GLIBS
27-08-2020
भूविस्थापित कर्मियों की बहाली में हो रही देरी,पॉवर प्लांट के गेट पर अड़े कर्मी

जांजगीर चाम्पा। बर्खास्त भूविस्थापित कर्मियों की बहाली में हो रहे विलंब के कारण केएसके महानदी पॉवर प्लांट के गेट पर कर्मी अड़े गए हैं। बता दें कि 16 अगस्त को श्रम कार्यालय में आयोजित बैठक बेनतीजा रहने पर एक भूविस्थापित मजदूर ने जहर पी लिया था। 17 अगस्त को प्लांट के गेट पर शुरू हुए आंदोलन को खत्म कर अंतिम निर्णय लेने प्रबंधन ने 2 दिन का वक़्त मांगा था। आज 11 दिन भी प्रबंधन निर्णय नहीं ले सका है। इससे मजदूरों में असंतोष है। भूविस्थापितों के हक की लड़ाई लड़ने वाले 20 मजदूर पिछले 10 महीने से बर्खास्त है। अब तक दर्जनभर वार्ता की जा चुकी है पर कोई नतीजा नहीं निकला है।

14-08-2020
पत्रकारों ने अपने विचारों और लेखनी से समाज को दी रचनात्मक दिशा : भूपेश बघेल

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने वरिष्ठ पत्रकार ईवी मुरली को 20वें वसुंधरा सम्मान से सम्मानित किया। स्वर्गीय देवी प्रसाद चौबे की स्मृति में स्थापित यह सम्मान विगत 20 वर्षों से लोकजागरण के लिए दिया जा रहा है। वसुंधरा सम्मान समारोह का आयोजन स्वर्गीय देवी प्रसाद चौबे की पुण्यतिथि के अवसर पर किया जाता है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि स्वर्गीय चौबे सही मायने में ठेठ छत्तीसगढ़िया थे। सहज, सरल और मिलनसार स्वर्गीय चौबे ने हमेशा किसानों, मजदूरों और गरीबों के हित की लड़ाई लड़ी। उनकी स्मृति को चिरस्थायी बनाने के लिए हर वर्ष पत्रकारों को वसुंधरा सम्मान प्रदान किया जाता है। उन्होंने न सिर्फ ग्रामीण क्षेत्र में ही कार्य किए अपितु दुर्ग जिले की राजनीति को भी प्रभावित किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पत्रकारों ने देश और समाज के लिए अनेक उल्लेखनीय कार्य किए हैं। अपने विचारों और अपनी लेखनी से उन्होंने समाज को रचनात्मक दिशा देने का काम किया है। ऐसे पत्रकारों का नाम देश के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में लिखा जाता है। बहुत से लोग खबरों के लिए अखबारों और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का सहारा लेते हैं, लेकिन हमारी वर्तमान पीढ़ी मोबाइल पर सोशल मीडिया को देखकर अपनी मानसिकता बनाती है। प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के लिए अनेक नियामक कानून हैं, लेकिन सोशल मीडिया के लिए ऐसी कोई व्यवस्था नहीं है। सोशल मीडिया के लिए न किसी प्रशिक्षण की जरूरत है और न किसी मर्यादा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि सोशल मीडिया पर कुछ लोगों की नकारात्मक टिप्पणियां लोगों को हतोत्साहित करती हैं, इसीलिए अनेक अच्छे विचारक और संवेदनशील लोग ट्वीटर और फेसबुक जैसे सोशल मीडिया प्लेटफार्म को छोड़ रहे हैं। सोशल मीडिया से वर्तमान पीढ़ी दिग्भ्रमित हो रही है, इससे कैसे बचा जा सकता है, इस पर गंभीरता से विचार करने की आवश्यकता है। ऐतिहासिक तथ्यों के साथ छेड़खानी नहीं होनी चाहिए। यदि कोई इतिहास बनाता है, तो यह अच्छी बात है, लेकिन इतिहास बदलने की कोशिश दुर्भाग्य जनक है।

वसुंधरा सम्मान निर्णायक समिति के अध्यक्ष और वरिष्ठ पत्रकार रमेश नैयर ने कहा कि स्वर्गीय देवी प्रसाद चौबे ने उस भारतीय परम्परा का निर्वाह किया जिसमें राजनीति और पत्रकारिता एक साथ चला करते थे। वसुंधरा सम्मान से सम्मानित ई.वी. मुरली ने कहा कि महात्मा गांधी के नमक सत्याग्रह आंदोलन का जैसा व्यापक प्रभाव देश के स्वतंत्रता संग्राम में रहा, वैसे ही मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में प्रारंभ की गई गोधन न्याय योजना के भी दूरगामी सकारात्मक प्रभाव पड़ेंगे। गोधन न्याय योजना ग्रामीण स्वावलम्बन की एक बड़ी योजना सिद्ध होगी। इस अवसर पर संस्कृति मंत्री अमरजीत भगत, मंत्री गुरू रूद्र कुमार, विधायक मोहन मरकाम, स्वर्गीय देवीप्रसाद चौबे के पुत्र प्रदीप चौबे, कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे, वरिष्ठ पत्रकार रमेश नैयर सहित अन्य उपस्थित थे। संस्कृति विभाग छत्तीसगढ़ शासन और श्री चतुर्भुज मेमोरियल फाउन्डेशन के सहयोग से लोकजागरण की पत्रिका वसुंधरा द्वारा इस समारोह का आयोजन किया गया।

12-08-2020
बेरोजगरी के मुद्दे पर केंद्र सरकार से किए गए प्रश्न पर मुख्यमंत्री को भाजयुमो के प्रदेशमंत्री ने भेजा आईना

रायपुर। प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की ओर से बेरोजगरी के मुद्दे पर मोदी सरकार पर रोजगार दो अभियान के तहत उठाए गए सवाल का जवाब देते हुए भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश मंत्री अमित साहू ने भूपेश बघेल को आईना भेजा है। अमित ने कहा कि राज्य सरकार से 2500 बेरोजगरी भत्ता, 2018 से लंबित सब इंस्पेक्टर भर्ती, 2019 से लंबित चर्चित शिक्षक भर्ती 14580 पद का हवाला देते हुए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सरकार विभिन्न पद को तो नहीं भर पा रही और सवाल केंद्र सरकार से कर रही है। 

प्रदेश मंत्री साहू ने आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री और कांग्रेस पार्टी को वर्तमान में बेरोजगरी के मुद्दे पर बात करने का कोई अधिकार नहीं है जब तक भूपेश बघेल की कांग्रेस सरकार इस सभी बहुचर्चित लंबित भर्ती प्रक्रिया को पूर्ण न कर ले। साथ ही सरकार की मंशा राज्य में लंबित भर्तियों को पूर्ण न करना उनके युवा विरोधी और विकास विरोधी मानसिकता को दर्शाती है। साहू ने आगे कहा कि सरकार अगर यह विलंबित भर्ती को जल्द पूर्ण नहीं करती तो भारतीय जनता युवा मोर्चा जल्द ही युवाओं के हक में आंदोलन करेगी और युवाओं को उनका हक दिलाने का पूर्ण प्रयास करेगी।

06-08-2020
सरकार को जनता की समस्याओं से कोई लेना देना नहीं : आम आदमी पार्टी

रायपुर। 14580 चयनित शिक्षक अभ्यर्थियों की नियुक्ति की मांग और प्रदेश में बढ़ती बेरोजगारी से परेशान युवाओं की मांग को लेकर आम आदमी पार्टी लगातार आंदोलन कर रही है। प्रदेश अध्यक्ष कोमल हुपेंडी ने कहा कि शायद सरकार को जनता की समस्याओं से अब कोई सरोकार ही नहीं रह गया है। उन्हें सिर्फ पार्टी के लोगों को मलाइदार पदों पर नियुक्ति करने व उसके लिये मीटिंग करते रहने की आदत सी हो गयी है। कुछ कुछ दिनों में फिर कोई लोकलुभावन घोषणा कर दी जाएगी और फिर मंडल, निगम आदि के पदों पर नेताओं की नियुक्तियां कर दी जायेगी और जनता मुँह देखती रह जायेगी।

 

28-07-2020
मुख्यमंत्री से हाथ जोड़कर प्रार्थना कोरोना पीड़ितों की सुध लें, बढ़ता संक्रमण सरकार की उदासीनता का परिणाम : सुनील सोनी

रायपुर। रायपुर लोकसभा के सांसद सुनील सोनी ने राज्य में कोरोना के बढ़ते मामलों के लिए सरकार पर उदासीनता, लापरवाही और असंवेदनशीलता का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कोरोना पॉजीटिव पाए जा रहे मरीजों की सुध लेने वाला कोई नहीं है। मरीजों को चार-चार दिन बीत जाने के बाद भी अस्पतालों तक नहीं ले जाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की गरीब जनता हर मोर्चे पर संघर्ष कर रही है उनके पास सरकार के मंत्रियों की तरह घरों में पांच-सात कमरे नहीं है कि वे खुद को क्वारंटाइन कर लें। हालात ऐसे हैं कि लोग बेहद भयभीत हैं। सांसद सोनी ने कहा कि मैं मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से हाथ जोड़कर प्रार्थना करता हूं कि पीड़ित लोगों की सुध लें।

सुनील सोनी ने कहा कि प्रदेश सरकार लगातार कोरोना को लेकर बड़े बड़े दावे करती रही है। 20 हजार मरीजों को रखने की तैयारी का दावा करने वाली सरकार ने बीते महीनों में कैसी व्यवस्था बनाई, क्या तैयारियां की है जो आज 1200 मरीज सामने आने पर हाथ खड़े कर प्राइवेट अस्पताल का मुंह ताकना पड़ रहा है। आम जनता पर निजी अस्पताल में इलाज के खर्च का बोझ डालने की स्तिथि आ गयी है। सरकार को अपनी जिम्मेदारियों से भागना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि कल्पना कर के ही डर लगता है कि यदि प्रदेश में एम्स न होता तो क्या स्थिति होती क्योंकि यदि एम्स की सेवा को हटा दें तो प्रदेश सरकार ने सात सौ मरीजों को भी नहीं रखा होगा।

सांसद सुनील सोनी ने कहा कि प्रदेश सरकार की गंभीरता और संवेदनशीलता का अंदाजा इसी बात से सहज ही लगाया जा सकता है कि प्रदेश में लोगों का सैम्पल लेने के बाद कई-कई दिनों तक रिपोर्ट नहीं दी जा रही है, जिसका ताजा उदाहरण अभी बलौदाबाजार और भाटापारा में देखने मिला लोग रिपोर्ट के इंतजार में परेशान है, भय का वातावरण निर्मित हो रहा है। उन्होंने कहा कि यदि प्राइवेट हॉस्पीटल को अनुमति दी गई है, तो वहां टेस्ट की संख्या बढ़ाने की दिशा में सरकार को काम करना चाहिए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पीएम केयर्स फंड में आई राशि से करोड़ों रुपए राज्य सरकार को दिए हैं। उस पैसे से मरीजों के इलाज की व्यवस्था सरकार को करनी चाहिए। सांसद सुनील सोनी ने कहा कि आज हमारी मजबूरी है कि हम धरना-प्रदर्शन, आंदोलन नहीं कर सकते। सरकार मजबूरी का फायदा उठा रही है। सरकार जनता की सुध ले गंभीरता दिखाए। उन्होंने कहा कि सांसद बनने के बाद से आज तक कभी इतना दुखी नहीं हुआ, पर लोगों की तकलीफ देखकर मन बेहद दुखी है।

26-07-2020
चिटफंड कंपनियों के मुद्दे पर नागरिक अधिकार समिति करेगी आंदोलन

रायपुर। प्रदेश में चिटफंड कंपनियों के फर्जीवाड़े के खिलाफ निवेशकों के हित में कार्यरत संगठन छग नागरिक अधिकार समिति ने प्रदेश सरकार से जन घोषणापत्र के अनुरूप समस्त निवेशकों का भुगतान किये जाने की मांग की है। रविवार को गूगल मीट के माध्यम से हुई ऑनलाइन बैठक को संबोधित करते हुए समिति के प्रदेश अध्यक्ष शुभम साहू ने चेतावनी दी है कि इस मुद्दे की अनदेखी पुनः एक बड़े आंदोलन का आधार तैयार कर रही है। राजनांदगांव जिले में यालको कंपनी के निवेशकों के भुगतान प्रक्रिया के अंतिम चरण में पहुँचने का स्वागत करते हुए समिति ने इस कार्य मे संलग्न जिला एवं पुलिस प्रशासन के कर्तव्यनिष्ठ अधिकारियों का सम्मान करने का निर्णय भी लिया है। बैठक में उपस्थित अनेक अभिकर्ताओं ने इस बात पर रोष व्यक्त किया कि प्रदेश सरकार द्वारा अभिकर्ताओं को क्लीन चिट दिये जाने के बावजूद अनेक थानों में अब भी उनके खिलाफ प्रकरण दर्ज कर उन्हें परेशान किया जा रहा है।

थाना स्तर पर एजेंटों को प्रताड़ित किये जाने के विरोध में थानावार सूची बनाकर प्रदेश के गृहमंत्री को ज्ञापन सौंपा जाएगा।इसके साथ ही अभिकर्ताओं के खिलाफ दर्ज मुकदमों को वापस लिए जाने की घोषणा पर अब तक अमल न किये जाने के खिलाफ भी आक्रोश व्यक्त किया गया। बैठक के पश्चात जारी विज्ञप्ति में शुभम साहू ने दोहराया है कि प्रदेश के 20 लाख निवेशकों को तत्काल भुगतान करने के लिए अतिशीघ्र विशेष कोष का गठन किया जाए। इसके अलावा जिला स्तर पर गठित विशेष न्यायालयों की कार्यवाही तेज करने इनमें पूर्णकालिक मजिस्ट्रेट की नियुक्ति हो। फरार संचालकों की गिरफ्तारी एवं संपत्ति जब्ती तथा नीलामी का कार्य आगे भी तेजी से आगे बढ़ाया जाये।विशेषकर कोरोना काल मे लगातार ज़ारी लॉक डाउन के चलते आम निवेशकों की आर्थिक स्थिति खराब है और ऐसे समय उनकी डूबी रकम का भुगतान उन्हें बहुत राहत दिला सकता है। बैठक में इन मांगों पर मुख्यमंत्री के नाम जारी पोस्टकार्ड अभियान को और जोर शोर से आगे बढ़ाये जाने का निर्णय लिया गया। बैठक ने राज्य शासन से मांग की है कि निक्षेपकों का हित अधिनियम के प्रावधानों को पूरी कड़ाई से लागू किया जाये। बैठक में प्रीतिश तिवारी, गोपी निषाद, रमेश साहू, भुवनेश्वर धीवार, काशीराम यादव, सरोज श्रीवास, गीता विश्वकर्मा, राज देव, मोहन तंबोली,लारेंग साहू, कुणाल साहू, विनय लहरे, जितेंद साहू, रतनलाल निर्मलकर, दुर्गेश साहू, विविध्दास मानिकपुरी, आरके धीवार, चंद्रकुमार ध्रुव, जितेंद्र साहू, कन्हैया पटेल, लोचन साहू सहित सैकड़ों निवेशक व अभिकर्ता उपस्थित थे।

 

17-07-2020
ग्राम पंचायत दोंदरो में सालों से नहीं बनी पक्की सड़क, ग्रामीणों ने दी आंदोलन की चेतावनी

कोरबा। विकासखंड के कुछ गांव आज भी विकास कार्यों से मोहताज है। यहां के ग्रामीण सड़क, बिजली, पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं से वंचित है। ग्राम पंचायत दोंदरो वार्ड नंबर 9 में सड़क को लेकर यह ग्रामीणों में आक्रोश देखने को मिला। ग्रामीणों का कहना है कि लगभग 20 सालों से सड़क निर्माण का कार्य नहीं कराया गया हैं। ग्रामीणों को अपनी समस्याओं के निराकरण को लेकर विरोध प्रदर्शन सहित आंदोलन पर विवश होना पड़ रहा है। पंचायत दोंदरो मार्ग आजादी के बाद से आज तक पक्की सड़क नहीं बनी है। इससे ग्रामीणों साल के 12 महीने कच्चें एवं उबड़ खाबड़ से आवागमन करना पड़ता है। बारिश के दिनों में तो कच्ची सड़क पर कीचड़ में तब्दील हो जाती है।

इससे ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है। दोंदरो के वार्ड नंबर 9 के मौजूद ग्रामीण अमित कुमार सिंह कंवर, लाल बहादुर साहू, बोट राम, निर्मला, रमशिला, ग्रामीण ननांकु पटेल का कहना है कि बारिश में पैदल चलना दूभर हो जाता है। ग्रामीणों ने बताया कि उनके द्वारा पिछले कई वर्षो से सरपंच एवं सचिव से सड़क के निर्माण करने की कई बार मांग की गई हैं। लेकिन आज तक सड़क नहीं बन सकी है। बारिश के दिनों मेें ग्रामीणों की समस्या और भी बढ़ जाती है। सड़क पर कीचड़ होने से वाहन चलाना तो दूर पैदल निकलना मुश्किल हो जाता है। सरपंच पति बंधन सिंह कंवर ने दोंदरो के वार्ड नंबर 9 के ग्रामीणों को आश्वासन देते हुए कहा गया है की हमारे द्वारा वार्ड नंबर 9 का सीसी रोड को लेकर प्रस्ताव दिया गया था लेकिन कोरबा जनपद ऑपरेटर द्वारा गड़बड़ी कर पुलिया निर्माण का प्रस्ताव पास किया गया है। इसके चलते अब तक रोड के निर्माण नहीं हो पाया।

17-07-2020
सड़क के लिए सड़क पर आंदोलन, जनसंगठन ने किया चक्काजाम, लगभग 3 घंटे तक थमे रहे वाहनों के पहिए

कोरबा। बद से बदतर हो चुके कटघोरा-कोरबा मार्ग के मरम्मत व सुधार के लिए उपनगरीय क्षेत्र दर्री में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हुए। सड़कों पर लगातार हो रही दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से जन संगठन ने जैलगांव चौक पर चक्काजाम आंदोलन किया। जन संगठन के संयोजक विशाल केलकर की अगुवाई में यह चक्का जाम हुआ।शांतिपूर्ण तरीके से यह चक्का जाम लगभग 3 घंटे तक जारी रहा। वहीं सुरक्षा के दृष्टिकोण से दर्री थाना प्रभारी विजय चेलक, कुसमुंडा प्रभारी एस.आर सोनवानी सहित अन्य थाना प्रभारियों के अलावा बड़ी संख्या में पुलिस बल की तैनाती भी की गई। प्रशासन की ओर से नायाब तहसीलदार रवि राठौर और नगर निगम से बतौर प्रतिनिधि दर्री जोन प्रभारी सरकार उपस्थित रहे। जहां समस्त आंदोलनकारियों के समक्ष प्रशासन के प्रतिनिधियों ने 24 घंटे के भीतर ही सड़क सुधार का कार्य आरंभ होने की बात कही।

इस दौरान 2 लेन सड़क की चौड़ाई बराबर इस सड़क की मरम्मत और स्ट्रीट लाइट सुचारू रुप से जलने की मांग रखी गई जिस पर निगम जोन प्रभारी ने जल्द ही एलईडी लाइट लगाने का भरोसा भी जताया।जन संगठन के आंदोलन के फल स्वरुप प्रशासन द्वारा नवीन टू लेन सड़क बनाने की निविदा सितंबर माह तक जारी किये जाने की बात कही, तब तक सड़क की अच्छे से मरम्मत कर सुगम आवागमन के लिए तैयार किया जाएगा। अंत में नायब तहसीलदार कटघोरा रवि राठौर को ज्ञापन सौंपा गया। चक्काजाम में जनसंगठन के संयोजक विशाल केलकर,अमित उपाध्याय, अमिताभ श्रीवास्तव, विकास अग्रवाल, अनिल द्विवेदी,मो.इब्राहिम खान, मनीष राजवाड़े सहित अन्य उपस्थित रहे।

13-07-2020
प्रताड़ना के खिलाफ भाजपा आंदोलन छेड़ सरकार को सत्ता से बेदखल करने तक संघर्ष जारी रखेगी : संजय श्रीवास्तव

रायपुर। भारतीय जनता पार्टी ने महासमुंद में भाजपा किसान मोर्चा के मंडल महामंत्री के परिजनों के साथ पुलिस द्वारा गाली-गलौज, मारपीट की घटना के मद्देनजर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है। संजय श्रीवास्तव ने पुलिस तंत्र को इस्तेमाल कर भाजपा कार्यकर्ताओं को प्रताड़ित करने का आरोप भी राज्य की कांग्रेस सरकार पर लगाया है। श्रीवास्तव ने कहा कि प्रदेश सरकार अपने खिलाफ उठ रहे विरोध के स्वर को दबाने के लिए ठीक उसी तरह का आतंकराज चला रही है जैसा राज्य गठन के तत्काल बाद के कांग्रेस शासनकाल (सन 2000-2003) में चलाकर भाजपा कार्यकर्ताओं को मारा-पीटा और तरह-तरह से प्रताड़ित किया जाता था।

श्रीवास्तव ने कहा कि जब से प्रदेश में कांग्रेस की सरकार सत्ता में आई है, भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं को राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से काम करके प्रताड़ित करने में लगी है। यह बेहद शर्मनाक है कि छत्तीसगढ़ पुलिस अब घर में बलात घुसकर किसान मोर्चा के साथियों को लाठी से पीटने लगी है। महासंमुद के तुमगांव में किसान मोर्चा के सिपाही भूषण साहू की गैर मौजूदगी में पुलिस ने बिना किसी शिकायत और वजह के उनके घर धमकाने जाकर उनकी गैर मौजूदगी में अश्लील गाली-गलौज की और फिर झूठ गढ़कर उनके नाबालिग पुत्र को जानवरों-सा सलूक कर लाठी से पीटा। श्रीवास्तव ने चेतावनी दी कि अगर प्रदेश सरकार फिर वही गलती दुहराने पर आमादा है तो भाजपा कार्यकर्ता भी ऐसी अत्याचारी सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए कटिबद्ध है और तब कांग्रेस कई दशकों तक सत्ता के गलियारे में नजर तक नहीं आ पाएगी।

04-07-2020
कांग्रेस पार्टी को मजबूत करने के लिए कुछ बदलाव जरूरी हैं : चंद्रशेखर शर्मा

रायपुर। काँग्रेस पार्टी की स्थिति पर लगातार नजर बनाए रखने वाले कांग्रेस चिंतक और समाजसेवी रायपुर निवासी चंद्रशेखर शर्मा ने काँग्रेस पार्टी की मौजूदा स्थिति को देखते हुए मीडिया के माध्यम से अपने निजी विचार रखते हुए कहा है कि, आंदोलन से निकली हुई पार्टी को अपने मूलभूत सिद्धांतों को ध्यान में रखते हुए केंद्र की मौजूदा मोदी सरकार की गलत नीतियों के खिलाफ अभियान शुरू करते हुए अब जन आंदोलन और जेल भरो आंदोलन करने की अत्यधिक आवश्यकता है। काँग्रेस पार्टी को अपने अभियान को सफल बनाने के लिए सर्वप्रथम संगठन में अमूलचूल परिवर्तन करने की अत्यधिक आवश्यकता है,जिसके तहत राष्ट्रीय और प्रदेश स्तर पर अनुभव और जोश का समीकरण बनाने की जरूरत है। आज सर्वाधिक आवश्यकता है, कि काँग्रेस पार्टी की कमान युवा वर्ग के हाथ में हो इसके साथ ही अनुभव और मार्गदर्शन का भी समावेश हो।

चंद्रशेखर शर्मा ने कहा कि काँग्रेस पार्टी में गांधी परिवार एक मजबूत धागे का काम करता है जिसने तमाम काँग्रेस जनों और काँग्रेसी विचारधारा वाले लोगों को एक साथ पिरोकर रखा है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए राहुल गांधी को काँग्रेस अध्यक्ष बनाते हुए राष्ट्रीय और प्रदेश स्तर पर ज्यादा से ज्यादा युवाओं को संगठन में शामिल किया जाना चाहिए। इसके साथ ही काँग्रेस पार्टी को इस युवा वर्ग को मार्गदर्शन देने के लिए एक मार्गदर्शक मंडल का गठन करना चाहिए जिसमें काँग्रेस अध्यक्षा सोनिया गांधी, भारत के पूर्व प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह, पी. चिदंबरम, एके एंटनी जैसे और भी अनुभवी लोगों समूचे देश से चुनाव करके शामिल करना चाहिए। इसी प्रकार प्रदेश, जिला और ब्लॉक स्तर पर भी संगठन में अनुभव और जोश का समीकरण बनाने की जरूरत है। काँग्रेस पार्टी को ऐसे लोगों को संगठित करने की अत्यधिक आवश्यकता है जो कि पार्टी के नाम का उपयोग अपने निजी स्वार्थ के बजाय जनसेवा के करें। संगठन में शामिल किए जाने वाले सभी लोगों की कार्यकुशलता का विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए न कि किसी नेता की सिफारिश पर।

Advertise, Call Now - +91 76111 07804