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21-10-2019
राज्यपाल ने पुलिस स्मृति दिवस पर शहीद जवानों को दी श्रद्धांजलि  

रायपुर। राज्यपाल अनुसुईया उइके और गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू ने सोमवार को पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर चौथी बटालियन सीएएफ माना में वीर शहीदों को पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। राज्यपाल ने कहा कि आज के दिन हम उन शहीद जवानों को याद करते हैं, जो अपने कर्तव्य निर्वहन के दौरान वीरगति को प्राप्त हुए। साथ ही आज का दिन हमें उन वीर जवानों की अप्रतिम शौर्य गाथा की याद दिलाता है, जिन्होंने मातृभूमि की सेवा के लिए अपना सब कुछ अर्पित कर दिया। उनके साहस और पराक्रम की गाथाएं, हमारे युवाओं को हमेशा प्रेरित करती रहेंगी। ऐसे वीर सपूतों को जन्म देने वाले माता-पिता तथा उनके परिजनों को मैं प्रणाम करती हूं। राज्यपाल उइके ने कहा कि समाज में कानून व्यवस्था एवं शांति बनाए रखने के लिए, पुलिस के जवान हमेशा निष्ठापूर्वक जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हैं। जब सभी नागरिक उल्लासपूर्वक त्यौहार मनाते हैं, तब भी ये जवान अपने परिजनों से दूर रहकर अपनी ड्यूटी पर तैनात रहते हैं। यह गौरव का विषय है कि छत्तीसगढ़ पुलिस के जवानों ने विपरीत परिस्थितियों में भी हर चुनौती का सामना बहादुरी से किया है, चाहे इसके लिए उन्हें अपने प्राणों की आहुति ही क्यों न देनी पड़ी हो। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में तैनात हमारे जवान अत्यंत सूझबूझ एवं साहस के साथ नक्सलियों का सामना करते हैं। हम हमेशा उनके प्रति ऋणी रहेंगे। उनकी बदौलत ही हम सब खुशहाली और अमन चैन से रहते हैं।  राज्यपाल ने शहीदों के परिजनों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं के बारे में जानकारी ली और समाधान करने का आश्वासन दिया।

गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार प्रदेश में शांति एवं व्यवस्था बनाए रखने के लिए वचनबद्ध है। हम नक्सली समस्या के समाधान के लिए गंभीर हैं। अल्प समय में ही प्रदेश में नक्सली वारदातों में काफी कमी आई है, जो कि हमारी सरकार के गंभीर प्रयासों का ही परिणाम है। राज्य सरकार नक्सल प्रभावित क्षेत्र के निवासियों एवं युवाओं को विकास की मुख्यधारा में सम्मिलित करने के लिए अनेक रचनात्मक एवं कल्याणकारी योजनाएं संचालित कर रही है। नक्सल आंदोलन से अलग होने वाले युवाओं के पुनर्वास के लिए भी हमारी सरकार दृढ़ संकल्पित है। पुलिस महानिदेशक डीएम अवस्थी ने कहा कि पुलिस विभाग राज्य में कानून एवं व्यवस्था स्थापित करने में तथा नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में व्याप्त नक्सली गतिविधियों का मुकाबला करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने कहा कि माओवाद अशांति सह प्रजातांत्रिक व्यवस्था के विरूद्ध सक्रिय है तथा समूचा पुलिस बल निष्ठापूर्वक अदम्य साहस एवं ऊर्जा के साथ कर्तव्यस्थ है। इस अवसर पर पूर्व मंत्री एवं विधायक सत्यनारायण शर्मा, विधायक अनिता शर्मा, गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव सीके खेतान, जेल एवं होमगार्ड के महानिदेशक विनय कुमार सिंह, सेवानिवृत्त पुलिस महानिदेशक एएन उपाध्याय, गृह विभाग के सचिव अरूण देव गौतम सहित वरिष्ठ विभागीय अधिकारी एवं पुलिस के जवान तथा शहीदों के परिजनों के परिजन उपस्थित थे।

19-10-2019
जान की बाजी लगाकर बीहड़ो में स्वास्थ्य सेवाएं दे रही एएनएम अनुसुईया राव

बीजापुर। अगर हौसलों पर उड़ान हों तो मंजीलें मिल ही जाती है। कुछ अच्छा कर गुजरने का दिल में जज्बा हो तो तो हर मुश्किल राह भी आसान हो जाती ह, ऐसे ही धुर नक्सल प्रभावित क्षेत्रो में स्वास्थ्य सेवा का अलख जगा रही है एएनएम अनुसुईया राव और इनका साथ दे रहे हैं वर्कर उमेश ककेम। जिनकी जन सेवा के भाव ने न केवल बीहड़ों में स्वास्थ्य सेवा लोगो तक पहुंचाया है वरन इस क्षेत्रों के लोगों  के लिए दिलों मे भी अपना कब्जा जमाया है ।

हम चर्चा कर रहें हैं धुर नक्सल प्रभावित जिला बीजापुर के उसूर विकासखण्ड के स्वास्थ्य केन्द्र बासागुडा से 25 किलो मीटर दूर उप स्वास्थ्य केन्द्र कोण्डापल्ली के अंतर्गत आने वाले टेकुलगुडा ग्राम पंचायतकी। जहां सरकार की नहीं जनताना सरकार की हुकूमत चलती हैं। अति संवेदनशील क्षेत्र होने के चलते शिक्षा, स्वास्थ्य और सरकारी सुविधाएं सिफर हैं। ऐसे में टेकुलगुडा के भरे नदी को पार कर बासागुडा स्वास्थ्य केन्द्र की एएनएम अनसूर्या राव यंहा के ग्रामीणो से मिलकर स्वास्थ्य सेंवाए देती हैं। गर्भवती महिलाओं का टीकारण से लेकर प्रसव तक व बच्चों और लोगों के प्राथमिक उपचार के लिए भी अनुसुईया राव जान जोखिम में डालकर इनके बीच पहुंचती है और उपचार करती है। कैसे बीमारियों से बचा जाये,कैसे गर्भवती महिलाओं को एहतियात बरतनी चाहिये, बीमारी मे क्या खाना चाहिए इन सब की जानकारी एएनएम देती है ।

बीहड़ो में बसा बासागुडा क्षेत्र का दर्जनों गांव

बीजापुर जिले के दर्जनों गांव इसी तरह बिजली, पानी, सड़क, राशन, शिक्षा, स्वास्थ्य जैसे अहम जरूरतों से जूझ रहा है। एक तो अतिसवंदेनशील क्षेत्र उस पर आदिवासी लोगों की बासाहट जहां शासन और प्रशासन कोसो दूर हैं। विकास की लहर इन क्षेत्रों मे पहुंच भी नहीं पा रहा है। अज्ञानता और पिछड़ापन आदिवासियों के जीवन का एक हिस्सा बन कर रह गया है। आुधनिक युग के बावजूद भी बीजापुर क्षेत्र के दर्जनों संवेदनशील व बीहड़ गांव आज भी अपनी दयनीय दशा पर आंसू बहा रहें हैं। इन क्षेत्रों में सारे सरकारी योजनाओं शून्य हैं। बीहड़ो में बसी जिन्दगी शहरी चकाचौंध से आज भी कोसो दूर हैं।

सड़क, पुल के अभाव से मुख्यालय से कटा हुआ है यह क्षेत्र

जैसे की एएनएम अनुसुईया राव को नदी पार करते हुये छायाचित्र मे परिलक्षित हो रहा है। इससे सहज ही अनुमान लगाया जा सकता है कि सरकार चाहे कितने ही विकास का डंका बजाय पर जमीनी हकिकत में सरकारी सुविधाएं इन क्षेत्रों में सपना जेसा हो गया है। अगर पुल- पुलियों का निर्माण होता तो क्या उक्त महिला अपने स्वास्थ्यकर्मी साथियों के साथ इस तरह भरी नदी पार करती, जान जोखिम में डाल स्वास्थ्य सेवांए पहुंचाती, शायद नहीं यह एएनएम की मानवीय सोच है जो हौसले बुंदल कर जन सेवा के लिए तत्पर है ।

कर्मवीर पुरूस्कार की हैं हकदार अनुसुईया राव

नक्सली दहशत से हर रोज दहलने वाला क्षेत्र  बीजापुर के अंदरूनी इलाकों में स्वास्थ्य सेवाओं की अलख जगा रही। लोगों तक जनसेवा की भवनाओं को पहुंचा रही। इस कर्मवीर महिला एएनएम राव के हौसलें को समूचा बस्तर सैल्यूट करता है। प्रशासन, शासन को ऐसे कर्मवीरों को पुरूस्कार से नवाज, हौसला अफजाई करनी चाहिए। ताकि जन सेवा की भावनाएं मुश्किलों को चीर कर लोगो तक पहुंच सके। 

16-10-2019
सुरक्षा बल और नक्सलियों में मुठभेड़, जंगल की तरफ भागे माओवादी

दंतेवाड़ा। जिले में सुरक्षा बलों और माओवादियों के मुठभेड़ की खबर है। मिली जानकारी के अनुसार सीआरपीएफ को नक्सलियों के जमावड़े की सूचना मिली थी कि इलाके में बड़ी मात्रा में नक्सलियों का जमावड़ा है। मुखबिरों की सूचना पर सुरक्षाबलों ने इलाके को घेरा लिया। सीआरपीएफ की 231वीं बटालियन ने जोरदार हमले में कई नक्सलियों को गोली लगने की खबर है। इसके बाद कवर फायर की आड़ लेकर नक्सली जंगलों की तरफ भाग गए। मुठभेड़ में सीआरपीएफ की टीम ने 12 बोर की बंदूके बरामद की है। मुठभेड़ की पुष्टि दंतेवाड़ा डीआईजी डीएन लाल ने की है।

 

13-10-2019
नक्सलियों ने दो दिन बाद दो इंजीनियर और मुंशी को किया रिहा, एसपी पल्लव ने की पुष्टि

दंतेवाड़ा। नक्सलियों ने रविवार को पीएमजीवायएस के दो इंजीनियर और कंपनी के मुंशी को रिहा कर दिया है। दंतेवाड़ा एसपी अभिषेक पल्लव ने आज इसकी पुष्टि की है। बता दें कि शुक्रवार को सड़क निरीक्षण के दौरान नक्सलियों ने सड़क निर्माण कार्य में लगे इंजीनियर अरूण मरावी और टेक्निकल इंजीनियर मोहन बधेल और कंट्रक्शन कंपनी के मुंशी रविकांत सारथी को अगवा कर लिया था। शनिवार देर शाम तीनों को रिहा किए जाने की खबर थी पर रात होने के कारण माओवादियों ने इनकी रिहाई नहीं की थी। माओवादियों ने इंजीनियरों और मुंशी को रविवार को सुबह रिहा किया। विदित हो कि शुक्रवार दोपहर से सब इंजीनियर अरुण मरावी, टेक्निकल असिस्टेंट मोहन बधेल और सुपरवाइजर रविकांत को माओवादियों ने अगवा कर लिया था। इससे प्रशासन में हड़कंप मच गया था। अगवा किए गए लोगों के परिजन और बच्चे नक्सलियों से रिहाई की मांग कर रहे थे। 

 

12-10-2019
पुलिस-नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़, मौके से भागे नक्सली

 

राजनांदगांव। मानपुर के ग्राम सुडियाल एवं बुकमरका के जंगलों में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई है। मुखबिर से मिली सुचना के बाद सुरक्षाबल के जवान नक्सलियों के ठिकानों पर पहुंचे। जवानो के पहुंचते ही नक्सलियों ने गोली बारी शुरू कर दी। जवाब में सुरक्षाबल के जवानों ने भी फायरिंग की। जवानों को भारी पड़ता देख नक्सली मौके से भाग निकले। जवानों ने घटना स्थल से कुकर आईईडी, सोलर प्लेट, आठ नग पिट्ठू, बैटरी, इलेक्ट्रिक तार, बर्तन और दैनिक उपयोग के सामान बरामद किया है। मुठभेड़ के बाद से ही सुरक्षाबलों ने आस पास के इलाके में सर्च अभियान बढ़ा दिया है।

12-10-2019
2 इंजीनियर समेत 3 लोगों का नक्सलियों ने किया अपहरण

दंतेवाड़ा। 2 इंजिनियर समेत 3 लोगों को नक्सलियों द्वारा बंदी बनाए जाने की जानकारी मिली है। सूत्रों के अनुसार तीनों का कल शाम नक्सलियों ने अपहरण कर लिया है, जिसमे 2 इंजिनियर समेत एक अन्य युवक शामिल है। अपहरण कर नक्सलियों ने तीनो को अरनपुर इलाके में रखा है। अभी तक इस पूरी घटना की अधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। अपहरण से इलाके में सनसनी फ़ैल गई है।

 

11-10-2019
Breaking : बीजापुर में पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में एक जनमिलिशिया कमांडर ढेर

बीजापुर। बीजापुर जिले से पुलिस-नक्सली मुठभेड़ की खबर आ रही है। बताया जा रहा है कि यह मुठभेड़ टेक्मेटला के जंगल में हुई है। आधे घंटे तक चली इस मुठभेड़ में एक जनमिलिशिया कमांडर ढेर हो गया है। घटनास्थल से एक भरमार बंदूक भी  बरामद किया गया है। जिला पुलिस बल और सीआरपीएफ 229 बटालियन की संयुक्त पार्टी ने यह कार्रवाई की है। बीजापुर एसपी दिव्यांग पटेल ने मुठभेड़ की पुष्टि की है। सर्चिंग टीम ने मौके से टिफिन बम, कार्डेक्स वायर, पोच, बैटरी, बिजली का तार, एसएलआर के खाली खोखे एवं नक्सली साहित्य भी बरामद किया है। 

 

09-10-2019
हॉफ फोर्स और छत्तीसगढ़ पुलिस की टीम ने ध्वस्त किया नक्सलियों का एमएमसी जोन को

राजनांदगांव। महाराष्ट्र-मध्यप्रदेश एवं छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती क्षेत्र में माओवादियों द्वारा गठित एमएमसी जोन को ध्वस्त करने के लिए चलाए जा रहे नक्सल विरोधी अभियान के तहत 7 अक्टूबर को हाक फोर्स एसटीजी 3 कैम्प मलैदा प्रभारी उप निरीक्षक गोपाल शर्मा को मुखबिर के माध्यम से सुचना मिली कि भावे जंगल में नक्सलियों के ट्रेनिंग कैंप के पास केरा पानी में माओवादियों का डम्प है। इसमें बड़ी मात्रा में नक्सलियों के सामान होने की संभावना है। उक्त सूचना से वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत करा कर सूचना के आधार पर सर्चिंग पार्टी के साथ उक्त स्थान पहुँच कर तलाश करने पर पाया कि एक पहाड़ी के नीचे दबी हुई जमीन है। हमराही फोर्स की मदद से उस जगह की खुदाई की गई जहां 500 लीटर की नीले रंग की एक पानी टंकी गाड़कर रखी गई थी। टंकी  के अंदर एक 12 बोर बंदूक, दो बंडल आईईडी में उपयोग होने वाला वायर, प्लास्टिक की झिल्ली एवं बड़ी मात्रा में दैनिक उपयोग का सामान व नक्सली साहित्य  था।

बरामद सामग्री को जप्त कर थाना गातापार में प्रकरण कायम कर पर विवेचना की जा रही है। उक्त कार्यवाही में पार्टी प्रभारी उपनिरीक्षक गोपाल शर्मा, उपरोक्त सफलता के लिए पुलिस अधीक्षक राजनांदगांव कमल लोचन कश्यप द्वारा मलैदा कैंप पर पहुंचकर उत्साहवर्धन हेतु टीम को 10 हजार के नगद पुरस्कार से पुरस्कृत किया। पुलिस द्वारा लगातार ऑपरेशन चलाए जाने के फलस्वरूप जहां कई सफल मुठभेड़ हुई हैं वहीं बालाघाट एरिया कमेटी सदस्य अजीत के सरेंडर के साथ-साथ पुलिस द्वारा जप्त किए गए बड़ी मात्रा में डंप की बरामदगी एमएमसी जोन को ध्वस्त करने की दिशा में महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में देखा जा रहा है ।

08-10-2019
Breaking : नक्सली और पुलिस में मुठभेड़, एक नक्सली ढेर

दंतेवाड़ा। कटे कल्याण जंगल में नक्सली और पुलिस में मुठभेड़ की खबर आ रही है। इसमें एक नक्सली को सुरक्षा बलों ने ढेर किया है। मारे गए नक्सली का शव पुलिस ने बरामद किया है। इसमें पुलिस को बड़ी मात्रा में नक्सली सामान बरामद हुआ है। मुठभेड़ में सुरक्षाबलों के जवान के हताहत होने की खबर नहीं है। बस्तर के आईजी विवेकानंद सिन्हा ने घटना की पुष्टि की है।

मिली जानकारी के अनुसार मुठभेड़ में शामिल दो जवान घायल हो गए। इसमें एक जवान की अस्पताल ले जाते समय हार्टअटैक से मौत हो गई। एसपी के मुताबिक 40 से 50 नक्सली मुठभेड़ में शामिल थे। एसपी के अनुसार नक्सली चित्रकोट चुनाव को प्रभावित करने की साजिश रच रहे थे। एसपी ने बताया कि नक्सली जीरम जैसी घटना को अंजाम देने की फिराक में थे। पुलिस ने सुरक्षा के मद्देनजर आसपास के क्षेत्र में सर्चिग बढ़ा दी गई।

 

30-09-2019
Breaking : नक्सली और सुरक्षा बलों में मुठभेड़, भागे माओवादी

राजनांदगांव। पुगदा एवं कोरचा के बीच जंगल पहाड़ी में लगभग 10-12 की संख्या में माओवादी कैम्प की सूचना पर थाना कोहका से जिला पुलिस बल, डीआरजी टीम, सीएएफ एवं आईटीबीपी की अलग अलग पार्टी रवाना की गई थी। पुलिस पार्टी सर्चिंग करते आगे बढ़ रही थी की सुबह 7.30 बजे पुगदा जंगल पहाड़ी में पहले से घात लगाकर बैठे माओवादियों ने पुलिस पार्टी पर अंधाधुन्ध फायरिंग शुरू कर दिये। पुलिस पार्टी ने भी मोर्चा लेकर माओवादियों की फायरिंग का जवाब दिया। इससे माओवादी जंगल पहाड़ का आड़ लेकर भाग गए। फायरिंग बंद होने के बाद सुरक्षा बलों ने घटना स्थल की जांच की। इसमें 1 नग क्लेमोर माइंस, जेरिकन, स्टील बर्तन एवं भारी मात्रा में दैनिक उपयोग का सामान बरामद किए गए। माओवादियों की पता तलाश और सर्चिंग जारी है।

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