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26-03-2021
फैक्ट्री संचालक पर हत्या का मामला दर्ज हो, मृत नाबालिग मजदूर को न्याय दिला कर रहेंगे : प्रदीप साहू

रायपुर। विगत दिनों औद्योगिक क्षेत्र उरला के सार्थक टीएमटी में हुए हादसे के मामले ने तूल पकड़ लिया है। फैक्ट्री प्रबंधन की बड़ी लापरवाही सामने आई है। हादसे में मृतक मजदूर नाबालिक था। इससे फैक्ट्री प्रबंधन पर बहुत से सवाल उठने लगे है। इसी कड़ी में नाबालिग मजदूर और घायलों के साथ अपनी संवेदना व्यक्त करते हुए अजीत जोगी युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप साहू ने घटना की कड़ी निंदा की है। प्रदीप ने कहा कि यह एक आकस्मिक दुर्घटना नहीं बल्कि सोची समझी हत्या है। एक तरफ जहां देश में नाबालिग बच्चों के उचित शिक्षा-दिक्षा, भरण-पोषण, संरक्षण और उनके साथ होने वाले अन्याय-अत्याचार के विरुद्ध कई कानून बन गए हैं। वहीं दूसरी ओर इस प्रकार की घटनाएं और नाबालिग मजदूर की फैक्ट्री में मौत ऐसे कानूनों को चिढ़ाने का काम कर रही है। प्रदीप साहू ने कहा कि इस घटना के लिए जिम्मेदार कंपनी और उसके संचालक है, जो फरार भी है, दोनों पर जमानतीय कार्रवाई न करते हुए इन पर आईपीसी की धारा 302 हत्या और अन्य दांडिक मामला दर्ज होना चाहिए। इतना ही नहीं मरणासन्न स्थिति में घायल मजदूरों को हॉस्पिटल में मरने के लिए छोड़ दिया गया है। जबकि इनका उचित इलाज छत्तीसगढ़ की एकमात्र बर्न हॉस्पिटल कालडा सेंटर में किया जाना चाहिए, तब जाकर के उनकी जिंदगी बच सकती है। लेकिन कंपनी ने मजदूरों की जान की बाजी लगाने के बाद भी अपना रुपया बचाने के लिए उन्हें हॉस्पिटल में मरने के लिए छोड़ दिया गया है। जोगी कांग्रेस बिरगांव ब्लाक अध्यक्ष वेद राम साहू ने कहा कि इस घटना का सड़क से लेकर सदन तक विरोध करेंगे। 24 घंटे के अंदर सार्थक टीएमटी के संचालक को गिरफ्तार कर जेल नहीं भेजा जाएगा तो उरला थाना का घेराव कर प्रदर्शन और आंदोलन करेंगे। युवा नेता प्रवीण चौबे ने मृतक परिवार को 25 लाख मुआवजा और घायलों को 10-10 लाख मुआवजा देने की भी मांग की है।

25-07-2020
गृहमंत्री के निर्देश के बाद 24 घंटे में पकड़ा गया हत्या का आरोपी

रायपुर। राजनांदगांव जिले में हत्या का मामला संज्ञान में आते ही प्रदेश के गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्यवाही करने के निर्देश देने के बाद पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी 24 घंटे के भीतर कर ली है। गौरतलब है कि राजनांदगांव-अम्बागढ़ चौकी के रायसिंह पिता स्व.आनंद सिंह पटेल ने 22 जुलाई की सुबह थाने आकर रिपोर्ट लिखाई की रात में सभी खाना खाकर सोए थे। सुबह उसके छोटे बेटे अनुज पटेल की लाश बिस्तर पर मिली। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की और पोस्टमार्टम में गला घोंटकर कर हत्या करना पाया। जांच के दौरान घटना स्थल कातुलवाहि जाकर सूक्ष्मता से पूछताछ करने पर मृतक का बड़ा भाई अन्नू पटेल जो शादी शुदा था। उसने अपना जुर्म कबूल किया और बताया कि मृतक अनुज खेत के काम में मदद नहीं करता था। इतना ही नहीं वह नशे का आदी था। पहले दोनों के बीच दो बार झगड़ा हो चुका था। वह उसकी पत्नी से भी मारपीट करता था। मौका देखकर अपनी पत्नी के साथ गमछे से नाक मुँह दबाकर उसकी हत्या कर दी। निरीक्षक आशीर्वाद रहटगांवकर ने वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में 12 घंटे में ही हत्या की गुत्थी सुलझाने में सफलता प्राप्त की। आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है।

22-04-2020
एक साल की मासूम की हत्या या फिर कोई बदला, पुलिस कर रही जांच

रायपुर। शहर के माना थाना क्षेत्र के ग्राम टेमरी के एक घर में एक वर्ष की मासूम बच्ची का शव पानी टंकी पर मिलने से सनसनी फैल गई। मामले की जानकारी देते हुए थाना प्रभारी दुर्गेश रावटे ने बताया कि मृतिका 1 वर्ष की है। मासूम गीतांजलि साहू को मंगलवार सुबह उसकी माता नीलम साहू द्वारा स्तनपान करने के बाद रूम में सुलाई थी, कुछ समय बाद मृतिका को रूम में नहीं पाए जाने पर बच्ची की खोजबीन के दौरान घर के छत में स्थापित प्लास्टीक की पानी टंकी जिसका ढक्कन बंद था एवं उसके उपर एक लकडी का बडा गुटका रखा हुआ था। जब लकड़ी हटाकर देखा तो मृतिका गीतांजली साहू को पानी टंकी में थी। इलाज के लिए मेकाहारा अस्पताल ले जाते ही डाक्टर ने मासूम को मृत घोषित कर दिया । पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है व मामले की जांच कर रही है।

08-03-2020
हत्या करने के बाद लाश को लगाया था ठिकाने, पोस्टमार्टम रिपोर्ट से हुआ खुलासा, नहीं हुई मृतक की शिनाख्त

कोरबा। लगभग डेढ़ माह पहले कुसमुंडा के इनटेक वेल में शव मिलने के मामले में पुलिस ने हत्या का मामला पंजीबद्ध कर लिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में नुकीले हथियार से गोदकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई है। मृतक कौन था इसकी शिनाख्त अब तक नहीं हो सकी है। घटना कुसमुंडा थाना क्षेत्र  के आइबीपी के पास 80 के दशक में बंद हो चुके इनटेक वेल में 19 जनवरी को एक लाश देखी गई थी। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंचकर कुएं से शव को बाहर निकलवाया। इस दौरान शव के सीने में तार बंधा हुआ था। इससे पुलिस को संदेह था कि पत्थर बांधकर शव को पानी में फेंका गया होगा। शव काफी सड़-गल चुका था, जिससे उसकी शिनाख्त संभव नहीं हो पा रही थी। इस बीच पुलिस शव का पोस्टमार्टम करा कर  कफन-दफन करा दिया था। मृतक के पहचान का प्रयास पुलिस अपने स्तर पर कर रही है, लेकिन अब तक उसकी पहचान नहीं हो सकी है। पड़ोस के जिले में भी गुमशुदगी के मामले की जानकारी पुलिस ने ली है। डेढ़ माह बाद चिकित्सक ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट पुलिस को सौंपा, जिसमें लिखा है कि शव लगभग पांच से आठ दिन पुराना है। इसके अलावा शव में नुकीले हथियार से वार किए जाने के निशान पाए गए हैं। परिस्थितिजन्य साक्ष्य व पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने धारा 201, 302 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर लिया है।

 

26-02-2020
अभिषेक मिश्रा हत्याकांड, चौथी बार नहीं सुनाया जा सका फैसला

दुर्ग। अभिषेक मिश्रा हत्याकांड पर बुधवार को चौथी बार फिर से फैसला नहीं सुनाया जा सका। विचारण न्यायालय के न्यायाधीश जीके मिश्रा के अवकाश पर होने के कारण सुनवाई की तिथि टल गई। प्रकरण पर फैसला सुनाए जाने की अगली तिथि 13 मार्च निर्धारित की गई है। गंगाजली एज्यूकेशन सोसायटी के डायरेक्टर अभिषेक मिश्रा की हत्या का मामला पिछले 4 वर्ष से अदालत में विचारीधीन है। मामले के सभी तीन आरोपी वर्तमान में जेल में निरुद्ध है। सभी पक्षों की गवाही के साथ सरकारी व बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं के बीच जिरह पूरी होने के बाद फैसला सुनाए जाने की तिथि 13 जनवरी निर्धारित की गई थी। इस तिथि को जिला न्यायाधीश के अवकाश पर होने के कारण फैसला नहीं सुनाया जा सका था। ठसके बाद 28 जनवरी को वकीलों की हड़ताल से उपजी अव्यवस्था के कारण फैसला स्थगित कर दिया गया था। 14 फरवरी को भी जिला सत्र न्यायाधीश के अवकाश पर होने के कारण एक बार फिर से फैसले की तारीख में परिवर्तन किया गया था। आज 26 फरवरी को फिर न्यायाधीश के अवकाश पर होने के कारण फैसला नहीं सुनाया जा सका। अब 13 मार्च को फैसला आने की संभावना व्यक्त की जा रही है।

 

02-01-2020
व्यापारी को लूटा, गोली मार कर हत्या की और मज़े से फरार हो गया, रायपुर बन गया है मर्डरपुर

रायपुर। राजधानी में गुरुवार को हत्या का मामला प्रकाश में आया है। मिली जानकारी के अनुसार गोकुल नगर क्षेत्र में एक व्यवसायी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। बताया जा रहा है कि लूट के इरादे से गोली मारी गई और आरोपी फरार हो गए। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। सूत्रों से अनुसार घटना रात 9 बजे के आसपास की है। बताया जा रहा है कि कारोबारी अपना व्यवसाय से वापस लौट रहा था तब उस पर गोलियां चलाई और अंधेरे का फायदा उठाते हुए आरोपी फरार हो गए। गोली लगने के बाद व्यवसायी को गंभीर हालत में अंबेडकर अस्पताल लाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत गई। सूचना पर पुलिस पहुंची और खोजबीन में जुटी है।  

22-05-2019
पाक का लड़ाकू विमान समझकर आईएएफ की मिसाइल ने उड़ाया खुद का ही विमान

नई दिल्ली। 27 फरवरी को दुर्घटनाग्रस्त हुए एमआई-17 हेलीकॉप्टर मामले में भारतीय वायु सेना की जांच 20 दिनों में पूरी होगी। सबूतों की पूरी सारणी इसके तुरंत बाद पेश की जाएगी और हेलीकॉप्टर में 6 जवान और जमीन पर एक नागरिक की मौत के लिए जिम्मेदार लोगों पर वायु सेना अधिनियम 1950 के सैन्य कानून के तहत गैर इरादतन हत्या का मामला चलाया जा सकता है। '27 फरवरी को श्रीनगर हवाई अड्डे से एक इजरायल निर्मित स्पाइडर और सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल के प्रक्षेपण के परिणाम पर कोई संदेह नहीं था। जांच में समय इसलिए लगा है क्योंकि भारतीय वायुसेना को इस घटना के लिए दोषी ठहराया गया है।' 'पूरी घटना 12 सेकेंड के अंदर हुई, एमआई हेलीकॉप्टर को इस बात की जानकारी नहीं थी कि वह हमले के दायरे में है।' बता दें कि 27 फरवरी की सुबह 10 से 10.30 के बीच 8 भारतीय वायुसेना के जवान, एफ-16 के 24 पाकिस्तानी वायुसेना के जवानों को रोकने के लिए गए थे। एफ-16 ने एलओसी पार कर लिया था और वह भारतीय सेना पर निशाना साध रहा था।

पश्चिम में जारी हवाई हमले के बीच कश्मीर में भारतीय वायु सेना अलर्ट पर थी और किसी भी वक्त पाकिस्तानी विमान के आक्रमण का जवाब देने के लिए तैयार थी। इसी समय श्रीनगर एयरपोर्ट पर एयर डिफेंस की रडार ने अपनी स्क्रीन पर कम उड़ान वाला विमान देखा। उस समय टर्मिनल वीपन डायरेक्टर के पद पर एक सीनियर अधिकारी थे जो एयर बेस के भी चीफ आॅपरेशन अधिकारी थे। हो सकता है कि आईएफएफ ट्रांसपोडर सिस्टम ने कम उड़ान वाले विमान की पहचान ना कर सका हो और अधिकारी ने फायर करने का आदेश दे दिया हो। एयरक्राफ्ट में आईएफएफ सिस्टम को ग्राउंड पर इंटेरोगेशन सिग्नल के लिए प्रयोग किया जाता है जिसके जवाब से एक अलग सिग्नल निकलता है जो बताता है कि यह हमारा दोस्त है, दुश्मन नहीं है। इस सिस्टम को खास तौर पर इसलिए डिजाइन किया गया जिससे युद्ध के दौरान दोस्ताना तौर पर फायरिंग(फ्रेंडली फायर) की घटना ना हो। यह साफ नहीं है कि आईएएफ के हेलीकॉप्टर्स में आईएएफ स्विच आॅफ था और जब इस विमान को गिराया गया, तब यह काम नहीं कर रहा था।

24-04-2019
रोहित शेखर मर्डर केस : दिल्ली पुलिस ने पत्नी अपूर्वा शुक्ला को किया गिरफ्तार

नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस ने पूर्व मुख्यमंत्री नारायणदत्त तिवारी के पुत्र रोहित शेखर तिवारी की हत्या का मामला में रोहित की पत्नी अपूर्वा को गिरफ्तार किया है। दिल्ली पुलिस ने रोहित शेखर तिवारी की पत्नी अपूर्वा और दो घरेलू सहायकों को रविवार को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था। सूत्रों ने बताया था कि पुलिस रोहित तिवारी की हत्या के मामले में अपूर्वा को मुख्य संदिग्ध मान रही थी, इसलिए उन्हें पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया था। दिल्ली पुलिस ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद रोहित तिवारी की हत्या के मामले में गुरुवार को मामला दर्ज किया था। रिपोर्ट में बताया गया कि तिवारी की हत्या गला घोंटे जाने के कारण सांस रुकने से हुई।

क्राइम ब्रांच की टीम ने शेखर तिवारी के डिफेंस कॉलोनी स्थित आवास पर पहुंच कर मामले की छानबीन शुरू कर दी थी। क्राइम ब्रांच की टीम सीएफएसएल टीम के साथ उनके घर पर पहुंची और मामले की छानबीन शुरू कर दी थी। सूत्रों का कहना है कि अपूर्वा के खिलाफ पुख्ता सबूत मिलने के बाद पुलिस ने गिरफ्तारी की। बताया जा रहा है कि हत्या वाली रात रोहित और अपूर्वा में झगड़ा हुआ था। सबूत मिटाने के लिए अपूर्वा ने मोबाइल फॉर्मेट भी किया था। बता दें कि 16 अप्रैल को रोहित अपने बंगले के कमरे में मृत पाए गए थे। पुलिस ने हत्या की पुष्टि के बाद कई घंटे तक उनकी पत्नी से पूछताछ की थी। 

क्राइम ब्रांच के अडिशनल कमिश्नर राजीव रंजन ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि मामले की पूरी जानकारी पुलिस मुख्यालय में दोपहर को होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी जाएगी। सूत्र फिलहाल इतना बता रहे हैं कि शुरू में अपूर्वा ने पुलिस को काफी बरगलाने की कोशिश की थी। रोहित के कमरे के बाहर लगे सीसीटीवी की डायरेक्शन भी कुछ इस तरह कर दी गई थी, जिससे पता नहीं चल सके कि कमरे में कौन आ जा रहा है। अपूर्वा के खिलाफ पुख्ता सबूत मिलने के बाद शनिवार को पुलिस ने उनसे 8 घंटे तक लंबी पूछताछ की थी। 

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