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23-05-2020
भूपेश बघेल ने पीयूष गोयल को पत्र लिखकर बताया ट्रेनें कैसे चलाई जाएं, रवाना होते ही यात्रियों की जानकारी मांगी

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने रेल मंत्री पीयूष गोयल को पत्र लिखा है। मुख्यमंत्री बघेल ने रेलमंत्री को 1 जून से शुरू की जा रही ट्रेनों के संचालन के संबंध में कई सुझाव दिए हैं। उन्होंने लिखा है कि श्रमिक स्पेशल ट्रेनों की भांति ट्रेनें प्वाइंट टू प्वाइंट अर्थात स्टेट टू स्टेट चलाई जाए। यात्रियों का एक-दूसरे से सम्पर्क नियंत्रित करने अधिकतम दो स्टॉपेज रखे जाए और सोशल डिस्टेंसिंग की दृष्टिकोण से यात्रियों की संख्या निर्धारित क्षमता से कम रखी जाए। यात्रा के क्रम में चेन पुलिंग जैसी घटनाओं को रोकने चेन पुलिंग को डिसेबल किया जाए। चेन पुलिंग को किसी भी स्थिति में अनुमति न दी जाए और सख्त कार्रवाई की जाए।उन्होंने रेल मंत्री से संकट की इस घड़ी में मानवीय आधार पर यात्रियों को सभी श्रेणी के किराए में रियायत देने का आग्रह भी किया है।मुख्यमंत्री बघेल ने लिखा है कि इस समय पूरे देश में कोरोना वायरस के संक्रमितों की संख्या में लगातार वृद्धि देखी जा रही है। छत्तीसगढ़ सरकार ने इस महामारी के रोकथाम और संक्रमण से बचाव के लिए कारगर उपाय किए हैं। परिणाम स्वरूप ही राज्य में महामारी के फैलाव को रोकने में अब तक सफल हुए हैं। इसी बीच 1 जून से देश भर में 200 ट्रेन चलाए जाने के निर्णय के संबंध में जानकारी मिली है। प्रभावी उपायों और दिशा निर्देशों के बिना ट्रेन संचालित करने से संक्रमण फैलने की आशंका बढ़ गई है। काफी सावधानी और सुरक्षात्मक उपायों के साथ ट्रेनों का संचालन किए जाने की आवश्यकता है।मुख्यमंत्री ने पत्र में लिखा है कि भारत सरकार स्वास्थ्य मंत्रालय एवं गृह मंत्रालय की ओर से समय-समय पर जारी दिशा निर्देशों के अनुसार गंतव्य पर पहुंचने के बाद ट्रेन में सफर करने वाले नागरिकों की स्क्रीनिंग, क्वारेंटाइन, यातायात आदि का प्रबंधन राज्यों के लिए चुनौतिपूर्ण कार्य है। अतएव ट्रेन छूटने के तत्काल बाद यात्रा करने वाले नागरिकों की सूची, मोबाइल नंबर, आधार नंबर, पता इत्यादि विस्तृत विवरण राज्यों को उपलब्ध कराना तय करें। ताकि राज्य सरकारों की ओर से आवश्यक व्यवस्था किया जा सकें। ट्रेन से आने वाले सभी नागरिकों को 14 दिन के क्वारेंटाइन में रहना अनिवार्य किया जाए। मुख्यमंत्री बघेल ने पत्र में उम्मीद जताई है कि उपरोक्त सुझावों को अमल में लाते हुए और अन्य जरूरी बेहतर व्यवस्था के साथ 1 जून से ट्रेन संचालन की कार्यवाही की जाएगी।

22-05-2020
कोविड 19 से ब्राजील में हालात बेकाबू, 20 हजार लोगों की हुई मौत, दुनिया भर में संक्रमित मरीज 50 लाख के पार

नई दिल्ली। दुनिया भर में जानलेवा कोरोना वायरस का कहर जारी है। विश्व भऱ में नोवेल कोरोना वायरस से मरने वालों की संख्या में लगातार इजाफा होता जा रहा है। इस वायरस से मरने वालों की संख्या 3.32 लाख  से ज्यादा हो गई है और संक्रमितों की संख्या 50 लाख को पार कर गई है। कोरोना वायरस महामारी ने यूरोप और अमेरिका के बाद अब ब्राजील में तबाही मचाना शुरू कर दिया है। लैटिन अमेरिकी देश में इस घातक महामारी ने विकराल रूप धारण कर लिया है। पिछले दो सप्ताह में संक्रमण के रिकॉर्ड नए मामले आ रहे हैं। साथ ही मरने वालों का आंकड़ा भी तेजी से बढ़ रहा है।
मिली जानकारी के अनुसार ब्राजील में कोविड-19 वायरस की वजह से मरने वालों की संख्या 20  हजार के पार हो चुकी है। हर दिन हजारों लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ रही है। अकेले बुधवार को ही इस घातक वायरस की चपेट में आने से 1,138 मरीजों की मौत हो गई। ब्राजील में अब तक 20 हजार 47 लोग जिंदगी की जंग हार चुके हैं।

अमेरिका और रूस के बाद सबसे ज्यादा कोरोना मरीज

अमेरिका के बाद ब्राजील कोरोना वायरस महामारी का नया केंद्र बनकर उभरा है। बुधवार को यहां कोविड-19 संक्रमण के 18 हजार 508 नए मामले सामने आए हैं। इसी के साथ यहां अब तक 3 लाख 10 हजार 87 लोगों में कोरोना वायरस की पुष्टि हो चुकी है। संक्रमित मरीजों की संख्या के लिहाज से ब्राजील ने इटली,ब्रिटेन,फ्रांस,स्पेन और जर्मनी को भी बहुत पीछे छोड़ दिया है। अब सिर्फ अमेरिका और रूस ही उससे आगे हैं।
ब्राजील में महामारी की तबाही के लिए वहां के राष्ट्रपति जायर बोलसोनारो को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है। अपनी धुर दक्षिणपंथी राजनीति के लिए मशहूर बोलसोनारो पर इस वायरस के खतरे को जानबूझकर नजरअंदाज करने के आरोप लग रहे हैं। इसके लिए बोलसोनारो के कई बयानों का भी हवाला दिया जा रहा है। दरअसल राष्ट्रपति बोलसोनारो कई बार सार्वजनिक मंच से कोविड-19 वायरस को ‘मामूली सर्दी जुकाम’ और ‘मामूली फ्लू’ बता चुके हैं।
राष्ट्रपति जायर बोलसोनारो ने एक ऐसा ही बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि कोरोना महामारी के खतरे को बढ़ा चढ़ाकर दिखाया जा रहा है। यह काफी हद तक एक प्रोपेगैंडा की तरह चलाया जा रहा है। इसकी वजह से ब्राजील में रहने वाले लोगों में डर फैल रहा है।

22-05-2020
पुणे की केमिकल फैक्ट्री में लगी भीषण आग, दमकल की कई गाड़ियां मौके पर

 मुंबई। कोरोना वायरस महामारी के गंभीर संकट से जूझ रहे महाराष्ट्र के पुणे में शुक्रवार को एक भीषण हादसा हो गया।  पुणे के कुरकुंभ एमआईडीसी क्षेत्र में एक रासायनिक कारखाने में भीषण आग लग गई। बताया जा रहा है कि आग इतनी भयानक है कि बहुत दूर से आसमान में घने धुएं के काले बादल साफ देखे जा सकते हैं। फिलहाल दमकल की पांच गाड़ियों को घटना स्थल के लिए रवाना कर दिया गया है। हादसे में अभी किसी के घायल होने की खबर नहीं है।
मिली जानकारी के अनुसार घटना पुणे के कुरकुंभ एमआईडीसी इलाके की है। यहां स्थित एक केमिकल फैक्ट्री में अज्ञात कारणों से आग लग गई। देखते-देखते आग इतनी भयावह हो गई कि फैक्ट्री से आग की ऊंची-ऊंची लपटें उठने लगीं। सूचना मिलने पर प्रशासन में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में दमकल की पांच गाड़ियों को मौके पर भेज दिया गया है। स्थानीय फायर ब्रिगेड की टीम भी आग बुझाने में लगी हुई है। फैक्ट्री के अंदर काम चालू था या नहीं अभी इस बात की जानकारी नहीं मिल पाई है।

 

22-05-2020
कोविड-19 का स्टीकर लगा की जा रही रेत-मिट्टी की तस्करी 

रायपुर/कोरबा। कोविड-19 महामारी के बीच जारी लॉक डाउन अपराधी तत्वों के लिए वरदान साबित हो रहा है। ऐसे तत्व मौके का फायदा उठाकर और कानून के रखवालों को अंगूठा दिखाते हुए रेत और मिट्टी के अवैध उत्खनन और तस्करी में जुटे हुए है। हालांकि इनके खिलाफ कोई बड़ी कार्यवाही अब तक नहीं हुई है, लेकिन तस्करी के प्रमाण शहर के कोने-कोने में बिखरे नजर आ रहे हैं। नगर निगम क्षेत्र में रेत की सभी खदानें विगत माह से बंद है। इसका फायदा तस्कर उठा रहे हैं। बड़ी मात्रा में रेत का अवैध उत्खनन कर निजी और सरकारी निर्माण कार्यों में ऊंचे मूल्य पर सप्लाई की जा रही है। खनिज विभाग और हर- चौक चौराहे में तैनात पुलिस विभाग की सतर्कता पर प्रश्र चिन्ह लग रहा है। रेत की तरह ही एसईसीएल के इमली डुग्गू डम्पिंग एरिया से मिट्टी की चोरी और आपूर्ति का सि…

20-05-2020
इस लॉकडाउन में हजारों के लिए मसीहा बनकर सामने आए शॉर्ट वीडियो ऍप इंफ्लुएंसर अब्दुल्ला पठान

रायपुर। कोविड-19 महामारी और देशव्यापी लॉकडाउन के दौरान देशभर से ऐसे कई लोगों की कहानियां सामने आ रही हैं,जिन्होंने इस संकटकाल में इन्सानियत का बेहतरीन उदाहरण पेश किया है। ऐसे ही एक शानदार व्यक्तित्व हैं उत्तर प्रदेश के कुंदरकी गांव के अब्दुल्ला, जो राज्य के तीन जिलों के अनेक गांवों में अब तक हजारों लोगों की मदद कर चुके हैं। डब्ल्यूडब्ल्यूई के शौकीन और ट्रैंडिंग शॉर्ट वीडियो ऍप VMate के प्रसिद्ध इंफ्लुएंसर अब्दुल्ला ने 50 दिन पहले शुरू हुए लॉक डाउन के बाद से अब तक लोगों की सहायता करते हुए चार लाख रुपए से अधिक की रकम खर्च की है।अपने प्रेरणास्रोत के बारे में अब्दुल्ला ने बताया, 'मुझे महसूस हुआ कि लॉकडाउन के चलते बहुत से लोगों के पास जरूरत का सामान भी नहीं था। सबसे बड़ी चुनौती थी आमदनी का ज़रिया न होना और लॉकडाउन की वजह से लोगों का अपने घरों में कैद होना।' अब्दुल्ला ने बताया कि यह देखकर उन्हें महसूस हुआ कि उन तमाम ग्रामीणों के वह कर्जदार हैं,जिनके सहयोग और प्रोत्साहन की वजह से ही उन्होंने शॉर्ट वीडियो ऍप VMate पर वीडियो डालने शुरू किए और अपार लोकप्रियता हासिल की। वे इस शॉर्ट वीडियो ऍप VMate के जरिए हर महीने करीब 2 लाख रुपए की कमाई कर रहे हैं। ऐसे में उन्हें लगा कि इस कमाई का इस्तेमाल वह यह सुनिश्चित करने के लिए कर सकते हैं कि उनके गांव में और आसपास के अन्य स्थानों पर कोई भी भूखा न सोए।इस विचार से प्रेरित अब्दुल्ला ने मुरादाबाद, रामपुर और बरेली जिलों के गांवों में लोगों को राशन तथा अन्य ज़रूरी सामग्रियों के पैकेट बंटवाने शुरू किए। वे अलग-अलग पैकेटों में दाल, चावल और आलू पैक कर उन्हें ग्रामीणों को वितरित करते हैं।

साथ ही वे उन बुजुर्गों या अन्य लोगों की आर्थिक सहायता भी करते हैं,जिनके पास रोजी-रोटी का कोई साधन नहीं है। वह अब तक 7000 किलोग्राम आटा, 4300 किलोग्राम चावल और 6500 किलोग्राम आलू बंटवा चुके हैं। इस पूरे वितरण कार्य में सोशल डिस्टेंसिंग मानकों का भी पालन किया जाता है और होम डिलीवरी करवायी जाती है। इतना ही नहीं, अब्दुल्लाह को पशुओं से भी बेपनाह मौहब्बत है और वह हर दिन उन्हें खाना खिलाते हैं।आमतौर पर अब्दुल्ला अपने ज्यादातर परोपकारी कार्यों को लोगों को बताने से परहेज़ करते हैं लेकिन उन्होंने अपनी पहल से जुड़े कुछ वीडियो शॉर्ट वीडियो ऍप VMate पर डाले हैं, जिन्हें ऍप यूज़र्स ने काफी सराहा है। इन वीडियो में अब्दुल्ला स्वास्थ्य संबंधी मानकों का पालन करते हुए दिख रहे हैं जैसे कि वे मास्क और ग्लव्स पहने हुए हैं। एक वीडियो में अब्दुल्ला अपने पिता के साथ हैं और घोषणा कर रहे हैं कि वे जरूरतमंद लोगों के लिए हर दिन दोपहर के खाने का बंदोबस्त करेंगे। एक अन्य वीडियो में, अब्बदुल्ला अपनी कार में हैं और एक ऐसे इलाकें में जा रहे हैं जहां से दो लोगों के बीमार होने की सूचना आयी है।अब्दुल्ला की इस नई भूमिका में इस तथ्य ने भी अहम् भूमिका निभायी कि उन्हें शॉर्ट वीडियो ऍप VMate पर क्रिएटर के तौर पर जबर्दस्त कामयाबी मिली है। इससे न सिर्फ उनका आत्मविश्वास बढ़ा है बल्कि उन्हें यह भी बखूबी अहसास हुआ कि लोग जरूरत के वक़्त अमूमन उन लोगों की ओर देखते हैं जो लोकप्रिय होते हैं।

अब्दुल्ला के फौलोअर्स की गिनती लाखों में है और वे उन्हें उनकी फिटनेस तथा बढ़ि़या एक्टिंग के लिए पसंद करते हैं। इस साल के शुरू में उनकी लोकप्रियता का ग्राफ उस वक्त तेजी से चढ़ा था जब उन्होंने शॉर्ट वीडियो ऍप VMate पर नए साल के मौके पर लॉन्च किए गए कैम्पेन #SunnyKaNewYearCall में भाग लिया और सनी लियोनी के साथ डेट पर जाने का मौका भी जीता। अब्दुल्ला पठान जैसे लोग ही हैं जो उन तमाम लोगों के लिए इस कठिन दौर में जीने की राह आसान बना रहे हैं जो लॉक डाउन की वजह से इस समय असहाय हो गए हैं। ऐसे लोग ही वाकई दुनिया को रहने की बेहतर जगह बनाते हैं।

20-05-2020
दिव्यांग भारतीय क्रिकेट टिम के खिलाड़ी ने मुख्यमंत्री सहायता कोष में दिए 10 हजार रुपए

रायपुर। महामारी का रूप ले चुके कोरोना वायरस से निपटने में पूरा देश सरकार की मदद कर रहा है। संपन्न लोगों के साथ-साथ सामान्य नागरिक भी अपनी कमाई का हिस्सा दे रहे हैं। इसी क्रम में दिव्यांग भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ी और रायपुर निवासी पृथ्वी राज रामटेके ने कोरोना संकट से लड़ने के लिए मुख्यमंत्री सहायता कोष में 10 हजार रुपए की सहयोग राशि दी है।मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पृथ्वी राज रामटेके की ओर से दिए गए इस दान के लिए आभार व्यक्त किया है।

19-05-2020
आलिया ने कोरोना वारियर्स को भेजा सरप्राइज गिफ्ट, कहा -आप असली हीरो हो

मुंबई। घातक कोरोना वायरस जैसी महामारी से जूझ रहे मरीजों की जिंदगी बचाने के लिए कोरोना वॉरियर्स दिन रात सेवा में लगे हैं। उनके इस जज्बे को देख हर कोई उन्हें सलाम कर रहा है। इसी बीच बॉलीवुड एक्ट्रेस आलिया भट्ट ने अनोखे तरीके से उनका मनोबल बढ़ाया है।उनका ये सरप्राइज गिफ्ट पाकर मुंबई के केईएम हॉस्पिटल में काम करने वाले एक डॉक्टर काफी खुश हैं और उन्होंने आलिया भट्ट के इस सरप्राइज और थैक्यू नोट को सोशल मीडिया पर वायरल किया है। डॉ. श्रीपद गंगापुरकर ने अपने ट्वीटर पर एक तस्वीर शेयर कर आलिया को अपनी ओर से थैंक्यू कहा है।डॉ. श्रीपद ने जो तस्वीर शेयर की है उसमें गिफ्ट हैंपर में चॉकलेट बार, स्वीट बन, ड्रिंक के साथ स्नैक्स नजर आ रहा है। साथ ही एक पेपर पर थैंक्यू नोट भी लिखा हुआ है। बॉक्स में चिपके नोट पर आलिया ने मैसेज भेजा है कि, ‘थैंक्यू आप जो कुछ भी कर रहे हैं लोगों को स्वस्थ और सुरक्षित रखने के लिए, आप असली हीरो हैं।’दरअसल, आलिया ने कोरोना वॉरियर्स को अपनी तरफ से एक सरप्राइज गिफ्ट भेजा है। जिसके साथ स्पेशल मैसेज भी है। उनके इस कदम की हर तरफ तारीफ हो रही है। बॉलीवुड सितारे बढ़ चढ़कर लोगों की मदद कर रहे हैं और पीएम केयर्स फंड में सहायता राशि दे रहे हैं। इसी क्रम में आलिया ने कुछ नया काम किया है।

17-05-2020
कोरोना को मात देने भारत में गृहे-गृहे गायत्री यज्ञ में 15 करोड़ श्रद्धालु देंगे आहुतियां

रायपुर। वैश्विक स्तर पर कोरोना वायरस महामारी के संक्रमण से निवारण के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन और अनेक वैज्ञानिक भी यज्ञ की महिमा को जानकर प्रेरित और संकल्पित हो रहे हैं। वर्ष 2017 से वंदनीय माताजी के जन्मशताब्दी वर्ष 2026 तक का समय अखिल विश्व गायत्री परिवार गृहे-गृहे गायत्री यज्ञ उपासना वर्ष के रुप में मना रहा है। इसी कड़ी में सर्वजन हिताय-सर्वजन सुखाय का संकल्प के साथ कोरोना से मुक्ति, पर्यावरण संवर्धन और संरक्षण, वातावरण का परिशोधन, समर्थ राष्ट्र निर्माण, वैचारिक उत्कृष्टता, समाज में छाई हुई विकृतियों को नष्ट और सत्प्रवृतत्तियों के संवर्धन के लिये आध्यात्मिक प्रयोग सामूहिक स्तर पर पूर विश्व में किया जा रहा है। इस वर्ष यह आयोजन 31 मई 2020 को किया जाएगा।गायत्री परिवार की मीडिया प्रभारी प्रज्ञा प्रकाश निगम ने बताया कि गायत्री परिवार के प्रमुख डॉ. प्रणव पण्ड्या के मार्गदर्शन में इसमें भारत के साथ साथ अमेरिका, कनाडा, साउथ एशिया सहित अनेक देशों में विश्व भर के करोड़ों साधक आयुर्वेदिक औषधियुक्त हवन सामाग्री के साथ गायत्री, महामृत्यंजय एवं सूर्य (आदित्य) मंत्रों के उच्चारण कर यज्ञ में आहूती अर्पित करेंगे।

गृहे-गृहे गायत्री यज्ञ-उपासना का मुख्य उद्देश्य मानव कल्याण है। वेद-पुराण और आयुर्वेदिक ग्रंथों में स्वास्थ्य रक्षा के लिये अनेक मंत्रों व उपायों का उल्लेख है। वैदिक काल के ये मंत्र यज्ञ और ये उपाय आज भी अचूक हैं। इन्ही तथ्यों को ध्यान में रखते हुए यह आयोजन किया जा रहा है। पूरे विश्व में एक दिन एक साथ यज्ञ करने पर प्रयुक्त हवन सामाग्री से जो धूम्र उत्पन्न होगा वह पूरे ब्रम्हाण्ड में समाहित होकर संपूर्ण वातावरण को शुद्ध करेगा।1 जून सोमवार को गायत्री जयंती एवं गंगा दशहरा है उससे एक दिन पूर्व यह आयोजन किया जा रहा है। इस वर्ष कोविड-19 से उत्पन्न परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए गायत्री परिवार संगठन के सदस्यों द्वारा घर-घर जाकर यज्ञ कार्य कराना संभव नहीं है। इसके लिए पूर्व से सभी परिवारों को स्वयं ही अपने घरों में यज्ञ करने के लिए यूट्यूब के माध्यम से प्रशिक्षण दिया जा रहा है। साथ ही मोबाइल पंडित एप पर आनलाइन तैयारियां चल रही है ताकि किसी भी व्यक्ति को स्वयं से यज्ञ करने में कठिनाई उत्पन्न न हो।गायत्री परिवार छत्तीसगढ़ के जोन समन्वय दिलीप पाणीग्रही ने बताया कि छत्तीसगढ़ राज्य में भी 3 लाख घरों में एक दिन एक साथ एक समय में गृहे-गृृहे गायत्री यज्ञ करने लक्ष्य रखा गया है। उक्त के लिए राज्य के सभी उपजोन समन्वयक, जिला समन्वयक, शक्ति पीठ के ट्रस्टीगणों एवं परिजनों के साथ विडियों कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से इसकी तैयारी करवाई जा रही है।

रायपुर के 21000 घरों में यह यज्ञ संपन्न करने का लक्ष्य रखा गया है।इसके अतिरिक्त पाणीग्रही ने बताया कि कोविड-19 से उत्पन्न परिस्थितियों के कारण अन्य राज्यों में फसें हुए मजदूर वर्ग जो अब अपने-अपने राज्यों को वापस जा रहें हैं ऐसे प्रवासी मजदूरों की घर वापसी के दौरान गायत्री परिवार छत्तीसगढ़ द्वारा प्रत्येक जिलों के शक्ति पीठ के सदस्यों की सहायता से मजदूरों की सुविधा के लिए प्याऊ घर, विश्राम के लिए कक्ष और उनके भोजन में सहयोग प्रदान किया जा रहा है।

 

17-05-2020
विशेषज्ञों का दावा- माउथ वॉश से मर सकता है कोरोना वायरस, रिसर्च में हुआ खुलासा

नई दिल्ली। दुनिया भर में कोरोना वायरस से हाहाकार मचा हुआ है। इस महामारी से निपटने के लिए फिलहाल दुनिया में कोई भी टीका या दवा मौजूद नहीं हैं। इसी बीच अंतर्राष्ट्रीय मेडिकल साइंटिस्ट की एक टीम ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया है कि माउथ वॉश से कोरोना वायरस मर सकता है। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि माउथ वॉश कोरोना वायरस को शरीर की कोशिकाओं को संक्रमित करने से पहले ही मार देता है। इस तरह से शरीर में कोविड-19 संक्रमण फैलने से रुक सकता है। कुछ दिन पहले विश्व स्वास्थ्य संगठन यानी डब्लूएचओ ने माउथ वॉश को लेकर प्रतिक्रिया दी थी। डब्लूएचओ का कहना था कि अभी इस बात के कोई सबूत नहीं हैं कि माउथ वॉश से कोरोना वायरस संक्रमण को रोका जा सकता है। अभी इस पर कोई खास रिसर्च नहीं आई है इसलिए इस पर अभी कुछ नहीं कहा जा सकता है।

इस रिपोर्ट की मानें तो माउथ वॉश में कोरोना वायरस को मारने की क्षमता है। इसे लेकर क्लिनिकल ट्रायल करना जरूरी है। हालांकि, इस रिसर्च करने वाली टीम ने अभी यह नहीं कहा है कि बाजार में बिकने वाले माउथ वॉश भी कोरोना को मार सकता है। इस रिपोर्ट को कार्डिफ यूनिवर्सिटी के वायरोलॉजिस्ट्स के साथ-साथ नॉटिंघम, ओटावा, कोलोराडो, बार्सिलोना समेत कई अन्य यूनिवर्सिटी ने भी सही बताया है। माउथ वॉश पर की गई रिसर्च में कहा गया है कि कोरोना वायरस एक मोटी परत से ढका होता है। कोरोना वायरस को खुद को बचाने के लिए इस परत का इस्तेमाल करता है। कुछ खास केमिकल इस परत को तोड़ देते हैं और इसके अंदर का कोरोना वायरस मर जाता है। माउथ वॉश में भी इस तरह के केमिकल मौजूद रहते हैं। टेस्ट ट्यूब के माध्यम से माउथ वॉश को लेकर यह रिसर्च की गई। इससे साफ हो गया कि माउथ वॉश के केमिकल कोरोना की परत को तोड़ने में कामयाब होते हैं। दांतों को साफ करने के लिए इस्तेमाल होने वाले माउथ वॉश को लेकर यह रिपोर्ट बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

11-05-2020
कोरोना से बचाव के लिए अपनाएं आयुर्वेदिक उपाएं,रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मदद करेगी शासन की एडवाइजरी

रायपुर। विश्वव्यापी कोरोना वायरस कोविड-19 महामारी से पूरा देश प्रभावित है। इससे बचने के लिए रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने की भी आवश्यकता है। इस संबंध में स्वास्थ्य सचिव, छत्तीसगढ़ शासन ने सभी जिला कलेक्टरों को पत्र लिखकर विभिन्न माध्यमों से व्यापक प्रचार-प्रसार करने कहा है। स्वास्थ्य सचिव निहारिका बारिक ने पत्र के माध्यम से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए बिंदुवार उपाए भी बताए हैं,जिसे अपनाकर शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाया जा सकता है।

 

 

 

 

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