GLIBS
01-09-2020
लूडो खेल रहे दो दोस्तों के बीच विवाद,प्राइवेट पार्ट में चाकू मारकर उतारा मौत के घाट....

रायपुर। लूडो खेलते समय दो दोस्तों के बीच विवाद होने के बाद एक दोस्त ने दूसरे दोस्त को मौत के घाट उतार दिया। मामला विधानसभा थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम नरदहा का है। बता दें कि कामदेव धीवर व खिलेश्वर साहू लूडो खेल रहे थे।प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक दोनों के बीच पुराने पैसे को लेकर विवाद हो गया। इसके बाद आरोपी खिलेश्वर साहू ने कामदेव के प्राइवेट पार्ट में चाकू से हमला कर उसे मौत के घाट उतार दिया। मामले के बाद आरोपी खिलेश्वर साहू को तत्काल गिरफ्तार कर लिया।

 

15-05-2020
दस महीने से लापता युवक की पुलिस को मिली लाश, दोस्तों ने ही उतारा था मौत के घाट

जगदलपुर। शहर के रेलवे कालोनी में रहने वाला 23 वर्षीय युवक अचानक जुलाई 2019 में गायब हो गया था। पुलिस ने काफी प्रयास किया लेकिन युवक का कुछ भी पता नहीं चला। लेकिन अचानक 10 माह बाद बस्तर एसपी ने मामले को जल्द से जल्द हल करने और आरोपियों की पतासाजी करने की बात कही जिसके बाद बोधघाट पुलिस हरकत में आई और युवक के हत्या के मामले को हल करने में सफलता हासिल की। बताया जा रहा है कि हत्या करने में उसके साथियों का ही हाथ था। सूत्रों के अनुसार 9 जुलाई 2019 को रेल्वे कालोनी में रहने वाला शेखर सेना अपनी मोटर साइकिल लेकर घर से दोस्तों के साथ पार्टी मनाने जाने की बात कहते हुए निकल गया था। उसके बाद उसकी मोटरसाइकिल टूटी फूटी हालत में मोतीतालाब पारा के पास एक होटल के पास सड़क किनारे से बरामद की गई थी।

शुरुआत में पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और परिजनों से लेकर उसके दोस्तों से पूछताछ की, लेकिन समय के साथ मामले पर अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया। इसके बाद मामला ठंडे बस्ते में चला गया था। पुलिस ने परिजनों से लेकर दोस्तों तक का नार्को टेस्ट तक करने की बात कही थी, लेकिन लॉक डाउन के कारण मामला रुक गया था। बस्तर पुलिस अधीक्षक दीपक झा ने फिर से मामले की जांच शुरू कराई जिसके बाद वापस शेखर के 2 दोस्तों के साथ पूछताछ शुरू की। जहां 3 दिनों के बाद दोस्तों ने ही हत्या करने की बात कबूली। पुलिस एसडीआरएफ की मदद से शव को खोज निकालने में जुटी है। मामले के बारे में जानकारी देते हुए बोधघाट थाना प्रभारी राजेश मरई ने बताया कि शेखर सेना और उसके दोस्तों के बीच गाँजा पीने के दौरान किसी बात को लेकर विवाद हो गया और उसने चाकू मारकर उसकी हत्या कर दिया, जिसके बाद शव को बोरे में भरकर उसे बैलाबाजार के पास बने अग्रसेन भवन के पीछे तालाब में फेंक दिया गया था।

04-05-2020
पति ने पत्नी को मौत के घाट उतारा, आरोपी पति पुलिस गिरफ्त में
 

कोरिया। बैकुंठपुर के खुटहनपारा में नशेड़ी पति ने पत्नी की हत्या किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया। घटना बीती रात की बताई जा रही है। मिली जानकारी के अनुसार सिटी कोतवाली बैकुण्ठपुर क्षेत्रान्तर्गत खुटहनपारा निवासी आरोपी मोती बैगा ने पारिवारिक विवाद के कारण पत्नी मीना की डंडे से पिटाई कर दी। इसी दौरान संघातिक चोट लगने से रात में ही उसकी मौत हो गई। घटना के दूसरे दिन सोमवार की सुबह जानकारी मिलने पर पड़ोसियों ने उसकी सूचना सिटी कोतवाली पुलिस को दी।

घटना के बाद सिटी कोतवाली प्रभारी विमलेश दुबे मौके पर पहुंचे। पुलिस को आता देख आरोपी मोती बैगा वहां से फरार हो गया। इसका पीछा करते हुए पुलिस ग्राम आनी रोड तक गई। पुलिस को आता देख वह एक पेड़ पर चढ़कर छुप गया। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद पकड़ने में सफलता पाई। फिलहाल आरोपी पति मोती बैगा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, तथा मामले की विवेचना की जा रही है। आसपास के लोगों ने बताया कि मृतिका घरों में झाड़ू पोछा का काम करती थी वहीं आरोपी मजदूरी के साथ झाड़-फूंक का भी काम करता था। 

28-04-2020
हाथियों ने बुरी तरह कुचलकर दो लोगों को उतारा मौत के घाट, प​ढ़े पूरी खबर...

रायपुर/सूरजपुर। अंबिकापुर-बनारस मार्ग पर ग्राम बंशीपुर से लगे कोरंधा जंगल में नदी किनारे गांव की सीता राजवाड़े 50 वर्ष और रतन राजवाड़े 48 वर्ष की क्षत-विक्षत लाश मंगलवार सुबह लोगों ने देखी। प्रथम दृष्टया में हाथियों ने कुचल कर मार देने की पुष्टि होने पर वन और पुलिस विभाग के अधिकारियों को सूचना दी गई। बता दें कि जिले के प्रतापपुर वन परिक्षेत्र के बंशीपुर से लगे कोरंधा जंगल में हाथियों के हमले से दो ग्रामीणों की मौत हो गई। घटना से बंशीपुर, कोरंधा व आसपास के इलाके में भय का माहौल निर्मित हो गया है। सोमवार की रात हुई घटना को लेकर अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि रात के अंधेरे में ग्रामीण हाथी विचरण क्षेत्र में क्यों गए थे।

वन संरक्षक वन्य प्राणी के नेतृत्व में वन विभाग का अमला मौके पर पहुंच चुका है। घटना के कारणों की जांच की जा रही है। अंबिकापुर से वन संरक्षक वन्य प्राणी एसएस कवर के नेतृत्व में वन विभाग का अमला मौके पर पहुंच गया। प्रारंभिक पूछताछ में जो जानकारी निकल कर सामने आई है उसके मुताबिक सोमवार की रात कोरंधा के कुछ लोग लकड़ी लेने के लिए रात के अंधेरे में जंगल गए थे। इस इलाके में हाथियों की मौजूदगी की जानकारी उन्हें नहीं थी। जंगल में नदी किनारे हाथियों का दल मौजूद था। अचानक सीता राजवाड़े और रतन राजवाड़े का सामना हाथियों से हो गया। हाथियों ने बुरी तरीके से कुचल कर दोनों को मार डाला। सीता राजवाड़े के धड़ का हिस्सा पूरी तरीके से कुचल दिया गया था।

30-11-2019
आखिर दो छात्रों की मौत का जिम्मेदार कौन ? क्या इस प्रकरण में जुर्म दर्ज नहीं होना चाहिए? या फिर लीपापोती होगी?

रायपुर/महासमुंद/ सिरपुर। महानदी के आगोश में आज रायपुर के दो मासूम छात्र समा गए। दोनों की गलती सिर्फ इतनी के वे अपने दोस्तों के साथ आज के दिन को यादगार मनाने गए थे, जो उनके परिजनों के लिए सबसे दुःखद दिन साबित हुआ। माँ बाप ने हंसते हंसते अपने जिगर के टुकड़े को रवाना किया था, जिन्हें नहीं मालूम था कि वे अपने बच्चों को सजा धजा कर भेज तो रहे है पर वे कभी वापस नहीं लौटेंगे? बच्चों को भी क्या पता जिस दिन को खुशियों से सराबोर करने के लिए वे कई दिनों से तैयारी कर रहे थे, मौज मस्ती की प्लानिंग कर रहे हैं वो उनकी ज़िंदगी का आखिरी दिन होगा। पिकनिक मनाना इतना महंगा पड़ेगा न उन मासूम छात्रों को पता था न उनके पालकों को, वरना शायद वे अपने आंखों के तारो को यूं बुझने नहीं भेजते। अब सवाल ये उठता है कि क्या उन बच्चों की मौत का जिम्मेदार कौन है? क्या वो नदी है? जिसने उन बच्चो को निगल लिया? या फिर वे बच्चे हैं, जो नदी में उतरे है? या फिर वे ज़िम्मेदार लोग जो बच्चो को मौत के घाट पर उतार आये?

पिकनिक फ्री में तो ले जाते नहीं है स्कूल वाले, उसके लिए मोटी रकम भी वसूली जाती है। तो फिर 170 बच्चों को नदी के किनारे ले जाने और उन्हें उनके हाल पर छोड़कर खुद पिकनिक मनाने में इतना मशगूल हो जाना कि दो बच्चों की मौत से ही उसके खुमारी टूटे। क्या बच्चों को स्कूल परिसर से बाहर ले जाने के बाद सुरक्षित वापस लौटने की ज़िम्मेदारी उन्हें साथ ले जाने वाले स्टाफ की नहीं थी? क्या स्कूल प्रबंधन इस दुर्घटना के लिए ज़िम्मेदार नहीं है? क्या फिर हम इस कलेजे को चीर कर रख देने वाली लापरवाही को महज दुर्घटना कह कर लीपापोती कर देंगे? क्या फिर हम इसी तरह की दुर्घटना होने के बाद फिर इसी तरह रोयेंगे? और सबसे बड़ी बात क्या सारी औपचारिकताएं उन बच्चों के माता पिता, भाई बहनों, परिजनों के ज़ख्मों पर मरहम लगा पायेगा? क्या रोज़ शाम को उन बच्चों की स्कूल से वापसी पर माँ आंखों में आने वाली चमक दोबारा लौटेगी? क्या अड़ोस पड़ोस के बच्चों को लेने आने वाली स्कूल बस का हर सुबह शाम उन्हें नहीं रुलाएगा? क्या नही रुलाएगा उन दो छात्रों के माता पिता को समझ से परे है। ये दुर्घटना तो सरासर नहीं है? और लापरवाही तो कतई नहीं। ये सरासर जुर्म है और इस पर कठोर कार्रवाई होनी ही चाहिए।

 

20-10-2019
पहले दोस्ती फिर उधार, नतीजा मर्डर

रायपुर। राजधानी में पैसे की लेनदेन के विवाद को लेकर नाबालिग ने युवक को मौत के घाट उतार दिया। सडडू बीएसयूपी कॉलोनी के दुर्गेश पांड्या की कैंची से वार कर हत्या कर दी गई। हत्या करने वाला नाबालिग बीएसयूपी कॉलोनी का ही रहने वाला है। वारदात के बाद पंडरी थाना पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। दलदल सिवनी बीएसयूपी कालोनी निवासी दुर्गेश पांड्या और नाबालिग के बीच उधार में दिए गए पैसे को लेकर विवाद हुआ। जिस पर आरोपी घर से कैंची लेकर आया और दुर्गेश पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। दरअसल मृतक दुर्गेश ने नाबालिग को पैसे उधार दिए थे। पैसे वापस मांगने पर आरोपी ने वारदात को अंजाम दिया। नाबालिग आरोपी मोबाइल चोरी के आरोप में पहले भी जेल जा चुका है। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल कैंची बरामद कर ली है। वहीं दुर्गेश के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

18-10-2019
नशे में धुत साथियों ने अपने ही दोस्त को उतारा मौत के घाट 

रायपुर। पंडरी मार्केट में कपड़े की दूकान में काम करने वाले युवक को उसके ही साथियों ने मौत के घाट उतार दिया। मृतक युवक की पहचान प्रिंस अग्रवाल निवासी दुर्गा नगर के रूप में हुई है। यह पूरी घटना देवेंद्रनगर स्थित होटल पुनीत इंटरनेश्नल के पीछे गंगानगर में घटित हुई है। युवक की मौत का कारण जुआ खेलते वक्त साथियों के साथ हुए विवाद को माना जा रहा है। बीती रात काम से छुट्टी होने के बाद अपने दोस्तों के साथ पुनीत होटल के पीछे जुआ खेल रहा था। जुआ खेलने के दौरान मृतक प्रिन्स का अपने दोस्तों के साथ किसी बात को लेकर विवाद हुआ। आरोपी बहुत ज्यादा नशे में थे और प्रिन्स पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमला देख जुआ खेल रहे बाकी लोग वहां से भाग निकले। आरोपी प्रिन्स को घायल अवस्था में मौके पर छोड़कर वहां से भाग गए। घटना जिस जगह हुई है वह जगह से देवेंद्र नगर थाना कुछ ही दूरी पर है। घटना के बारे में पुलिस को सूचना सुबह मिली है। बताया जा रहा है आरोपी दुर्गा नगर इलाके के है। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया है। वहीं मोहल्ले वालों ने बताया है कि गंगा नगर इलाके के आसपास काफी मात्रा में संदिग्ध लोगों का जमावड़ा लगा रहता है। ये सभी लोग रात में शराब के नशे में आने जाने वाले लोगों से मारपीट, छीना झपटी जैसी वारदात को अंजाम देते है। काफी समय से देवेंद्र नगर के पंडरी, गंगानगर सहित आसपास के इलाके में रोज रात में लाखों का जुआ होता है। इस दौरान आये दिन इन लोगों में आपस मे ही विवाद होता रहता है।


 

12-10-2019
हाथी ने ग्रामीण को उतारा मौत के घाट, गुस्साई भीड़ शव को सड़क पर रख कर रही है प्रदर्शन

महासमुन्द। सिरपुर क्षेत्र के कुकराडीह में एक साइकिल सवार को दंतैल हाथी ने पटक पटकर कर मौत के घाट उतार दिया है। 60 वर्षीय संतू सतनामी कुकराडीह निवासी की मौत से गुस्साये लोगें ने लाश को लेकर रास्ते पर प्रदर्शन कर रहे हैं। ग्रामीणम की मौत से गुस्साए आक्रोशित ग्रामीण मुआवजे की मांग पर डटे हैं। वन विभाग के टीम के साथ ग्रामीणों की बहस हो रही है। समाचार लिखे जाने के वक्त भी मामला शांत नहीं हो पाया है और मृतक की लाश डग्गे में रखी है।
गौरतलब है कि सिरपुर क्षेत्र में हाथियों ने पिछले 4-5 सालों में लगभग 20 लोगों को मौत के घाट उतार दिया है।

वन विभाग के द्वारा करोड़ रुपए खर्च करने के बाद भी हाथियों को क्षेत्र से भगाया नहीं जा सका है। हाथियों के आतंक से सिरपुर क्षेत्र के लोगों का जीना दुबर हो गया है। संतूराम सतनामी के मौत के बाद आज ग्रामीणों का गुस्सा वन विभाग पर फूट पड़ा है। लगातार ग्रामीणों की मौत से ग्रामीण आक्रोशित है। प्राप्त जानकारी अनुसार संतूराम सतनामी अपने मवेशियों के लिए चारा लाने साइकिल से गांव के बाहर गया था। वापस लौटते वक्त दंतेल हाथियों के साथ संतुराम सतनामी का सामना हो गया और दंतेल हाथी ने ग्रामीण को बुरी तरह पटक-पटक के मौत के घाट उतार दिया है। समाचार लिखते वक्त भी आक्रोशित ग्रामीण लाश के साथ मुआवजे की मांग को लेकर डटे हैं।

01-10-2019
Breaking : नक्सलियों ने ग्रामीण को उतारा मौत के घाट, मुखबिरी का लगाया आरोप 

बीजापुर। नक्सलियों ने एक बार फिर आतंक मचाते हुए मुखबिरी के आरोप में एक ग्रामीण की हत्या कर दी। नक्सलियों ने ग्रामीण माड़वी रामलु की हत्या कर उसका शव तोयनार मार्ग पर फेंक दिया। माड़वी रामलु दुपेली गांव का निवासी था। नेशनल पार्क एरिया कमेटी ने पर्चें फेंककर इस हत्या की जिम्मेदारी ली है। 


 

31-08-2018
Elephants Attack : भड़के हाथी ने डिप्टी रेंजर को पटका, पैर से कुचलकर उतारा मौत के घाट

बैकुंठपुर। सरगुजा संभाग में हाथियों का आतंक हैं। संभाग के सरगुजा, सूरजपुर, बलरामपुर व कोरिया जिले में इन दिनों हाथियों का उत्पात चरम पर है। मनेंद्रगढ़ वनमंडल के केल्हारी में पदस्थ डिप्टी रेंजर का शुक्रवार की शाम हाथियों के दल से जंगल में सामना हो गया। इस दौरान एक हाथी ने सूंड से जमीन पर पटक कर मौत के घाट उतार दिया।

सूचना पर वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौके के लिए निकल गए हैं। बताया जा रहा है कि दहशत के कारण विभाग के लोग भी मौके पर नहीं पहुंच पाए हैं। अभी तक शव को रिकवर नहीं किया गया है। इसी कड़ी में कोरिया जिले के मनेंद्रगढ़ वनमंडल के केल्हारी डिप्टी रेंजर सीताराम तिवारी शुक्रवार की शाम करीब 4.30 बजे हाथियों के जंगल में पहुंचने की सूचना पर उन्हें देखने गए थे। इस दौरान ग्राम शिवपुर, घुमाडांड़ के पास अचानक ही उनका सामना 11 हाथियों के दल से हो गया।

वे हाथियों को देखकर जान बचाने भागे लेकिन एक हाथी ने उन्हें सूंड में लपेट लिया और उठाकर जमीन पर पटक दिया। इसके बाद हाथी ने पैरों तले कुचलकर उनकी जान ले ली। इधर वन विभाग के अन्य कर्मचारी वहां से भागने में सफल रहे। इसकी सूचना उन्होंने उच्चाधिकारियों को दी। सूचना पर वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी घटनास्थल के लिए निकल गए हैं।

 
 
 
 
Advertise, Call Now - +91 76111 07804