GLIBS
25-09-2020
कलेक्टर ने कहा, कोल परिवहन में लगे गाड़ियोें के ड्राइवर, हेल्पर को ऑन रखना होगा आरोग्य सेतु एप्प

कोरबा। कलेक्टर किरण कौशल ने औद्योगिक संस्थानों में भारी वाहनों के संचालन के संबंध में दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। कोल माइंस के आस-पास की बस्तियों में कोरोना संक्रमण के रोकथाम के लिए संस्थानों में चलने वाले गाड़ियों के परिवहन से संबंधित निर्देश जारी किये गये हैं। कोल परिवहन में लगे गाड़ियों के ड्राईवर-कंडक्टरों को आरोग्य सेतु एप्प अपने मोबाइल में इंस्टाल करके नोटिफिकेशन ऑन रखना होगा। परिवहन के दौरान ड्राईवरों को कोविड प्रोटोकाॅल का पालन भी करना होगा। मास्क और सेेैनिटाइजर का उपयोग करना जरूरी होगा। औद्योगिक क्षेत्रों में कोयला, एल्युमिनियम व अन्य आवश्यक वस्तुओं के परिवहन वाली गाड़ियों का आवागमन लगातार जारी है। गाड़ियों के साथ ड्राइवर, हेल्पर जैसे बाहरी लोगों का बड़ी संख्या में आवागमन प्रतिदिन होते रहता है, जिससेे सघन आबादी में कोरोना संक्रमण संभावित है।

कोरबा, कुसमुण्डा, गेवरा तथा दीपका क्षेत्रों के आस-पास की बस्तियों को कोरोना संक्रमण के लिये संभावित जोन होने से बचाने के लिये भारी वाहनों के संचालन के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। अनवरत उत्पादन चलने वाले औद्योगिक संस्थान जैसे सीमेंट, स्टील, शक्कर, फर्टिलाइजर, कोल माइंस तथा एल्युमिनियम फैक्ट्री को लाॅकडाउन से छूट दी गई है। इन औद्योगिक संस्थानों में फैक्ट्री, कोयला खदान के संचालन के लिये आवश्यक सामग्रियों जैसे विस्फोटक, एचएफओ एल्युमिना, कोलपीच, सीपी कोक एवं एल्युमिनियम आदि का भारी माल वाहनों के माध्यम से आपूर्ति व निकासी की जाती है। भारी वाहनों के संचालन के संबंध में जारी निर्देशानुसार कोयला, एल्युमिनियम व अन्य आवश्यक वस्तुओं के परिवहन में लगे गाड़ियों के ड्राईवर, हेल्पर को कोविड-19 के प्रोटोकाॅल का पालन करना होगा। प्रोटोकाॅल के तहत सोशल डिस्टेंसिंग, सेनेटाइजर व मास्क आदि का उपयोग अनिवार्य रूप से करना होगा। आवश्यक वस्तुओं के परिवहन में चलने वाली समस्त गाड़ियों को निर्धारित रूट पर ही मूव्हमेंट करना होगा। कोयला व अन्य परिवहन में लगी गाड़ियों को बस्ती एवं बस्ती के आस-पास क्षेत्र में खड़ा करने की अनुमति नहीं होगी।

गाड़ियों के ड्राइवर, हेल्पर आबादी क्षेत्र में रात्रि विश्राम नहीं कर सकेंगे। गाड़ियों के ड्राईवर, हेल्पर व अन्य लोगों को माईनिंग एरिया से बाहर निकलने की मनाही रहेगी। आवश्यक स्थल पर पर्याप्त बेरिकेटिंग लगाया जायेगा। कोल क्षेत्र में गाड़ियों के रूकने का स्थान, आटोपार्ट्स दुकान के लिये जगह एवं रिपेयर स्थल नियत जगह पर ही बनाने की अनुमति रहेगी। कलेक्टर द्वारा जारी वाहनों के संचालन से संबंधित दिशा-निर्देशानुसार औद्योगिक संस्थानों द्वारा कोल एरिया के भीतर ही ड्राईवर, हेल्पर के रूकने व भोजन की व्यवस्था की जायेगी। परिवहन के दौरान ड्राईवर, हेल्पर को पीने लिये पर्याप्त मात्रा में पानी साथ में रखना होगा, गन्तव्य स्थान तक पहुंचने से पूर्व बीच में रूकने या हाॅल्टिंग की अनुमति नहीं होगी। कलेक्टर द्वारा सभी एसडीएम को उचित जगहों का चिन्हांकन कर बेरियर लगाने के निर्देश दिये गये हैं। एसडीएम को संबंधित क्षेत्र का दौरा कर स्थिति पर नजर रखने व समय-समय पर पेट्रोलिंग कार्य करवाने के भी निर्देश दिये गये हैं।

 

08-09-2020
विकास उपाध्याय प्रदेश के पहले 'फीवर क्लीनिक' का कल करेंगे शुभारंभ,एलईडी से लैस 5 गाड़ियां करेंगी लोगों को जागरुक  

रायपुर।। संसदीय सचिव विकास उपाध्याय रायपुर में बढ़ते कोविड-19 संक्रमण से बचाव के लिए हर स्तर पर इसे रोकने काम कर रहे हैं। उन्होंने मंगलवार को 5 एलईडी से लैस 5 गाड़ियों की जागरुकता लाने झंडी दिखाकर शुरुआत की। विकास उपाध्याय पूरे प्रदेश में पहले फीवर क्लीनिक की शुरुआत अपने विधानसभा से बुधवार से करने जा रहे हैं। इस क्लीनिक में कोविड-19 के प्रारंभिक लक्षण से संबंधित जांच कर मुफ्त में दवाई का वितरण किया जाएगा। इसकी शुरुआत पहले 2 वार्डों से की जा रही है,इसके बाद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से इसके सार्थक परिणाम की चर्चा कर पूरे वार्डों में शुरुआत करने की योजना है। इस क्लीनिक में सर्दी,जुकाम व बुखार की जांच की जाएगी। विकास उपाध्याय ने ई-रिक्शा के माध्यम से आयुर्वेद काढ़ा वितरण का काम भी सोमवार से ही शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस क्लीनिक में प्रारंभिक जांच से कोई व्यक्ति संक्रमित है या संक्रमित होने की स्थिति में आ गया है,उसे बुखार या सर्दी जुकाम है,पता चलने पर दवाई दी जाएगी। सामान्य व्यक्ति जिसे थोड़ी भी अपनी शारीरिक स्वस्थता को लेकर बदलाव महसूस कर रहा है वह इस क्लिनिक में आकर दवाई मुफ्त में ले सकता है।

विकास उपाध्याय ने कहा कि सरदार वल्लभ भाई पटेल वार्ड क्रमांक 25 के साहू भवन और ठक्कर बापा वार्ड क्रमांक17 कर्मा विद्यालय, दीक्षा नगर, गुढ़ियारी में क्लिनिक की शुरुआत की जा रही है। इसकी सारी तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। इस फीवर क्लीनिक में वार्ड का कोई भी व्यक्ति जिसे बुखार, सर्दी जुकाम की आशंका हो आवश्यक जांच कराकर संक्रमण को रोकने जरूरी दवाई ले सकता है। अपने तरह के इस  फीवर क्लीनिक में जांच को लेकर लैब के साथ आक्सीमीटर, थमार्मीटर, पीपीई कीट और इसके रोकथाम के लिए आवश्यक दवाईयां पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध रहेंगी। इस क्लीनिक में आने वाले सभी व्यक्तियों की जांच करने विशेषज्ञ, चिकित्सक और लैब टैक्निशियन मौके पर ही पूरे समय उपलब्ध रहेंगे। विकास उपाध्याय ने कहा कि उन सभी व्यक्तियों को इसका लाभ मिलेगा, जिनकों यह शिकायत है कि उनकी शिकायतों पर स्वास्थ्य विभाग ध्यान नहीं देता। संबंधित चिकित्सक किसी तरह की जांच करने से बचते हैं। इस तरह के जांच से प्रारंभिक लक्षण वाले मरीजों को चिन्हांकित करने मदद मिलेगी, जिन्हें आवश्यक संक्रमण पूर्व दवाई के आवश्यक डोज देकर रोकने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि, इसके सार्थक परिणाम आते हैं, तो मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को रिपोर्ट प्रस्तुत कर पूरे 70 वार्डों में इसकी शुरुआत अविलंब की जाएगी।

 

Advertise, Call Now - +91 76111 07804