GLIBS
24-08-2020
कोविड-19 के संक्रमण से बचने दिशा-निर्देशों का कड़ाई से करे पालन: कलेक्टर

बीजापुर। जिले में वैश्विक महामारी कोविड-19 के संक्रमण से बचाव एवं रोकथाम के लिए दिशा-निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाये। इस दिशा में क्वारेंटाइन सेंटरों पर सतत् निगरानी रखी जाकर क्वारेंटाइन में रहने वाले लोगों को कतई बाहर निकलने नहीं दिया जाये।इसके साथ ही आइसोलेशन के साथ नियमों का सख्त पालन कराया जाये। वहीं कंटेनमेंट जोन में कड़़ी निगरानी व्यवस्था किया जाये और कंटेनमेंट जोन पर आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति के लिए नियुक्त अधिकारियों द्वारा अनिवार्यतः व्यवस्था सुनिश्चित किया जाये। जिले के सीमावर्ती चेक पोस्ट से आने वाले लोगों की जांच कर अन्य राज्यों से आ रहे लोगों को निर्धारित क्वारेंटाइन में रखा जाये। वहीं हाटबाजारों से सैंपल एकत्र करने सहित टेस्ट में बढ़ोत्तरी किया जाये। जिले के बाढ़ प्रभावित ईलाकों में क्षतिग्रस्त मकानों के निर्माण के लिए प्रभावितों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराया जाए।

इसके साथ ही पशुधन हानि,फसल क्षति आदि के लिए मदद दी जाये। वहीं बाढ़ से क्षतिग्रस्त सड़क,पुलिया और विद्युत लाइन मरम्मत कार्य को तेजी के साथ सुनिश्चित किया जाये। उक्त निर्देश कलेक्टर रितेश कुमार अग्रवाल ने अधिकारियों को दिये। बैठक में डीएफओ अशोक पटेल,सीईओ जिला पंचायत पोषणलाल चन्द्राकर सहित पुलिस तथा सीआरपीएफ के अधिकारी और विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी, जिले में पदस्थ एसडीएम, तहसीलदार,सीईओ जनपद पंचायत एवं नगरीय निकायों के सीएमओ मौजूद थे।


कलेक्टर रितेश कुमार अग्रवाल ने जिले में कोविड-19 के संक्रमित व्यक्तियों में वृद्धि होने के मद्देनजर कोविड-19 के संक्रमण से बचाव एवं रोकथाम के लिए जारी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से परिपालन कराये जाने अधिकारियों को निर्देशित किया। उन्होने इसके लिए सार्वजनिक स्थानों तथा दुकानों, हाट-बाजारों में सोशल डिस्टेंस के पालन सहित मास्क के अनिवार्य उपयोग किये जाने के लिए गंभीरता से  कार्यवाही करने कहा। वहीं क्वारेटाइन में रहने वाले लोगों पर सतत निगरानी रखकर उन्हे बाहर नहीं निकलने देने का निर्देश दिया। उन्होने कंटेनमेंट जोन में कड़ी निगरानी रखे जाने तथाा लोगों की आवाजाही पर पूर्णतः प्रतिबंध लगाने कहा।

 

07-08-2020
क्वारेंटाइन किए गए 11 में से 8 लोगों की रिपोर्ट आई कोरोना पॉजिटिव

कांकेर। जिले के भानुप्रतापपुर विकासखंड में एक बार फिर कोरोना का कहर देखने को मिला,जहाँ  के क्वारेंटाइन सेंटर में एक साथ 8 लोगों का रिपोर्ट कोरोना पाजिटिव आई है। 3 लोगों की जांच रिपोर्ट आनी अभी बाकी है। स्वास्थ्य अधिकारी के मुताबिक भानुप्रतापपुर विकासखंड के ग्राम भेजा में कर्नाटक से आए हुए 10 लोगों तथा सिक्किम से आए एक फौजी को ग्राम भेजा के क्वारेंटाइन सेंटर में रखा गया था। सेंटर में केवल दो कमरे ही हैं,जिसके चलते क्वारेंटाइन किए गए सभी लोग एक दूसरे के सम्पर्क आते गए जिनका कोरोना टेस्ट करने पर फौजी सहित 7 अन्य लोग कोरोना संक्रमित मिले।  जबकि 3 लोगों की रिपोर्ट अभी आनी बाकी है। 

 

23-07-2020
सरकार की पहल : कोरोना मरीजों का तनाव से दूर रखने के लिए चलेंगे ये कार्यक्रम...

रायपुर। कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों में मानसिक स्वास्थ्य की समस्याओं से बचाव के लिए सरकार नई पहल करने जा रही है। कोविड-19 वार्ड, होम आइशोलेशन व क्वारेंटाइन सेंटरों में मरीजों के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। इसके लिए रेडियो जिंगल, पोस्टर, बैनर और सोशल मीडिया का भी इस्तेमाल किया जाएगा। राष्ट्रीय मानिसक स्वास्थ्य कार्यक्रम के उपसंचालक डॉ महेंद्र सिंह के अनुसार कोविड-19 वार्ड, आइसोलेशन एवं क्वारेंटाइन सेंटरों में भर्ती मरीजों और समुदाई में तनाव, अवसाद, एन्गज़ाएटी और ओसीडी जैसी मानसिक समस्या होने की संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए प्रचार-प्रसार किया जाएगा। मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरुकता लाने के लिए सभी जिलों के सीएमएचओ को निर्देश जारी किए हैं। इसके अंतर्गत गाँव से शहरों तक संचालित क्वारेंटाइन सेंटरों में भी लोगों को पाम्प्लेट और पोस्टर बांटे जाएंगे जिससे मानसिक विकारों का रोकथाम किया जा सके।

मानसिक स्वास्थ्य के अंतर्गत कम्युनिटी नर्स और साईकेट्रिक नर्स को मानसिक बीमारियों की पहचान, स्क्रीनिंग एवं सामान्य काउंसलिंग के साथ-साथ साइको सोशल इंटरवेशन के लिए दो चरणों में ऑनलाइन प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके लिए डॉ महेंद्र सिंह ने राज्य मानसिक स्वास्थ्य चिकित्सालय, सेंदरी सहित सभी सीएमएचओ से मानिसक स्वास्थ्य कार्यक्रम में पदस्थ स्टॉफ नर्सों की जानकारी मांगी है। डॉ. सिंह ने बताया मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के जिलों के नोडल अधिकारियों को निमहंस बेंगलुरू के विशेषज्ञों द्वारा आत्महत्या रोकथाम के लिए 25 जुलाई से गेटकीपर प्रशिक्षण दिया जाएगा। यह प्रशिक्षण क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट, साइकेट्रिक नर्स, साईकेट्रिक सोशल वर्कर, कम्युनिटी नर्स और योगा ट्रेनर के लिए अनिवार्य की गई है। यह ट्रेनिंग ऑनलाइन होगी।

22-07-2020
श्रमिकों को क्वारेंटाइन के दौरान लगाए पौधों से अब भी लगाव, महीने भर बाद भी जा रहे हैं उनकी देखभाल करने

रायपुर/बेमेतरा। छत्तीसगढ़ लौटने के बाद क्वारेंटाइन सेंटर में रहने के दौरान लगाए पौधों से श्रमिकों को इतना लगाव हो गया है कि वे वहां से निकलने के करीब महीने भर बाद भी उनकी देखभाल कर रहे हैं। बेमेतरा जिले के मटका गांव के स्कूल में बनाए गए क्वारेंटाइन सेंटर में रह चुके लोग अपने लगाए पौधों को पानी देने और देखभाल करने अब भी स्कूल परिसर जाते हैं। यह उनके लिए कठिन समय की एक सुखद याद की तरह है।प्रवासी श्रमिकों के लिए प्रदेश भर में बनाए गए क्वारेंटाइन सेंटर्स में वहां मुश्किल समय में रह रहे लोगों का तनाव कम करने उन्हें कई तरह की रचनात्मक और मनोरंजक गतिविधियों में व्यस्त रखा गया था। इस दौरान खेल,पठन-पाठन, वृक्षारोपण और योगाभ्यास जैसी गतिविधियों के माध्यम से उनका तनाव कम किया जा रहा था। कुछ क्वारेंटाइन सेंटर्स में निरक्षर प्रवासी श्रमिकों ने अक्षर ज्ञान भी सीखा। क्वारेंटाइन अवधि पूरा होने तक उन्होंने अपना नाम लिखना और कुछ-कुछ पढ़ना भी सीख लिया था। बेमेतरा विकासखंड के मटका, जोंग, अमोरा, पथर्रा और जेवरा गांव में बनाए गए क्वारेंटाइन सेंटर्स में रह रहे प्रवासी श्रमिकों ने बेहद उत्साह से पौधरोपण किया था। उन्होंने अपने क्वारेंटाइन सेंटर वाले स्कूल परिसर में आम, कटहल, बरगद, गुलमोहर और नीम के पौधे लगाए थे।

वे इनकी नियमित देखभाल और पानी देने का काम भी कर रहे थे। इन पौधों से अब उन्हें इतना लगाव हो गया है कि क्वारेंटाइन सेंटर से अपने घर पहुंचे करीब एक महीना बीत जाने के बाद भी स्कूल परिसर जाकर इनकी देखभाल करते हैं। अपने लगाए सभी पौधों को सुरक्षित देखकर वे गहरा संतोष और सुकून महसूस करते हैं। बेमेतरा जनपद पंचायत द्वारा इन स्कूलों में पौधरोपण के लिए पौधे और अन्य संसाधन उपलब्ध कराए गए थे।प्रवासी श्रमिकों की कोशिशों से स्कूल परिसर हरा-भरा हो गया है। पुणे, लखनऊ और नागपुर से लौटे कुछ निरक्षर श्रमिकों ने मटका,जोंग और अमोरा के क्वारेंटाइन सेंटर्स में अक्षर ज्ञान भी सीखा। साथियों से उन्होंने क्वारेंटाइन अवधि पूरी होने तक अपना नाम लिखना और कुछ-कुछ पढ़ना भी सीख लिया था। क्वारेंटाइन सेंटर के अधिकारियों ने भी उन्हें लगातार प्रोत्साहित कर अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराई। निरक्षर के रूप में क्वारेंटाइन सेंटर पहुंचे लोगों ने क्वारेंटीन अवधि पूरी कर घर जब लौटने के समय रजिस्टर में अपने नाम के आगे अंगूठा लगाने की जगह हस्ताक्षर किए, तो उनके चेहरों की चमक देखते ही बनती थी। इस मुश्किल दौर ने उन्हें मुस्कुराने की ठोस वजह दी है।

 

20-07-2020
किर्गिस्तान से लौटे युवक और एक महिला की रिपोर्ट पॉजिटिव...

धमतरी। जिले में कोरोना के दो नए केस सामने आए है। बता दें कि एक युवक किर्गिस्तान से लौटा था जो शहर के बठेनापारा वार्ड का रहने वाला है। धमतरी आने के बाद उसे रुद्री रोड साहू सदन स्थित पेड क्वारेंटाइन सेंटर में रखा गया था। रिपोर्ट मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम साहू सदन पहुंच चुकी है, उसे कोविड अस्पताल धमतरी में शिफ्ट करने की तैयारी है। वहीं एक महिला की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है। महिला सन्तलहरी नगर की रहने वाली है। उसका पति ठेकेदार है जो पॉजिटिव होने के बाद पहले ही एम्स में भर्ती है। प्रायमरी सम्पर्क में आने के कारण महिला का सैम्पल लिया गया था तथा अन्य बीमारी भी होने के कारण एम्स रेफर किया गया हैं। जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. विजय फूलमाली ने बताया कि दोनों मरीजों की सम्पर्क हिस्ट्री निकाल ली गई है। दोनों क्वारेंटाइन में थे, इसलिए इनसे अन्य लोगों में संक्रमण फैलने की आशंका नहीं है।

13-07-2020
नगर पालिक निगम चिरमिरी में तीन नए कंटेनमेंट जोन घोषित

कोरिया। जिले के नगर पालिक निगम चिरमिरी क्षेत्र में 6 नए कोरोना पॉजिटिव पाए जाने के कारण नए कन्टेनमेंट जोन बनाये गये हैं। इनमें क्वारेंटाइन सेंटर जेट हॉस्टल, कुरासिया, गोदरीपारा के 3 मरीज,क्वारेंटाइन सेंटर एस.ई.सी.एल. हास्पिटल कोरिया कॉलरी वार्ड कं. 06 में 1 मरीज तथा क्वारेंटाइन सेंटर आई.टी.आई. चिरमिरी, वार्ड कमांक 5 में 2 मरीज शामिल हैं। कोरोना वायरस के संक्रमण के फैलाव को दृष्टिगत रखते हुए क्वारेंटाइन सेंटर जेट हॉस्टल कुरासिया, गोदरीपारा चिरमिरी से पूर्व दिशा में बी टाईप पार्क गोदरीपारा (वार्ड क. 31), पश्चिम दिशा में सत्संग भवन गोदरीपारा (वार्ड क. 34), उत्तर दिशा में जोन वार्ड कार्यालय वार्ड ऑफिस (वार्ड क. 33) तथा दक्षिण दिशा में परियोजना कार्यालय महिला एवं बाल विकास, लाल बहादुर शास्त्री मैदान(वार्ड क. 31) को सील करते हुए कन्टेनमेंट जोन घोषित किया गया है।

इसी तरह नगर पालिक निगम चिरमिरी के क्वारेंटाइन सेंटर एसईसीएल हास्पिटल से पूर्व दिशा में अम्बेडकर चैक की ओर जाने वाली पक्की सड़क, पश्चिम दिशा में उड़िया दफाई, कृष्णा मंदिर, उत्तर दिशा में मो.उस्मान, मुकेश, अनिल का मकान तथा दक्षिण दिशा में हेमा सरकार व संतोषी का मकान तक कंटेनमेंट जोन घोषित किया गया है। नगर पालिक निगम चिरमिरी के क्वारेंटाइन सेंटर आईटीआई चिरमिरी, वार्ड कमांक 05 में 02 मरीज पॉजीटिव पाये जाने के कारण क्वारेंटाइन सेंटर आईटीआई चिरमिरी से पूर्व दिशा में पल्थाजाम पहाड़ चिरमिरी, वार्ड कमांक 5, पश्चिम दिशा में नगर पालिक निगम चिरमिरी का एसएलआरएम सेंटर की बाउण्ड्री, उत्तर दिशा में सरभोखा पहाड़ तथा दक्षिण दिशा में आईटीआई छात्रावास भवन तक कन्टेनमेंट जोन घोषित किया गया है। आम नागरिकों का उक्त क्षेत्र में सामान्य रूप से आवाजाही पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेगी। उपरोक्त कन्टेनमेंट जोन के प्रभारी अधिकारी एसडीएम खड़गवां-चिरमिरी पीव्ही खेस मोबाइल नं- 9977875252 को नियुक्त किया।

 

11-07-2020
Video: क्वारेंटाइन सेंटर में युवक ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, पुलिस जुटी जांच में

अंबिकापुर। सरगुजा जिले के सीतापुर थाना क्षेत्र के ग्राम केरजु स्थित क्वारेंटाइन सेंटर में शनिवार की दोपहर एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। युवक कुछ दिन पूर्व ही रायपुर से लौटा था। इसके बाद उसे गांव के ही क्वारेंटाइन सेंटर में रखा गया था। युवक ने किस कारण से आत्महत्या की इसका पता नहीं चल सका है। सरगुजा एसपी मौके पर पहुंचकर मामले की जाँच करने पहुंचे। सीतापुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम केरजु निवासी प्रदीप केरकेट्टा ने रायपुर से 2 जुलाई को ही अपने गांव लौटा था। राजधानी से आने की सूचना पर स्वास्थ्य अमले द्वारा उसे केरजु स्थित क्वारेंटाइन सेंटर में रखा गया था। इसी बीच शनिवार की दोपहर उसने क्वारेंटाइन सेंटर में ही फांसी लगाकर आत्महत्या कर लिया। सेंटर की देख-रेख में लगे कर्मचारियों ने इसकी सूचना प्रशासन, पुलिस व स्वास्थ्य अमले को दी। सूचना मिलते ही अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे और युवक का शव नीचे उतरवाया और पीएम के लिए अस्पताल भेजा गया। इधर सीतापुर पुलिस कारणों का पता लगाने में जुटी है। बता दें कि महीने भर पहले ही अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल के टीबी आइसोलेशन वार्ड में भी एक युवक ने फांसी लगा ली थी।

10-07-2020
लॉक डाऊन के दौरान अन्य प्रदेशों से आए लोगों के परिवहन और क्वारेंटाइन सेंटर पर हुए खर्च के लिए 13 करोड़ आवंटित

रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के राजस्व और आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से कोविड-19 के दौरान लॉक डाउन की अवधि में प्रदेश के बाहर से आए मजदूरों पर क्वारेंटाइन सेंटर और उनके परिवहन पर हुए व्यय के लिए प्रदेश के सभी जिलों के लिए राशि आवंटित की गई है। इसमें 13 करोड़ 31 लाख 40 हजार 940 रूपए की राशि आवंटित की गई है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की सचिव रीता शांडिल्य ने सभी जिलों के कलेक्टरों को आवंटित राशि राष्ट्रीय आपदा प्राधिकरण के दिशा निर्देशो के अनुसार व्यय करने के निर्देश दिए है। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने यह राशि पीएम केयर फंड के तहत राज्य को आवंटित की है।राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से  रायपुर जिले को 20 लाख 76 हजार 767 रूपए, धमतरी जिले को छह लाख तीन हजार 622 रूपए, बलौदाबाजार जिले को 87 लाख 75 हजार 872 रूपए तथा गरियाबंद जिले को 21 लाख 56 हजार 174 रूपए की राशि आवंटित की गई है।

दुर्ग जिले को 32 लाख 31 हजार 230 रूपए, राजनांदगांव जिले को 55 लाख 67 हजार 884 रूपए, कबीरधाम जिले को दो लाख 62 हजार 320 रूपए, बालोद जिले को 66 लाख 17 हजार 97 रूपए और बेमेतरा जिले को एक करोड़ 16 लाख 61 हजार 760 रूपए की राशि आवंटित की गई है।बिलासपुर जिले को 64 लाख 75 हजार रूपए, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले को 54 लाख 80 हजार 829 रूपए, मुंगेली जिले को 47 लाख 45 हजार 370 रूपए, जांजगीर-चांपा जिले को चार करोड़ 46 लाख 28 हजार 600 रूपए, कोरबा जिले को 22 लाख 89 हजार 134 रूपए और रायगढ़ जिले को पांच लाख 52 हजार रूपए 798 रूपए की राशि आवंटित की गई है।बस्तर जिले को 17 लाख 73 हजार रूपए, दंतेवाड़ा जिले को दस लाख रूपए, बीजापुर जिले को तीन लाख 55 हजार 398 रूपए, सुकमा जिले को 96 लाख 94 हजार 260 रूपए, कोण्डागांव जिले को 36 लाख 15 हजार 360 रूपए, कांकेर जिले को 11 लाख तीन हजार 52 रूपए और नारायणपुर जिले को 14 लाख आठ हजार 960 रूपए की राशि आवंटित की गई है। सरगुजा जिले को 16 लाख 13 हजार 463 रूपए, सूरजपुर जिले को आठ लाख 71 हजार 250 रूपए, बलरामपुर जिले को 20 लाख 60 हजार 136 रूपए, जशपुर जिले को 36 लाख 43 हजार 810 रूपए और कोरिया जिले को आठ लाख 77 हजार 637 रूपए की राशि आवंटित की गई है।

 

08-07-2020
क्वारेंटाइन सेंटर से भागे 14 प्रवासी मजूदरों को जिला प्रशासन ने खोज निकाला, सभी के विरुद्ध मामला दर्ज

बलरामपुर। जिले एक क्वारेंटाइन सेंटर से 14 प्रवासी मजूदरों के भागने का मामला सामने आया है। इसकी सूचना से जिले प्रशासनिक हल्के में हड़कम्प मच गया। वहीं अब पुलिस ने इस मामले में सभी 14 प्रवासी श्रमिकों के विरुद्ध महामारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है। दरअसल रामचंद्रपुर विकासखण्ड के ग्राम डिंडो क्वारेंटाइन सेंटर से 4 जुलाई से प्रवासी मजदूरों के भागने का सिलसिला शुरू हुआ था। देखते ही देखते मजदूरों के भागने का आंकड़ा 14 हो गया था। मजदूरों के पतासाजी के लिए अभियान चलाया गया। आज एसडीओपी रामानुजगंज ध्रुवेश जायसवाल की टीम ने सभी 14 प्रवासी श्रमिकों को उनके घरों से वापस लेकर डिंडो क्वारेंटाइन सेंटर पहुँची है। डिंडो चौकी में सभी के विरुद्ध भादवि की धारा 188,269,270 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। आज जैसे ही प्रवासी श्रमिकों की भागने की खबर फैली तब रामानुजगंज तहसीलदार भरत कौशिक क्वारेंटाइन सेंटर पहुँचे और आनन-फानन में प्रवासी श्रमिकों की पतासाजी की गई। वहीं रामानुजगंज एसडीएम अभिषेक गुप्ता का कहना है कि उन्हें इस मामले की अधिक जानकारी नहीं है। उन्होंने तहसीलदार को मौके पर भेजा है। बहरहाल प्रवासी श्रमिकों के क्वारेंटाइन सेंटर से भागने के मामले में पुलिस ने तत्परता दिखाई और सभी को ढूंढ निकाला।

06-07-2020
जशपुरनगर के 699 क्वारेंटाइन सेंटर में 3156 श्रमिकों को रखा गया है

रायपुर / जशपुरनगर। जशपुर जिले में विभिन्न विकासखंडों में 699 क्वारेंटाइन सेंटर बनाया गया है। क्वारेंटाइन सेंटर में 3156 श्रमिकों को रखा गया है। जिसमें पुरूषों की संख्या 2689 और महिलाओं की संख्या 467 शामिल है। जशपुर विकासखंड के 58 क्वारेंटाइन सेंटर में 142 लोगों को रखा गया हैं। इसी प्रकार मनोरा के 57 क्वारेंटाइन सेंटर में 132 लोगों को, दुलदुला विकासखंड के 90 क्वारेंटाइन सेंटर में 113 लोगों को, कुनकुरी विकासखंड के 153 क्वांरेंटाइन सेंटर में 772 लोगों को, फरसाबहार विकासखंड के 55 क्वारेंटाइन सेंटर में 568 लोगों को कसांबेल विकासखंड के 55 क्वारेंटाइन सेंटर में 288 लोगों को, पत्थलगांव विकासखंड के 128 क्वारेंटाइन सेंटर में 539 लोगों को और बगीचा विकासखंड के 103 क्वारेंटाइन सेंटर में 602 लोगों को रखा गया है। कलेक्टर कावरे के निर्देश पर एसडीएम, जनपद सीईओ और नगरीय निकाय के अधिकारियों की ओर से क्वारेंटाइन सेंटर में पानी, बिजली, शौचालय, भोजन के साथ बुनियादी सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही उनका स्वास्थ्य परीक्षण और मॉनिटरिंग कराई जा रही है। इसके बाद 14 दिनों के क्वारेंटाइन अवधि में उन्हें रखा जा रहा है। इस दौरान मेडिकल टीम की ओर से उनकी सतत् निगरानी की जा रही है।

03-07-2020
बीएसएफ के 8 जवान निकले कोरोना पॉजिटिव

कांकेर। अंतागढ़ के शासकीय कन्या हाईस्कूल नयापारा में क्वारेंटाइन सेंटर में रह रहे 8 बीएसएफ के जवानों की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई हैं। अन्तागढ़ में अब तक 18 बीएसएफ जवान कोरोना संक्रमित हुए है। वहीं जिले भर में अब तक 30 जवानों को कोरोना ने अपनी चपेट में लिया है। ये सभी जवान छुट्टियों से लौटे थे। इस क्वारेंटाइन सेंटर से 9 जवानों का 29 जून को सैंपल भेज गया था। 3 जुलाई को सभी की रिपोर्ट आई,जिसमें मात्र 1 जवान की रिपोर्ट ही निगेटिव आई है बाकी 8 जवानों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसकी पुष्टि कांकेर मुख्य चिकित्सा अधिकारी जेएल उइके ने की है। फिलहाल जवानों को इलाज के लिए जगदलपुर भेजने की तैयारी की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग के मेडिकल बुलेटिन के अनुसार प्रदेश में अब एक्टिव मरीजों की संख्या 637 हो गई है।

 

Advertise, Call Now - +91 76111 07804