच एक नई सीधी ट्रेन शुरू करने की मांग की इससे अग्रवाल समाज के पैतृक स्थान और खाटूश्याम व पुष्कर जैसे तीर्थस्थलों तक पहुंच आसान हो सकेगी। साथ ही, दुर्ग से अंबिकापुर के बीच आधुनिक वंदे भारत एक्सप्रेस और रायपुर-रायगढ़ लोकल ट्रेन को पुन: शुरू कर इसे दुर्ग तक बढ़ाने का सुझाव दिया।
दुर्ग-नौतनवा एक्सप्रेस को रोजाना प्रतिदिन चलाया जाए। गोंदिया से जबलपुर के बीच चलने वाली ट्रेनों का विस्तार बिलासपुर स्टेशन तक किया जाए। बिलासपुर-भगत की कोठी एक्सप्रेस को प्रतिदिन किया जाए।
सांसद ने राज्य के स्टेशनों के आधुनिकीकरण में हो रही देरी पर चिंता व्यक्त करते हुए हथबंद, बालोद, भाटापारा, बिल्हा सहित अन्य स्टेशनों के कार्यों में तेजी लाने की मांग की। उन्होंने सरोना, डब्ल्यू.आर.एस. और मंदिर हसौद को द्वितीय स्टेशन के रूप में विकसित करने का विजन भी प्रस्तुत किया। जोरा और उसके आसपास के क्षेत्रों के निवासियों को रेल यात्रा के लिए दूर के स्टेशनों पर निर्भर रहना पड़ता है। स्थानीय नागरिकों की सुविधा और लंबे समय से की जा रही मांग को ध्यान में रखते हुए, जोरा स्टेशन पर पैसेंजर ट्रेनों के ठहराव की व्यवस्था की जाए।
भानुप्रतापपुर से सुबह के समय दैनिक यात्रियों की आवश्यकता को देखते हुए ट्रेन परिचालन की व्यवस्था की जाए। परमलकसा-खरसिया नई रेल लाइन कार्य में पारदर्शिता और तेजी लाने के लिए इस परियोजना की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट उपलब्ध कराई जाए। अग्रवाल ने रायपुर से गुजरने वाली 90 ट्रेनों में सीमित इमरजेंसी कोटे को बढ़ाने की मांग की ताकि मरीजों और छात्रों को तत्काल राहत मिल सके। उन्होंने रायपुर, दुर्ग, भिलाई, बिलासपुर और राजनांदगांव स्टेशनों पर एम्बुलेंस सुविधा उपलब्ध कराने का आग्रह किया।







