सेज यूनिवर्सिटी में ‘फार्मा अन्वेषण–2026’ फार्मेसी शिक्षा और नवाचार का राष्ट्रीय मंच

सेज यूनिवर्सिटी इंदौर के इंस्टिट्यूट ऑफ फार्मास्यूटिकल साइंसेज ने फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया के अनुदान से 20 मार्च 2026 को राष्ट्रीय स्तर का कार्यक्रम “फार्मा अन्वेषण–2026” सफलतापूर्वक आयोजित किया। इस कार्यक्रम में मध्यप्रदेश सहित विभिन्न संस्थानों से 400 से अधिक विद्यार्थी और लगभग 200 शिक्षक शामिल हुए, जिससे राज्य में अनुसंधान और नवाचार की मजबूत उपस्थिति देखने को मिली। मुख्य अतिथियों में डॉ. मोंटू पटेल, प्रेसिडेंट फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया, डॉ. विभु साहनी, फाइनेंस चेयरमैन, डॉ. संजय जैन, प्रेसिडेंट मप्र स्टेट फार्मेसी काउंसिल, सेंट्रल मेंबर डॉ. नीरज उपमन्यु, डॉ. शैलेश जैन और प्रो-चांसलर डॉ. प्रशांत जैन की गरिमामयी उपस्थिति रही। राष्ट्रीय फार्मेसी शिक्षा दिवस के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम ने अकादमिक और उद्योग के समन्वय को एक प्रभावी मंच प्रदान किया। इसमें इनोवेटिव प्रोडक्ट, रिसर्च पोस्टर और पेटेंट आधारित प्रस्तुतियों जैसी प्रतियोगिताएँ आयोजित की गईं, जिनमें प्रतिभागियों ने अपनी नवाचार क्षमता और व्यावहारिक कौशल का प्रदर्शन किया। इसके अतिरिक्त, पैनल चर्चा, मुख्य वक्तव्य और उद्योग–अकादमिक संवाद सत्र आयोजित किए गए, जिनमें तकनीकी हस्तांतरण, नियामक प्रक्रियाएँ, कौशल विकास और उभरते करियर अवसरों पर विचार-विमर्श किया गया। उद्घाटन सत्र में उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री, मध्यप्रदेश शासन का वर्चुअल संदेश प्राप्त हुआ। समापन समारोह में विजेताओं को सम्मानित किया गया। इस प्रकार, “फार्मा अन्वेषण–2026” ने शिक्षा, अनुसंधान और उद्योग के बीच समन्वय को सशक्त करते हुए फार्मेसी शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर स्थापित किया।







