GLIBS
28-06-2020
क्वारेंटाइन सेंटर में प्रेतात्मा का साया.....

कोरबा। जिले के पठियापाली के क्वारेंटाइन सेंटर में ठहरे लोग प्रेत आत्मा से इस कदर भयभीत हो गए कि जब उनके कुछ साथी अजीबो-गरीब हरकत करने लगे तो अन्य मजदूरों ने प्रेत आत्मा का साया समझकर उन्हें पेशाब तक पिला दिया।क्वारेंटाइन सेंटर में भूत होने की चर्चा से इलाके मे हड़कंप मच गया है। इसके अलावा लोगों ने जांच में हो रही देरी को लेकर सरकार पर अनदेखी का आरोप भी लगाया है।मामला करतला ब्लाक के पठियापाली हाईस्कूल में बने क्वारेंटाइन का है। मजदूरों का कहना है कि स्कूल परिसर के अंदर प्रेत आत्मा का साया नजर आता है। कुछ साथी की उटपटांग हरकत देखकर अन्य लोगों के मन में भी डर समा गया। मजदूर बताते हैं कि एक शख्स के ऊपर प्रेत आत्मा का साया था। प्रेत को भगाने के लिए लोगों ने युवक को पेशाब तक पिला दिया। ऐसे अमानवीय कृत्य से लोगों के बीच अंधविश्वास की जड़ें मजबूत हो रही है।

वहीं भूत के डर से लोग रतजगा करने के लिए मजबूर हैं। साथ ही लोगों ने कहा कि 14 दिन से अधिक समय बीत जाने के बाद भी रिपोर्ट नहीं आने से लोगों के मन में संक्रमण का डर भी घर कर गया है। सेंटर प्रभारी व गांव के जनप्रतिनिधियों ने लोगों को समझाया कि भूत प्रेत कुछ नहीं होता आप सभी निश्चिंत होकर सेंटर में रहें।सरपंच श्यामलाल कंवर ने बताया कि अब तक पठियापाली से 5 कोरोना पॉजिटिव मिले हैं, जिनमें से एक शख्स प्रवासी मजदूर है। उनका कहना है कि गांव में संक्रमण का खतरा मंडरा रहा है। इसके बावजूद ग्रामीण नियमों की अनदेखी कर मनमानी करते हुए अन्य गांव में आना-जाना कर रहे हैं। पंचायत स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था पर्याप्त नहीं है। इसके लिए शासन-प्रशासन से सुरक्षा के लिए पर्याप्त बन्दोबस्त करने की मांग की गई है। उन्होंने बताया कि मजदूर प्रेत आत्मा की बात कहते हुए सेंटर बदलने की मांग कर रहे हैं।

 

15-03-2020
ताबीज देकर बाबा कर रहा था कोरोना का ईलाज, पुलिस ने किया गिरफ्तार

लखनऊ। कोरोना वायरस संक्रमितों की बढ़ती संख्या के बीच अंधविश्वास का धंधा करने वाले भी अपनी दुकान चमकाने लगे हैं। लखनऊ में एक ऐसा ही मामला सामने आया है। यहां एक शख्स 11 रुपये में तावीज़ देकर कोरोना वायरस का ईलाज कर रहा था,जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी शख्स ने जगह-जगह प्रचार के लिए पोस्टर्स भी लगावाए थे। पोस्टर्स में आरोपी ने अपने पते के साथ लिखा था,"कोरोना से बचने के लिए सिद्ध किया हुआ ताबीज यहां मिलता है।" पुलिस ने इसकी जानकारी मिलते ही कार्रवाई की। पुलिस को जानकारी मिली थी कि वजीरगंज थाना क्षेत्र में एक शख्स अंधविश्वास की दुकान चला रहा है और लोगों को ताबीज देकर कोरोना से बचाने का दावा कर रहा है, जिसके बाद पुलिस ने उसकी दुकान बंद करा दी और उसे गिरफ्तार कर लिया। दरअसल, कोरोना वायरस की अभी तक कोई वैक्सीन (टीका) नहीं है और यह देश-दुनिया में फैलता जा रहा है, इसीलिए लोगों में इसका काफी डर है।

15-02-2020
बंगाल में अंधविश्वास के चलते दो बच्चों की हुई मौत, मामले की जांच जारी 

नई दिल्ली। ग्रामीण क्षेत्रों में अंधविश्वास का जाल आज भी छाया हुआ है। पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में बच्चों पर जादू-टोना किए जाने के चलते दो बच्चों की मौत हो गई है। साथ ही दो अन्य घायल हो गए। पुलिस के एक अधिकारी ने शनिवार को बताया कि यह घटना शुक्रवार की रात गजोले थाना क्षेत्र के कदमताली गांव में हुई थी। पुलिस जिला अधीक्षक आलोक रजोरिया ने कहा, मृतक बच्चों की उम्र पांच और सात साल थी जबकि तीन और छह साल की दो बहनों को मालदा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है और मौत के कारणों का पता लगाया जा रहा है।  

बच्चों के परिजन ने बताया कि चारों बच्चों पर जादू-टोना किया गया था। शुक्रवार शाम पास के जंगल से लौटने के बाद सभी बच्चे बेहोश हो गए थे। उन्होंने बताया कि बच्चे वहां खेलने गए थे। पुलिस के एक अधिकारी ने कहा कि शुरुआती जांच से लगता है कि बच्चों ने जंगल से कोई जहरीला फल खा लिया था। टीएमसी की स्थानीय विधायक दीपाली बिस्वास ने शनिवार को गांव का दौरा किया और अस्पताल में बच्चों से मुलाकात की। उन्होंने कहा, “यह अंधविश्वास का मामला है। बच्चे बच गए होते अगर परिजन तांत्रिकों की बजाए उन्हें डॉक्टर के पास ले जाते। मैंने ग्रामीणों से ऐसे अंधविश्वासी बातों में यकीन नहीं करने की अपील की।” स्वास्थ्य अधिकारियों ने कहा कि चिकित्सीय टीम को गांव भेजा गया है।

04-01-2020
पिता ने अंधविश्वास में 12 माह की मासूम की चढ़ा दी बलि

रायपुर। जरहागांव क्षेत्र की तराई गांव निवासी युवक ने अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के चक्कर में अपनी 12 माह की बेटी की बलि चढ़ा दी। उसने हसिया से मासूम का गला रेतकर हत्या कर दी। मामला सामने आते ही पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। जरहागांव थाना प्रभारी कविता धुर्वे ने बताया कि घटना ग्राम तराई गांव की है। गुरुवार की देर शाम करीब 7:00 बजे रंजीत पटेल की पत्नी अपनी 3 वर्षीय बेटी को लेकर जांच कराने गई थी। इसी बीच रंजीत ने कमरे का दरवाजा बंद कर लिया कर अंदर सिर्फ उसकी 12 माह की बेटी गोयल थी फिर उसने हथियार से उसका गला रेतकर बच्ची की हत्या कर दी।

03-01-2020
अंधविश्वास के चलते पिता ने दी बेटी की बलि

मुंगेली। मुंगेली जिले के जरहागांव थाना क्षेत्र के अंतर्गत बीती रात अंधविश्वास के चलते मानवता को शर्मसार करने की घटना घटित हुई। शक्ति पाने के चक्कर में पिता ने अपनी ही बेटी को जान से मार दिया। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार मुंगेली जिले के जरहागाव थाना क्षेत्र के अंतर्गत रंजीत पटेल,उम्र 30 वर्ष ने अपनी 12 माह की बेटी कोयल की अंधविश्वास के चक्कर में फंसकर बलि दे दी। इसकी सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। मिली जानकारी के अनुसार आरोपी ने अपना अपराध कबूल कर लिया है।

 

25-10-2019
उल्लुओं की जान के दुश्मन फिर सक्रिय, वन विभाग अलर्ट मोड पर

लखीमपुर खीरी। हर साल दिवाली के मौके पर तंत्र साधना और सिद्धि पाने के लिए उल्लुओं की बलि देने संबंधी अंधविश्वास की वजह से लुप्तप्राय इस पक्षी की जान पर बन आई है। लखीमपुर खीरी के दुधवा टाइगर रिजर्व में उल्लुओं की जान के दुश्मन एक बार फिर सक्रिय हो गए हैं। इसे देखते हुए वन विभाग को यहां अलर्ट मोड पर रखा गया है। बता दें कि लखीमपुर खीरी में इंडो-नेपाल बॉर्डर से सटे हुए दुधवा टाइगर रिजर्व में 12 प्रजातियों के उल्लू पाए जाते हैं, इनमे से कुछ प्रजाति बेहद दुर्लभ हैं। दिवाली के त्योहार के मद्देनजर दुधवा पार्क प्रशासन ने उल्लुओं की जान पर खतरा देखते हुए दुधवा पार्क को अलर्ट मोड पर रखा है।

यहां रूटीन गश्त के साथ नाइट पेट्रोलिंग भी की जा रही है। जंगल के जिन इलाकों में वाहन नहीं जा पा रहा है, उन इलाकों में हाथी पर सवार होकर गश्त की जा रही है। बता दें कि कुछ अंधविश्वासी तांत्रिक और अघोरियों का मानना है कि दिवाली के त्योहार की रात में विशेष नक्षत्र पर तंत्र-मंत्र क्रिया के द्वारा अगर उल्लू की बलि दी जाए तो मनोकामना पूर्ण होती है। दावा किया जा रहा है कि इसी अंधविश्वास के चलते दिल्ली, मुंबई समेत बड़े महानगरों में लोग एक उल्लू को 20 से 30 लाख रुपये में तस्करों से चोरी-छिपे खरीद रहे हैं।  दुधवा बफर जोन के डीएफओ अनिल पटेल ने बताया कि दिवाली पर उल्लुओं की बलि देने की भ्रामक प्रथा सदियों से चली आ रही है। लोगों का मानना है कि उल्लुओं की बलि देने पर लक्ष्मी की प्राप्ति होती है। लेकिन लोगों को यह समझना होगा कि किसी जानवर की बलि देने से धन की प्राप्ति नहीं होती। उसके लिए कड़ी मेहनत करनी होती है। हालांकि दिवाली पर वन्य जीवों के तस्करों के मूवमेंट को देखते हुए अलर्ट जारी किया गया है।

14-10-2019
मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत होगा सरपंचों का उन्मुखीकरण

रायपुर। ज़िला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत सरपंचों को मानसिक स्वास्थ्य पहचान पर होगा उन्मुखीकरण। सरपंचों को विशेष रूप से मानसिक अवसाद से ग्रसित व्यक्तियों की पहचान पर जागरूक कर ग्रामीण जनता में फैले अंधविश्वास को दूर करना है। सरपंचों के उन्मुखीकरण कार्यक्रम का आयोजन मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी रायपुर डॉ. मीरा बघेल के मार्गदर्शन में किया जाएगा ।

जिला चिकित्सालय रायपुर मनोरोग विभाग के सहायक चिकित्सा अधिकारी डॉ डीएस परिहार ने बताया राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत अधिक से अधिक ग्रामीण स्तर पर काम कर मानसिक अवसाद से ग्रसित व्यक्तियों की पहचान कर उन्हें समुचित इलाज प्रदान करने की व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए सरपंचों एवं सचिवों को मानसिक स्वास्थ्य पर जागरूक करने की आवश्यकता है। इसके लियें मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत अभनपुर,धरसीवां,तिल्दा और आरंग को पत्र लिखा गया है। इसमें सरपंचों एवं सचिवों को मानसिक स्वास्थ्य रोगी पहचान पर उन्मुखीकरण किया जाएगा। उन्मुखीकरण का मुख्य उद्देश्य ग्राम स्तर पर मौजूद सरपंच एवं सचिव को अपने क्षेत्र में मानसिक रूप से अस्वस्थ रोगी की पहचान संबंधी जानकारी दी जाएगी। रोगी की समय रहते पहचान ओर उसका इलाज सुनिश्चित किया जा सके। साथ ही ग्राम स्तर पर झाड़-फूंक जैसे अंधविश्वास को दूर कर स्वस्थ छत्तीसगढ़ का निर्माण किया जाए ।

मानसिक अस्वस्थता की पहचान

नींद नहीं आना, भूख नहीं लगना, कुछ काम करने का मन नहीं करना, हर वक्त बैचेनी होना, अकेले रहना पसंद करना, परिवार या दोस्तों से मिलने नहीं जाना।

 

18-09-2019
इस हफ्ते बड़े पर्दे पर आएगी तीन धमाकेदार फिल्में

मुंबई। बॉक्स ऑफिस पर इस हफ्ते तीन बड़ी फिल्में रिलीज होने जा रही है। इन तीनों ही फिल्मों का प्रमोशन बीते दिनों से ही चल रहा है। अब बताते हैं कि आखिर ये तीनों फिल्में कौन सी हैं। ये तीन फिल्में हैं, प्रस्थानम, द जोया फैक्टर और पल पल दिल के पास। ये तीनों ही फिल्में एक साथ ही दिन रिलीज होने जा रही है। पहले बात पल पल दिल के पास की करते हैं। इस फिल्म से सनी देओल के बेटे करण देओल बॉलीवुड में लॉन्च होने जा रहे हैं। फिल्म को खुद सनी देओल ने ही डायरेक्ट किया है। करण के साथ इस फिल्म में सहर भांबा नजर आएंगी। सहर भांबा कोई स्टारकिड तो नहीं हैं लेकिन हां उन्हें सनी देओल ने हीरोइन बनाकर अपने बेटे के अपोजिट लिया है और वो सहर को भी लॉन्च कर रहे हैं। फिल्म से देओल परिवार की तीसरी पीढ़ी इंड्स्ट्री में लॉन्च हो रही है। हालांकि ये फिल्म पर्दे पर कितना चलेगी या नहीं ये कहना मुश्किल है। हालांकि सनी के बेटे करण को भी ऐवरेज रिस्पॉंस ही मिला है। इसके बाद दूसरी फिल्म है द जोया फैक्टर। सोनम कपूर इन अपनी फिल्म द जोया फैक्टर के प्रमोशन्स में बिजी चल रही है। सोनम बैक टू बैक इस फिल्म के प्रमोशन में लगी हुई हैं। फिल्म का ट्रेलर बीते दिनों ही आया है, जिसे खूब पसंद किया गया था।

फिल्म में सोनम के साथ साउथ एक्टर दुलकर सलमान हैं। जोया फैक्टर फिल्म उपन्यासकार अनुजा चौहान की किताब पर आधारित है और दोनों का शीर्षक भी एक ही है। 'द जोया फैक्टर' एक राजपूत लड़की की कहानी है, जिसका नाम जोया सोलंकी है। अब ये फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कितनी चलेगी, ये तो आने वाले वक्त में ही पता चलेगा। वहीं तीसरी फिल्म है संजय दत्त की प्रस्थानम। इस फिल्म की चर्चा भी काफी वक्त से हो रही है। फिल्म के संजय के अलावा मनीषा कोईराला, अली फजल, अमायरा दस्तूर, जैकी श्रॉफ और चंकी पांडे जैसे दमदार कलाकार नजर आ रहे हैं। मनीषा फिल्म में संजय की पत्नी का रोल करेंगी। इस फिल्म में टीवी एक्ट्रेस चाहत खन्ना भी नजर आएंगी। वाइफ मान्यता के साथ संजू इस फिल्म को अपने ही प्रोड्क्शन हाउस में बना रहे है। ये फिल्म तेलगू फिल्म प्रस्थानम का रीमेक है। ये एक पॉलिटिकल थ्रिलर फिल्म होगी। इस फिल्म को देवा कट्टा ही डायरेक्ट करेंगे। जो इससे पहले ऑरिजिनल फिल्म प्रस्थानम को डायरेक्ट कर चुके हैं। इस हफ्ते रिलीज होने वाली इन तीनों ही फिल्मों का जोनर अलग है। एक लव स्टोरी है, तो दूसरी अंधविश्वास औऱ लकी चार्म जैसी कहानी बताती है। वहीं तीसरी फिल्म एक एक्शन और गैंगस्टर ड्रामा फिल्म है। अब दर्शक किस फिल्म को ज्यादा प्यार देंगे, ये देखने वाली बात होगी।

Advertise, Call Now - +91 76111 07804