सुकमा में दो समूह के बीच हिंसक झड़प में 13 घायल, आरोपियों की तलाश जारी

सुकमा। जिले के साडरापाल गांव में दो समूह के बीच हिंसक झड़प होने से 13 लोग घायल हो गए हैं। पुलिस इस मामले में दस ग्रामीणों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर आरोपियों की तलाश कर रही है। सुकमा पुलिस ने इस घटना को जमीन विवाद और आपसी विवाद की परिणति बताया है।
पुलिस के अनुसार घटना रविवार 31 मई को हुई, जिसमें आरोपियों ने लामबंद होकर मारपीट की। पुलिस ने इस मामले में धारा 191(2),191(3),190,296,351(2),115(2) के तहत अपराध दर्ज किया गया है। दर्ज एफआईआर में हड़मा मांडवी, गंगाराम कवासी, बुधरा कवासी, महादेव कवासी, हनीस करटामी, आयता कवासी, लच्छु कवासी, हांदा वेट्टी, गुड्डी राम बेट्टी और सन्ना आयता के नाम आरोपी के रुप में दर्ज है। आधिकारिक रुप से दी गई जानकारी में यह बताया गया है कि, इस घटना में कोई गंभीर रमप से घायल नहीं है। यह सामान्य मारपीट का मामला है। वहीं इस घटना को छत्तीसगढ़ क्रिश्चियन $फोरम ने ईसाईयों पर हमला बताते हुए कहा है कि मिट्टी के घर में ईसाईजन रविवार की प्रार्थना कर रहे थे, तब लकड़ी की लाठियों से लैस होकर प्रार्थना कर रहे लोगों के सर पर हमला किया गया।
सुकमा एसपी किरण चौहान ने सोमवार को बताया कि ग्राम साडरापाल में भूमि विवाद को लेकर कुछ व्यक्तियों द्वारा प्रार्थी हिडमा कवासी एवं उसके साथियों के साथ गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी देकर मारपीट की गई, जिससे कई व्यक्तियों को चोटें आईं । घटना की सूचना प्राप्त होते ही थाना तोंगपाल पुलिस मौके पर पंहुचकर स्थिति को नियंत्रित किया गया। उन्होने बताया कि पुलिस द्वारा घायलों को आवश्यक चिकित्सीय उपचार हेतु भेजा गया तथा घटना के संबंध में विस्तृत पूछ-ताछ एवं साक्ष्य संकलन की कार्यवाही की गई। प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना तोंगपाल में अपराध क्रमांक 14/2026 अंतर्गत धारा 191(2), 191(3), 190, 296, 351(2), 115(2) भारतीय न्याय संहिता के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है।उन्होने बताया कि प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।







