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05-07-2020
रायपुर की सुंदरता और जनउपयोग के निर्माण को किया जा रहा नष्ट, प्रशासन व अधिकारी हुए बेलगाम : बृजमोहन अग्रवाल

रायपुर। विधायक बृजमोहन अग्रवाल ने रात के अंधेरे में तीरथगढ़ जलप्रपात की प्रतिकृति व गौरव वाटिका को तोड़े जाने की निंदा की है। बृजमोहन ने कहा कि यह सरकार कोई काम तो नहीं कर पा रही है पर शहर के विकास व जनता के उपयोग के लिए हुए निर्माण को क्रमश: बर्बाद कर रही है। उन्होंने शहर के मध्य स्थित शांतिनगर सिंचाई कॉलोनी को तोड़कर उसके व्यावसायिक उपयोग के निर्णय पर प्रश्न चिन्ह खड़ा किया है। उन्होंने कहा कि जिस हाउसिंग बोर्ड को यह जमीन देकर बेचने का प्रयास हो रहा है वही हाऊसिंग बोर्ड रायपुर शहर में अपनी बनाई हुई 10 हजार से अधिक मकान को नहीं बेच पायी है।

अग्रवाल ने कहा कि शांतिनगर योजना के व्यावसायिक उपयोग का अभी लेआउट नहीं बना है, कार्य योजना सामने नहीं आई है, कोई बजट, टेंडर नहीं, वहाँ पर रह रहे 383 परिवार (शासकीय कर्मचारियों) को कहीं व्यवस्थापन के तहत रहने आवास नहीं, उनकी कोई योजना नहीं परन्तु प्रशासन बलपूर्वक रात के अंधेरे में तोड़फोड़ कर रहा है। गौरव पथ पर बनाए गए तीरगढ़ जलप्रपात की प्रतिकृति (झरने) और गार्डन गौरव वाटिका को आनन फानन मे तोड़कर वहाँ पर रह रहे लोगों के मन में तोड़ फोड़ की दहशत पैदा की जा रही है। जरा बताएं कि तीरथगढ़ जल प्रपात या गौरव-गार्डन शहर की सुंदरता व नए कॉलोनी के निर्माण में कहां पर बाधा पैदा कर रहा था।

अग्रवाल ने कहा कि प्रशासन व अधिकारी बेलगाम हो गए है। शहर की सुंदरता व जनउपयोग के लिए बनाई गई एक-एक चीज को क्रमश: नष्ट किया जा रहा है। सप्रेशाला मैदान में बनाए गए हेल्दी हार्ट  ट्रैक व गार्डन जो करोड़ों खर्च कर बने थे को पहले तोड़ा, फिर दानी स्कूल के प्रयोगशाला कक्ष और कमरो में तोड़फोड़, बूढ़ातालाब का सोलर हाउस जो सुंदरलाल पटवा के शासन काल में बना था, सुरक्षित जहाँ पर प्रदेशभर की कामकाजी महिलाएं निवास करती थी। फिर कलेक्टोरेट के अंदर बने शासकीय कामकाजी महिला हॉस्टल व महिला बाल विकास विभाग के कार्यालय सहित अनेक कार्यालयों में तोड़फोड़ कर शासकीय धन का जो खुला दुरूपयोग किया जा रहा है वह चिंतनीय है। अग्रवाल ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि रायपुर शहर में अधिकारियों द्वारा की जा रही मनमानी व एक-एक कर शासकीय सम्पत्तियों को तोड़फोड़ की कार्यवाही को रोका जाना चाहिए। शहर में विकास के लिए जनप्रतिनिधियों से भी चर्चा कर नए सिरे से विकास कार्यों को अमलीजामा पहनाया जाना चाहिए।

23-08-2019
तीरथगढ़ जलप्रपात में फंसे 7 पर्यटक, जिला प्रशासन ने रेस्क्यू कर सुरक्षित निकाला

जगदलपुर। बस्तर के जल प्रपात तीरथगढ़ में अचानक जल स्तर और बहाव बढ़ जाने के कारण 7 पर्यटक फंस गए। बताया जा रहा है सातों पर्यटक रायपुर के है और वर्षा ऋतु में जल प्रपात के सौंदर्य दर्शन के लिए गए थे। घटना के सूचना मिलते ही जिला प्रशासन ने मशक्कत के बाद पर्यटकों को सुरक्षित निकाला। पुलिस के जवानों ने रेक्स्यू कर पर्यटकों निकाला। विदित हो कि चित्रकोट और तीरथगढ़ जल प्रपात को छत्तीसगढ़ का नियाग्रा फॉल कहा जाता है। बता दें कि 2 वर्ष पूर्व भी यहां 5 पर्यटक फंस गए थे। 

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