GLIBS
22-07-2019
तीन बाबाओं की संपत्ति  हड़प ली और हिस्सेदारों के विरुद्ध लिखा दी फर्जी रिपोर्ट

सूरजपुर।  पैतृक संपत्ति के रिश्तेदारों को अंधेरे में रख युवक ने पहले तो 75 फीसदी जमीन अपने नाम करवा ली और फिर उनमें से अधिकांश जमीन को बेच दिया। इन सब बातों से अनभिज्ञ जमीन के हिस्सेदारों ने खेती शुरू की तो महिलाओं की फौज लेकर मारपीट पर उतारू हो गई। इतना ही नहीं, मारपीट करने के बाद थाने में जाकर फर्जी रिपोर्ट भी दर्ज करा दी जिससे जमीन के हिस्सेदार अपराधी बना दिए गए। इसी शिकायत को लेकर आज परिजनों ने जिले के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक से मुलाकात की। जानकारी के अनुसार ग्राम हररापारा भैयाथान निवासी नरेश कुशवाहा पिता सालिक राम कुशवाहा (55) ने पैतृक संपत्ति की 46 एकड़ जमीन में से 35 एकड़ जमीन कूटरचना कर अपने नाम कर ली है, जबकि इस 46 एकड़ जमीन में उनके चार बाबा के वारिसों में देव साय, जय लाल, विजेंद्र कुमार, अनिल कुमार, राजेंद्र कुशवाहा, वीरेंद्र कुशवाहा, दिनेश कुशवाहा, राम नारायण कुशवाहा, मिथिलेश कुशवाहा, अजय कुशवाहा, राम किसून कुशवाहा, राकेश कुशवाहा, धनेश कुशवाहा, प्रमोद कुशवाहा, राजकुमार कुशवाहा, इंद्रपाल, सुरेंद्र और रामकुमार कुशवाहा के अलावा नरेश व अन्य की बराबर हिस्सेदारी है। अभिलेख के अनुसार इस विवादित भूमि में मुंबई कुशवाहा, शंकर कुशवाहा, सालिक राम कुशवाहा और मंगल कुशवाहा का बराबर बराबर हिस्सा है और इनकी संतान इस संपत्ति के वारिस हंै लेकिन आरोपी नरेश कुशवाहा ने छलपूर्वक तीन बाबा की संपत्ति को अपने नाम करवा लिया और अधिकांश जमीन बेच दी। इस बात की जानकारी हिस्सेदार परिजनों को नहीं लगी और उन्होंने पूर्व की भांति अपनी हिस्से की जमीन की जुताई शुरू कर दी। जब वे अपने हिस्से की जमीन पर खेती कर रहे थे तो नरेश कुशवाहा बाहुबल और महिलाओं की टीम लेकर ट्रैक्टर से वहां पहुंचा और लाठी-डंडा चलाकर कृषि कार्य बंद करा दिया। इतना ही नहीं हिस्सेदारों के साथ मारपीट करने के बाद थाना पहुंचकर उनके ही खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी। परेशान हिस्सेदार परिजनों ने आज जिले के कलेक्टर दीपक सोनी और पुलिस अधीक्षक गिरिजा शंकर जायसवाल से मुलाकात की और ज्ञापन सौंपकर आरोपी नरेश कुशवाहा के काले कारनामों का विवरण दिया। उन्होंने पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई को एकपक्षीय बताते हुए न्याय की मांग की। साथ ही नरेश कुशवाहा के विरुद्ध कारवाई के लिए आवेदन दिया।

16-07-2019
फर्जी नियुक्ति पत्र देकर लाखों रुपए की ठगी करने वाले क्लर्क को कलेक्टर ने किया निलंबित

रायगढ़। कलेक्टर यशवंत कुमार ने जिला कार्यालय रायगढ़ के सहायक ग्रेड-3 (परिवीक्षा) संदीप कुमार श्रृंगी को कई लोगों को नौकरी लगाने के नाम पर फर्जी नियुक्ति पत्र देकर लाखों रुपए की ठगी करने की शिकायत पर तत्काल प्रभाव से निलंबित किया है।
उल्लेखनीय है कि पदम नारायण पटेल ग्राम व पोस्ट धनागर, जिला-रायगढ़ एवं अन्य 5 लोगों के द्वारा सहायक ग्रेड-3 संदीप कुमार श्रृंगी के द्वारा कई लोगों को नौकरी लगाने के पर फर्जी नियुक्ति पत्र देकर लाखों रुपए का ठगी करने के लिए शिकायत प्रस्तुत किया गया था। शिकायत को कलेक्टर ने गंभीरता पूर्वक संज्ञान में लेते हुए छग सिविल सेवा आचरण नियम में निहित प्रावधानों के उल्लंघन होने के फलस्वरूप संदीप कुमार श्रृंगी को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया है।
निलंबन अवधि में संदीप कुमार श्रृंगी का मुख्यालय तहसील कार्यालय रायगढ़ निर्धारित किया गया है तथा इस अवधि में उसे नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा।

10-06-2019
पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति जरदारी को इस जुर्म के लिए किया गया गिरफ्तार 

इस्लामाबाद। पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति आसिफ  अली जरदारी को एनएबी ने फेक बैंक अकाउंट केस में गिरफ्तार किया है। नेशनल एकाउंटिबिलिटी ब्यूरो (एनएबी) की 15 सदस्यीय टीम ने पुलिस कर्मियों के साथ पीपीपी के सह-अध्यक्ष आसिफ  अली जरदारी को सोमवार को इस्लामाबाद में उनके आवास से गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के कुछ घंटे पहले ही इस्लामाबाद हाईकोर्ट ने फर्जी खातों के मामले में जरदारी और उसकी बहन फरयाल तालपुर की गिरफ्तारी की अवधि बढ़ाने की मांग की अर्जी को खारिज कर दिया था। कोर्ट के फैसले के बाद महिला अधिकारी सहित पुलिस कर्मी पूर्व राष्ट्रपति के घर में घुसे। इससे पहले पुलिस ने उनके आवास की तरफ  जाने वाली सभी सड़कों को ब्लॉक कर लिया। दो सदस्यी बैंच, जिसने याचिकाओं पर अपना फैसला सुरक्षित रखा था, ने मौखिक रूप से ये आदेश दिया। फैसला सुनाए जाने से पहले जरदारी और उनकी बहन कोर्ट से चले गए थे। जरदारी के खिलाफ  रविवार को वारंट जारी किए गए थे।

22-05-2019
फर्जी पिट पास से गिट्टी का धंधा करने वाला मुख्य आरोपी अभी भी पुलिस गिरफ्त से बाहर

अम्बिकापुर। फर्जी पिट पास से गिट्टी का धंधा कर राज्य शासन को करोड़ों रुपए का चूना लगाने वाले मुख्य आरोपी रमेश मित्तल को सरगुजा पुलिस अब तक गिरफ्तार नहीं कर पाई है। बता दें कि फर्जी पिट पास से गिट्टी सप्लाई का काम रमेश मित्तल लगभग 2 वर्षों से कर रहा था। वह 1 दिन में 60 से 70 हजार रुपए तक शासन का राजस्व डकार रहा था। हालांकि इस मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है मगर वे सब इस तालाब की छोटी मछलियां थीं। असली मगरमच्छ रमेश मित्तल अभी तक फरार है। सूत्रों की मानें तो इस मामले में रमेश मित्तल को राजनीतिक संरक्षण मिला हुआ है इस कारण पुलिस भी इस पर हाथ डालने से कतरा रही है। यही कारण है कि कई बार अम्बिकापुर में खुले रूप से घूमने के बावजूद पुलिस इसे नहीं पकड़ रही है। हालांकि पुलिस के एक आला अधिकारी ने कहा है कि पुलिस उसकी तलाश कर रही है, जैसे ही पता चलेगा उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

15-04-2019
आडवाणी को लिखे पत्र को जोशी ने बताया फर्जी, जांच की मांग 

नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी के नेता मुरली मनोहर जोशी ने पार्टी के ही वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी को लिखे पत्र को फर्जी बताते हुए उसकी जांच की मांग चुनाव आयोग से की है। बता दें कि यह पत्र पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा को खत में लिखा है कि उन्होंने ऐसा कोई पत्र जारी नहीं किया है। उन्होंने बताया कि मीडिया के मेरे परिचितों ने मुझे फोन किया और बताया कि कल से ही मेरी तरफ से लालकृष्ण आडवाणी को लिखा गया पत्र सोशल मीडिया पर चल रहा है। मैंने इसकी विषय वस्तु पढ़ी है और उन्हें मैं इस पत्र के साथ भेज रहा हूं। मैंने आडवाणी को इस तरह का कोई खत नहीं भेजा है। कृपया मामले पर तुरंत संज्ञान लें और चि_ी के सोर्स का पता लगाएं जिसके जरिए यह सोशल मीडिया पर आया है। ज्ञात हो कि मुरली मनोहर जोशी और लालकृष्ण आडवाणी दोनों को ही पार्टी ने इस बार टिकट नहीं दिया है। 

Advertise, Call Now - +91 76111 07804