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25-05-2020
झीरम घाटी शहीद स्मारक पर शहीदों को दी गई श्रद्धांजलि

जगदलपुर। झीरम घाटी में नक्सलियों ने कांग्रेस नेताओं और उनकी सुरक्षा में तैनात जवानों पर हमला कर उन्हें मौत के घाट उतार दिया था। इस नक्सल हमले में छत्तीसगढ़ कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं को अपनी जान गंवानी पड़ी थी। उन्हीं की याद में भूपेश बघेल ने 25 मई को प्रतिवर्ष झीरम श्रद्धांजलि दिवस मनाए जाने का निर्णय लिया है। इस झीरम श्रद्धांजलि दिवस में बस्तर सांसद दीपक बैज, वरिष्ठ कांग्रेसी मलकीत सिंह, कांग्रेस जिला अध्यक्ष बलराम मौर्य, सांसद प्रतिनिधि सुशील मौर्य, सहदेव नाग, आशीष मिश्रा, कमल झहज, अनुराग महतो, अभिषेक डेविड, शाहनवाज खान, सुरेंद्र सिंह, जितेंद्र चौहान, सुनील यादव उपस्थित हुए और झीरम हमले में शाहिद हुए कांग्रेस नेताओं को श्रद्धांजलि अर्पित की।

24-05-2020
छापामार कार्रवाई में पुलिस ने होटल में 12 जुआरियों को रंगेहाथ पकड़ा, बरामद की राशि

जगदलपुर। शहर स्थित एक होटल में रविवार को पुलिस ने छापामार कार्रवाई करते हुए जुआरियों को पकड़ा है। दरअसल  पुलिस को मुखबिर की सूचना से सूचना मिली की शहर की एक होटल में कुछ जुआरी ताश के पत्तों से जुआ खेल रहे हैं। सूचना पर नगर पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में थाना कोतवाली की टीम ने होटल में छापामार मारा। इसमें 12 जुआरी ताश के पत्तों के साथ पैसे का दाव लगाकर जुआ खेलते हुए रंगे हाथ पकड़े गए। जुआरियों से 203160 रुपए भी मौके पर बरामद किए गए। आरोपियों के विरुद्ध थाना कोतवाली जगदलपुर में विभिन्न धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध किया। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।

 

24-05-2020
अचानक मिले कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम और सांसद दीपक बैज, जमकर लुफ्त उठाया बस्तरिया पेज का

जगदलपुर। बस्तर सांसद दीपक बैज और मलकीत सिंह गैदु रायपुर से जगदलपुर की वापसी कर रहे थे। इसी दौरान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मोहन मरकाम और दीपक बैज की मुलाकात अचानक चारामा घाटी में हुई। एक-दूसरे का हालचाल जानने के बाद मोहन मरकाम ने सांसद दीपक बैज को अपने घर से बनी हुई बस्तरिया पेज पिलाई। दोनों नेताओं के बीच कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण पर भी चर्चा हुई। दोनों दिग्गज भले ही राजनीति के बड़े पद पर बैठे हो लेकिन बस्तर की मिट्टी से इनका लगाव आज भी उतना ही है।

23-05-2020
बोधघाट परियोजना के प्री-फिजिबिलिटी रिपोर्ट को केंद्रीय जल आयोग ने किया मान्य

रायपुर। राज्य की महत्वाकांक्षी सिंचाई परियोजनाओं में से एक बोधघाट बहुउद्देशीय सिंचाई परियोजना के कार्य को आगे बढ़ाने के लिए अंततः केंद्रीय जल आयोग ने अपनी सैद्धांतिक सहमति दे दी है। 40 वर्षों से लंबित इस परियोजना को मूर्त रूप प्रदान करने के लिए मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल एवं जल संसाधन मंत्री रविंद्र चौबे लगातार प्रयासरत थे। इसी का परिणाम है कि बोधघाट परियोजना के प्री फिजिबिलिटी रिपोर्ट (प्रारंभिक साध्यता प्रतिवेदन )को भारत सरकार के केंद्रीय जल आयोग ने अपनी सैद्धांतिक सहमति दे दी है। अब इस परियोजना के सर्वेक्षण एवं विस्तृत प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर )तैयार करने का काम तेजी से कराया जा सकेगा। यहां यह उल्लेखनीय है कि बीते दिनों मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत से बोधघाट परियोजना के संबंध में विस्तार से चर्चा की थी और इस परियोजना की महत्ता के बारे में विस्तार से बताया था। जल संसाधन मंत्री रविंद्र चौबे ने केंद्रीय मंत्री जल संसाधन मंत्री शेखावत से छत्तीसगढ़ शासन द्वारा प्रेषित प्री-फिजिबिलिटी रिपोर्ट पर सहमति देने का आग्रह किया था। मंत्री चौबे ने बताया कि बोधघाट परियोजना की प्री फिजिबिलिटी रिपोर्ट 2 अप्रैल 2020 को केंद्रीय जल आयोग को भेजी गई थी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप छत्तीसगढ़ जल संसाधन विभाग द्वारा इस परियोजना के सर्वेक्षण अनुसंधान और डीपीआर तैयार कराए जाने को लेकर भी अपने स्तर से प्रयास शुरू कर दिया गया था ताकि भारत सरकार से मंजूरी मिलते ही इस काम को अविलंब आगे बढ़ाया जा सके।

मंत्री चौबे ने बताया कि बोधघाट बहुद्देश्यीय सिंचाई परियोजना इंद्रावती नदी पर प्रस्तावित है। यह दंतेवाड़ा जिले के विकासखंड गीदम के ग्राम बारसुर से लगभग 8 किलोमीटर और जगदलपुर जिला मुख्यालय से 100 किलोमीटर की दूरी पर है। इस परियोजना की कुल लागत 22 हजार 653 करोड़ रुपए है। इससे लगभग 3 लाख 66 हजार 580 हेक्टेयर में सिंचाई तथा लगभग 300 मेगावाट विद्युत उत्पादन किया जाना प्रस्तावित है। बोधघाट परियोजना से बस्तर संभाग के दंतेवाड़ा, सुकमा और बीजापुर जिले में सिंचाई होगी। जल संसाधन मंत्री रविंद्र चौबे ने कहा कि आगामी 8-9 माह के भीतर बोधघाट परियोजना का सर्वेक्षण अनुसंधान एवं डीपीआर तैयार कर निर्माण कार्य को आगे बढ़ाने का प्रयास होगा। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने फरवरी-मार्च 2019-20 के बजट सत्र में विधान सभा मे बोधघाट सिंचाई परियोजना के निर्माण कार्य को हाथ में लिए जाने की घोषणा की थी। यह परियोजना जल संसाधन विभाग के वर्ष 2020-21 के बजट में भी शामिल है। मंत्री चौबे ने बताया कि पूर्व में इस परियोजना में दंतेवाड़ा और बीजापुर जिले में खरीफ, रबी और ग्रीष्मकालीन फसलों के लिए कुल 2 लाख 66 हजार 580 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई प्रस्तावित थी, किंतु जल की उपलब्धता को देखते हुए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस परियोजना के माध्यम से सुकमा जिले को भी सिंचाई हेतु जलापूर्ति के निर्देश दिए थे। मुख्यमंत्री के निर्देश के परिपालन में जल संसाधन विभाग छत्तीसगढ़ शासन द्वारा सुकमा जिले को भी खरीफ, रबी तथा ग्रीष्मकालीन फसलों के लिए कुल एक लाख हेक्टेयर में सिंचाई हेतु जल आपूर्ति को परियोजना में शामिल किया गया है। इस प्रकार तीनों जिलों में 3 लाख 66 हजार 580 हेक्टेयर में वार्षिक सिंचाई सुविधा प्रदान किया जाना प्रस्तावित है। मंत्री चौबे ने कहा कि बोधघाट बहुद्देशीय सिचाई परियोजना बस्तर संभाग और राज्य के विकास में मील का पत्थर साबित होगी।

22-05-2020
31 मई को अंतर्राष्ट्रीय धूम्रपान निषेध दिवस, होंगे जागरूकता कार्यक्रम

रायपुर/जगदलपुर। धूम्रपान से होने वाले दुष्परिणामों के प्रति समाज में जन चेतना विकसित करने 31 मई को अन्तर्राष्ट्रीय धूम्रपान निषेध दिवस मनाया जाता है। इससे जन सामान्य में धूम्रपान और तम्बाकू सेवन करने की प्रवृत्ति की रोकथाम हो सके। तम्बाकू या तम्बाकू से निर्मित विभिन्न उत्पादों के सेवन से सभी वर्गो में गंभीर व्यधियां होती है, जो सभी के लिए चिंता का विषय है। इस प्रवृत्ति के विरूद्ध व्यापक जन चेतना विकसित करने संचालनालय समाज कल्याण विभाग के निर्देशानुसार जिला प्रशासन ने तम्बाकू सेवन के दुष्प्रभाव पर चर्चा व उसके दुष्प्रभाव की जानकारी समुदाय में प्रचारित करना, समुदाय के सहयोग से नशामुक्त रैली और आकाशवाणी एवं दूरदर्शन से विषयांतर्गत प्रेरक नाटक, गीत, परिचर्चा आदि का जनहित में निशुल्क प्रसारण एवं संभव योगाचार्यों के मार्गदर्शन में योगाभ्यास का प्रदर्शन और इससे होने वाले लाभ पर व्याख्यान कार्यक्रम करने का निर्देश दिए है। उक्त कार्यक्रमों के लिए सभी विभागों, जन सामान्य, पत्रकारों, स्वैच्छिक संस्थाओं, प्रतिष्ठित नागरिकों और जन प्रतिनिधियों को सहयोग लेकर कार्यक्रम  किए जाएंगे। कार्यक्रमों कोविड-19 वायरस के संक्रमण की रोकथाम एवं नियंत्रण के लिए भारत सरकार एवं छत्तीगढ़ शासन स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी दिशा निर्देशों का पालन करते हुए किया जाएगा।

 

21-05-2020
सुंड़ीपारा नियानार से परपा को जोड़ेगी सड़क, 147 लाख की लागत से होगा निर्माण

जगदलपुर। सुंड़ीपारा नियानार से परपा को जोड़ने वाली सड़क के निर्माण के लिए विधायक रेखचन्द जैन ने तूशेल प्रवेश मार्ग में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजा अर्चना किया और श्रीफल फोड़ कर तथा कुदालु फावड़ा चलाकर इसका विधिवत शिलान्यास किया। विगत कई वर्षों से जर्जर सड़क की आवाज बुलंद करने वाले ग्रामीणों की बहु प्रतीक्षित मांग को विधायक रेखचंद जैन ने पूरा किया यह कहना है तुसेल ग्राम पंचायत के सरपंच लखमु का। इस दौरान शहर अध्यक्ष राजीव शर्मा, जनपद निर्माण समिति अध्यक्ष नीलू राम बघेल, जनपद सदस्य जीशान कुरैशी, कनकई राई, पीडब्ल्यूडी एसडीओ बत्रा, सरपंचगण सरगीपाल चंपा नाग, नियानार चम्पा कश्यप, सुरेंद्र त्रिपाठी, सुनील कुमार व ग्रामीण जन उपस्थित थे। सुंडीपारा नियानार से परपा सड़क मार्ग की अनुमानित कीमत 147 लाख रुपए है।

 

20-05-2020
रैपिड टेस्ट किट में युवक मिला संक्रमित,रिपोर्ट के लिए सैंपल को भेजा गया जगदलपुर, डॉक्टर ने कहा कोरोना के लक्षण नहीं  

बीजापुर। रैपिड टेस्ट किट की जांच में एक युवक की रिपोर्ट कोरोना संक्रमित आई है। आरटीपीसीआर टेस्ट के लिए युवक का सैम्पल लेकर जगदलपुर मेडिकल कॉलेज भेजा गया है। मिली जानकारी के अनुसार युवक तेंदूपत्ता संग्रहण के लिए हैदराबाद से आया हुआ था। युवक के संपर्क में आए तीन और मज़दूरों को आइसोलेट किया गया।रैपिड टेस्ट कुटरू के करकेली में किया गया। कुटरू में पदस्थ डॉ. देवेंद्र मोरला ने जानकारी देते बताया युवक में कोरोना के लक्षण नहीं दिख रहे हैं।

18-05-2020
नगरनार में स्थित एनएमडीसी प्लांट के यार्ड में रखे सामानों में लगी आग, चारों तरफ मची अफरा-तफरी

जगदलपुर। नगरनार स्थित एनएमडीसी प्लांट के यार्ड में रखे मशीनरी समान में अचानक आग लग गया, जिसके बाद प्लांट में अफरा-तफरी फैल गई। घटना की जानकारी लगते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुँच आग पर काबू पाया गया। आग लगने के बाद निकलने वाला धुंआ दूर तक दिखाई दे रहा था। मामले के बारे जानकारी देते हुए बताया गया कि एनएमडीसी प्लांट में संचालित होने वाले साफुर जी कंपनी का सामान आया हुआ था, जिसे क्वाइट स्टोरेज के यार्ड में रखा हुआ था कि अचानक अज्ञात कारणों से वहां आग लग गया। बताया जा रहा है कि इन सामानों को लकड़ी के वुड में लाया गया था, आग के कारणों का पता नहीं लग पाया है लेकिन बड़ा नुकसान होने की बात सामने आई है। नगरनार थाना प्रभारी शिवशंकर गेंदले का कहना है कि आग पर काबू पा लिया गया है, कर्मचारियों का कहना है कि घटना के दौरान आग तेजी से फैला था, जिसे समय रहते बुझा दिया गया था।

16-05-2020
भूपेश बघेल ने गौठानों में लघु वनोपजों के 50 लाख पौधों का रोपण करने दिया लक्ष्य

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शनिवार को वन विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान प्रदेश में बनाए जा रहे गौठानों में अभियान चलाकर जुलाई माह में लघु वनोपजों के 50 लाख पौधों का रोपण करने कहा है। उन्होंने वृक्षारोपण के तहत रोपित पौधों की सुरक्षा के लिए प्रदेश में स्व-सहायता समूहों के बांस ट्री गार्ड के निर्माण की प्रशंसा की और इसे बढ़ावा देने के लिए आवश्यक निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने आवर्ती चराई योजना के तहत वन क्षेत्रों में पशुओं के लिए चारागाह घेरने, शेड निर्माण और वहां वर्मी कम्पोस्ट उत्पादन के साथ-साथ देशी मुर्गी पालन और बतख और सूकर पालन जैसे गतिविधियों को बढ़ावा देने के निर्देश दिए।

राज्य में चालू वर्ष में रायपुर से जगदलपुर तक 300 किलोमीटर के राष्ट्रीय राजमार्ग में दोनों ओर वृक्षारोपण किया जाएगा। साथ ही प्रदेश में 1300 किलोमीटर लंबाई के राम वन गमन पथ के 75 विभिन्न स्थलों में आम, बरगद, पीपल, नीम तथा आंवला आदि फलदार प्रजाति के पौधों का रोपण किया जाएगा। वन मंत्री मो.अकबर ने बैठक में बताया कि इस वर्ष तेंदूपत्ता तोड़ाई के पारिश्रमिक का भुगतान सीधे हितग्राहियों के खाते में करने का निर्णय लिया गया है। प्रदेश में चालू वर्ष के दौरान तेंदूपत्ता संग्रहण से 12 लाख 53 हजार परिवारों को लगभग 649 करोड़ रुपए का पारिश्रमिक मिलेगा। प्रदेश के सभी जिलों में होने वाली वनोपजों की जानकारी से संबंधित डाटा एकत्र करने के लिए सर्वे कराया जा रहा है अगले तीन से 4 वर्षों में लघु वनोपजों की आनलाइन खरीदी की व्यवस्था तैयार करने का प्रयास किया जा रहा है।

कोविड-19 लॉक डाउन के दौरान वन विभाग की ओर से अब तक 80 करोड़ रुपए के विकास कार्यों के माध्यम से जरुरतमंदों को तत्परता पूर्वक रोजगार उपलब्ध कराया गया है। इसी तरह देश में सर्वाधिक 26 करोड़ रूपए की राशि के लघु वनोपजों का संग्रहण कर बड़ी तादाद में लाभ दिलाया गया है। राज्य में अब तक लगभग 165 करोड़ रुपए की राशि के 4 लाख 11 हजार 222 मानक बोरा तेन्दूपत्ता का संर्ग्रहण हो चुका है। इसके माध्यम से लोगों को रोजगार के साथ-साथ आय का लाभ मिल रहा है। इसी तरह वनों में अग्नि दुर्घटनाओं को रोकने के लिए वन विभाग अंतर्गत कुल 3 हजार 506 बीटों में अग्नि रक्षक लगाकर रोजगार उपलब्ध कराया गया। इसके अलावा 241 नर्सरियों में पौधा तैयार करने और संयुक्त वन प्रबंधक के अंतर्गत वर्मी कम्पोस्ट, मशरूम उत्पादन, मछली पालन, तालाब गहरीकरण, बांस ट्री गार्ड निर्माण, लाख चूड़ी उत्पादन और भू-जल संरक्षण कार्य तथा नरवा विकास कार्यों के माध्यम से काफी तादाद में लोगों को रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है। बस्तर में इमली की प्रोसेसिंग के माध्यम से लगभग 12 हजार महिलाएं जुड़ी हैं। इन्हें हर माह ढाई हजार से 3 हजार रुपए की आय हो रही है। चिरौंजी, रंगीली लाख, कुसमी लाख, शहद, महुआ बीज संग्रहण और प्रोसेसिंग के माध्यम से 8580 महिलाओं को काम मिला है। जशपुर में महुआ से सेनेटाइजर बनाया जा रहा है।

15-05-2020
ट्रक और टैंकर में भिड़ंत, दो की मौके पर मौत, तीन घायल

कोंडागांव। राष्ट्रीय राजमार्ग 30 पर चिखलपुटी के समीप भारत पेट्रोलियम के टैंकर व एक ट्रक की आमने सामने भिडंत हो गई। इसमें स्थल पर ही दो लोगों की मौत हो गई। जगदलपुर की ओर से आ रही टैंकर क्र. सीजी 04 जेबी 3661 के चालक व कंडक्टर की इस हादसे में मौत हुई है। वही राजधानी रायपुर की ओर से जगदलपुर की ओर जा रही ट्रक क्र. सीजी 18 एफ 0586 में सवार तीन लोग घायल हो गये। इन्हें उपचार के लिए जिला हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। वही टैंकर में फंसे शव को क्रेन से निकालने का प्रयास जारी है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दुर्घटना में घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। डीएसपी निकिता मिश्रा तिवारी ने बताया कि बीच सड़क एक मवेशी आ जाने के चलते आमने- सामने से आ रहे दोनों वाहन चालक गाड़ी पर नियंत्रण नहीं रख पाए और दुर्घटना हो गई।

15-05-2020
लॉक डाउन में बिहान बना महिला समूह का आर्थिक सहारा, 3.63 करोड़ से अधिक राशि का हुआ भुगतान

रायपुर/जगदलपुर। लाॅक डाउन के समय काम काज बंद होने से बस्तर जिले के ग्रामीणों की ओर से जंगल और घरों की बाडी मे जहां लघु वनोेपज प्रर्याप्त मात्रा मे पाए जाते हैं। यही संग्रहित किए वनोपज से ग्रामीण परिवारों के आर्थिक स्थिति सुधारने में सहायक बना हुआ है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ’बिहान’ से बनाए गए महिला स्व सहायता समूह और एन.आर.एल.एम के समन्वय के 151 समूह आर्थिक गतिविधियों में संलग्न होकर जिले के विकास में सहयोग कर रहे हैं। सक्रिय समूह ने 10 वनधन विकास केन्द्र, 38 हाट बाजार खरीदी केन्द्र, 103 ग्राम पंचायत स्तर पर खरीदी केन्द्र से अब तक 10 हजार 267 क्विंटल वनोपज की खरीदी की है जिसकी कुल 3 करोड़ 63 लाख 66 हजार 816 रुपए का भुगतान समूह के माध्यम से प्रदाय किए। इससे गांव के वनोपज संग्रहित परिवारों को नगद राशि प्राप्त हुआ। प्राप्त यह राशि उनकी आजीविका का एक अहम हिस्सा बन गया है। समूह के माध्यम से वनोपज खरीदी की पहल की जाने से गांव मे ही वनोपज आसानी से खरीदी की जा रही है वर्तमान में निम्न वनोपज की खरीदी की जा रही है।

जैसे ईमली, चरौटा, हर्रा, बेहरा, कालमेघ, वनतुलसी, साल बीज, धवई फल, वनजीरा, गिलोय, भेलवां खरीदी की गई हैं। लाॅक डाउन के समय समूह के की ओर से उत्पादित सब्जी और अन्य उत्पाद को गांव में बेचने में समस्या आ रही थी लेकिन भूमगादी कंपनी से जुडे समूह परिवारों को अपने उत्पाद को बेचने में आसानी हुई जिसके कारण से सही समय में उनको राशि प्राप्त होने से उनकी आर्थिक स्थिति में और आजीविका में वृद्धि हुई। इससे समूह के लोग इसके लिए प्रशासन का आभार व्यक्त करते हैं। महिला कृषक उत्पादक कंपनी के माध्यम से जगदलपुर जिले मे लोगों के मांग अनुसार आवश्यक खाद्य सामाग्री जैसे- सब्जी, चावंल, दाल, तेल, बडी, पापड, आचार हल्दी मशाला का घर तक पहुंच सेवाएं दे रही है, जिससे शहर के लोगों को राहत मिल रही हैं।

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