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23-11-2020
महाराष्ट्र प्रवेश पर इन राज्यों के लोगों को दिखानी होगी कोरोना निगेटिव टेस्ट रिपोर्ट, तब मिलेगी एंट्री

मुंबई। कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रणम को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने दिल्ली, राजस्थान, गुजरात और गोवा से यात्रा कर राज्य में पहुंचने वाले लोगों के लिए कोविड-19 की आरटी-पीसीआर की निगेटिक रिपोर्ट दिखाना जरूरी कर दिया है। ऐसे में महाराष्ट्र में एंट्री तभी मिलेगा जब इन राज्य के लोगों के पास निगेटिव रिपोर्ट रहेगी। बता दें कि महाराष्ट्र सरकार ने यह फैसला राजधानी दिल्ली समेत इन राज्यों कोरोना वायरस के बढ़ते केसों को ध्यान में रखते हुए लिया है। सरकार की ओर से इस संबंध में पूरी गाइड लाइन जारी की जाएगी।
महाराष्ट्र सरकार की ओर से जारी दिशा-निर्देश में कहा गया है कि दिल्ली, राजस्थान, गुजरात और गोवा से राज्य में आने वाले लोगों की कोविड-19 लक्षणों के लिए जांच करेगी और जिनमें लक्षण नहीं होंगे, केवल उन्हें ही प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।


महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने राज्य के लोगों से कोविड-19 के विरूद्ध अपनी सावधानियां कम नहीं करने तथा दूसरे लॉकडाउन से बचने के लिए स्वास्थ्य सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील की। उन्होंने कहा कि वैसे उन्हें रात का कर्फ्यू लगाने की सलाह दी गयी है लेकिन वह नहीं मानते कि ऐसी पाबंदियों को लागू कर कुछ भी हासिल किया जा सकता है। उन्होने कहा कि लॉकडाउन की शर्तों में ढील देने का मतलब यह नहीं है कि महामारी चली गयी, इसलिए लोगों को सावधान रहने की जरूरत है।

 

 

02-11-2020
आरक्षण को लेकर गुर्जरों ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा, रेल पटरियों पर बैठे,इंटरनेट सेवाएं बंद

नई दिल्ली। राजस्थान में एक बार फिर गुर्जरों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। इस बार भी आरक्षण आंदोलन का केंद्र भरतपुर जिला है, जहां पर गुर्जर नेता ट्रेन की पटरियों पर बैठ गए हैं। जिस वजह से दिल्ली-राजस्थान-मुंबई रूट बुरी तरह से प्रभावित हुआ है। एक ओर प्रशासन ने आंदोलन को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं, तो वहीं दूसरी ओर रेलवे ने ट्रेनों को रद्द करना, रूट बदलना और गंतव्य से पहले स्थगित करना शुरू कर दिया है। वहीं इस आंदोलन में गुर्जर दो गुटों में बंट गए हैं। गुर्जर नेताओं के प्रतिनिधिमंडल ने राज्य सरकार के प्रतिनिधियों से बात की थी। इस दौरान 14 बिंदुओं पर सहमति बनी। बैठक को गुर्जर नेता हिम्मत सिंह ने सकारात्मक बताया था। साथ ही कहा था कि सरकार उनकी मांगों को पूरा कर देगी, ऐसे में आंदोलन की जरूरत नहीं है। वहीं दूसरी ओर गुर्जर आंदोलन की हर बार अगुवाई करने वाले कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला इसमें शामिल नहीं हुए। इससे बाद बड़ी संख्या में गुर्जर ट्रेन की पटरियों पर पहुंच गए। जिससे साफ हो गया कि गुर्जर दो धड़े में बंट गए हैं। वहीं पटरी पर बैठे गुर्जर नेता इस बार सरकार के आश्वसन पर मानते हुए नहीं दिख रहे। उनके मुताबिक इस बार उनकी ओर से कोई प्रतिनिधिमंडल सरकार से बात करने नहीं जाएगा, जिसको भी बात करनी है उसको आंदोलन स्थल पर आना पड़ेगा। प्रशासन भी हिंसा की आशंका के मद्देनजर पूरी सतर्कता बरत रहा है। गुर्जर आंदोलन के कारण राजस्थान में गुर्जर बाहुल्य दौसा, करौली, सवाई माधोपुर पूरे जिले में जबकि भरतपुर के बयाना और जयपुर जिले की पांच तहसील कोटपूतली, पावटा, शाहपुरा, विराटनगर और जमवारामगढ़ में इंटरनेट बंद कर दिया गया है। बात दें कि बीते 14 साल से राजस्थान में गुर्जर आरक्षण को लेकर आंदोलनरत हैं। छह बार बड़े स्तर पर आंदोलन कर चुके हैं। इसमें 72 लोगों की मौत भी हुई है, लेकिन गुर्जरों का मानना है कि अभी तक उनकी मांग पूरी नहीं हुई है। अब ये उनका सातवां आंदोलन है।

23-10-2020
पटाखा दुकान में लगी आग, लाखों का नुकसान

नई दिल्ली। राजस्थान में अजमेर के क्लाक टावर थाना क्षेत्र में पटाखों की एक दुकान में शुक्रवार को आग लग गई। इससे लाखों रुपए के पटाखे नष्ट हो गए जबकि आसपास की दुकानों को भी क्षति पहुंची है। बताया जा रहा है कि केसरगंज पुलिस चौकी के नजदीक गोल चक्कर पर सुबह पांच बजे आग लग गई। हालांकि इसकी सूचना करीब साढ़े छह बजे फायर ब्रिगेड को मिली। इस पर दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंची और दस गाड़ियों ने करीब ढाई घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। जानकारी के मुताबिक केसरगंज गोल चक्कर पर एक बंद पटाखे दुकान में सुबह पांच बजे आग लग गई। अंदर माल भरा होने से धीरे धीरे बारूद ने विकराल रूप लेना शुरू कर दिया। इसके कारण आसपास की दुकानों को भी व्यापक क्षति पहुंची है। दुकान में किन कारणों से आग लगी इसका अभी पता नहीं चल पाया है। बताया जा रहा है कि दुकान में बड़ी मात्रा में पटाखों का स्टॉक मौजूद था। पूरे हादसे में कुल कितना नुकसान हुआ इसका अभी खुलासा नहीं हो सका है।

09-10-2020
जमीन विवाद पर पुजारी को पेट्रोल डालकर जिंदा जलाया, अस्पताल में हुई मौत, सीएम ने कहा- दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा

जयपुर। राजस्थान में एक मंदिर के 50 वर्षीय पुजारी को राज्य के करौली में छह दबंगों द्वारा पेट्रोल डालकर जिंदा जला दिया गया। उसने मंदिर अधिकारियों की जमीन पर अतिक्रमण करने के प्रयास का विरोध किया था, जिसके बाद इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया गया। पुलिस ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। इस मामले पर ट्वीट करते हुए सीएम अशोक गहलोत ने कहा, “सपोटरा, करौली में बाबूलाल वैष्णव की हत्या अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण एवं निंदनीय है,सभ्य समाज में ऐसे कृत्य का कोई स्थान नहीं है। प्रदेश सरकार इस दुखद समय में शोकाकुल परिजनों के साथ है। घटना के प्रमुख आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है एवं कार्रवाई जारी है। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।गौरतलब है कि बुरी तरह जले पुजारी ने एसएमएस अस्पताल में गुरुवार शाम को दम तोड़ दिया। करौली के एसपी मृदुल कच्छवा के अनुसार, पुलिस ने बुकना गांव में हुए अपराध के 24 घंटे के भीतर मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुजारी बाबूलाल वैष्णव ने अपने बयान में कहा कि वह और उनका परिवार गांव में राधा कृष्ण मंदिर की देखरेख कर रहे थे और मंदिर के नाम पर आवंटित भूमि का उपयोग उनके द्वारा खेती के लिए किया जा रहा था।

गुरुवार को सुबह करीब 10 बजे आरोपी कैलाश कुछ लोगों के साथ आया और जमीन पर टिन शेड लगाने लगा। जब वैष्णव ने विरोध किया, तो उन्होंने उस पर पेट्रोल छिड़का और आग लगा दी। अपराध की गंभीरता को देखते हुए, एसपी ने टीमों का गठन किया है और अपराधियों का पता लगाने के लिए जांच शुरू की है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है, लेकिन इस मामले में अन्य आरोपियों को पकड़ने के लिए उनकी तलाश की जा रही है।अपनी प्राथमिकी में पुजारी के भतीजे ने कहा कि छह लोग इस अपराध में शामिल हैं, जिन्होंने पुजारी को पेट्रोल डालकर आग के हवाले कर दिया। इस बीच, पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने अपने बयान में कहा कि यह एक अत्यंत निंदनीय अपराध है। बढ़ती अपराध की घटनाओं को देखते हुए, यह स्पष्ट है कि दलित, महिलाएं, व्यापारी, बच्चे, राज्य में कोई भी सुरक्षित नहीं है। उन्होंने आगे कहा कि राज्य सरकार को नींद से जागने और आरोपियों को इस मामले में सख्त सजा देने की जरूरत है।

 

16-09-2020
राजस्थान: श्रद्धालुओं को ले जा रही नाव पलटी,6 शवों को निकाला,बचाव अभियान जारी

जयपुर। कोटा की चंबल नदी में लगभग 45 श्रद्धालुओं को ले जा रही नाव अचानक पलट गई। नाव पलटने के बाद नदी से अब तक करीब 6 लोगों का शव निकाल लिया गया है। बाकी लोगों की तलाश जारी है।मिल रही जानकारी के मुताबिक, सभी लोग नाव में सवार होकर एक मंदिर पूजा आराधना करने के लिए जा रहे थे। इसी दौरान यह घटना घटी है। एसडीएम (इटावा) रामावतार बरनाला ने कहा कि तीन शव बरामद कर लिए गए हैं। बचाव अभियान जारी है। लेकिन, खबर लिखने तक सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक 6 शव को निकाल लिया गया है। अब भी बचाव कार्य व लोगों की तालाशी जारी है।सीएम अशोक गहलोत ने जानकारी मिलते ही इस घटना को दु:खद बताते हुए मृतकों के परिवार को सांत्वना के तौर पर एक लाख रुपये देने की बात कही है।

बताया जा रहा है कि कलेक्टर एसपी मौके पर पहुंचे गए हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है और गोताखोरों की मदद से शव निकाले जा रहे हैं। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने दुःख जताया है।वहीं, लोकसभा सचिवालय कोटा जिला कार्यालय से घटना की जानकारी ले रहा है। मंत्री शांति धारीवाल ने जिला कलेक्टर व एसपी को रेस्क्यू ऑपरेशन त्वरित रूप से चलाने का निर्देश दिया है। घटना के समय नाव में करीब 14 बाइक भी थी जिन्हें नदी पार करवाने के लिए नाव में ही रखा था। घटना के तुरंत जानकारी मिलने के बाद आस पास मौजूद लोग ग्रामीणों को बचाने के लिए नदी पर पहुंचे। जानकारी अनुसार, यह हादसा गोठला कला के पास कमलेश्वर धाम जाते हुए हुआ। 

14-09-2020
हिरण शिकार मामले में सलमान खान को 28 सितंबर को अदालत में होना होगा पेश

मुंबईं। हिरण शिकार मामले में अभिनेता सलमान खान को जोधपुर की अदालत में पेश होना होगा। राजस्थान की जोधपुर की जिला अदालत ने सलमान खान को 28 सितंबर को पेश होने को कहा है। इस मामले में सोमवार को जिला जज की ओर से आदेश जारी किया गया। सोमवार को हुई सुनवाई में सलमान के वकील हस्तीमल सारस्वत अदालत में मौजूद रहे।

 

10-09-2020
सर्वमंगला कस्ट्रक्शन कंपनी से लाखों की धोखाधड़ी, मामला दर्ज

रायपुर/कोरबा। राजस्थान की पार्टी ने कोरबा की एससीसी कंपनी से 35 लाख की धोखाधड़ी को अंजाम दिया है। क्रशर प्लांट के लिए मशीनरी सामानों की आपूर्ति मेें डुप्लीकेट सामान भेजा गया। कोतवाली पुलिस ने राजस्थान की पार्टी के विरूद्ध अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की है। कोतवाली टीआई दुर्गेश शर्मा ने बताया कि कोरबा जिले में कार्यरत सर्वमंगला कस्ट्रक्शन कंपनी (एससीसी) के संचालक आशीष अग्रवाल पिता राजकुमार अग्रवाल के द्वारा क्रशर प्लांट स्थापना से संबंधित सामानों की आपूर्ति के लिए उदयपुर राजस्थान के व्यापारी सिद्धार्थ जैन से संपर्क किया गया था। सिद्धार्थ जैन के साथ क्रशर प्लांट लगाने के लिए आवश्यक मशीनों का सौदा हुआ और इसके एवज में 45 लाख रुपए एससीसी द्वारा दिए गए।

इधर सिद्धार्थ जैन ने जो सामान भिजवाया, वह डुप्लीकेट और अनुपयोगी निकला जिसकी कीमत महज 8 से 10 लाख रुपए आंकी गई है। इस संबंध में आशीष अग्रवाल के द्वारा सिद्धार्थ जैन से संपर्क कर किया गया सौदा रद्द करने अथवा सही सामान भेजने या रुपए वापस करने की मंशा जाहिर की गई लेकिन सिद्धार्थ जैन ने किसी भी तरह से प्रतिक्रिया नहीं दी। 3-4 माह इंतजार के बाद आखिरकार आशीष अग्रवाल ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। आशीष अग्रवाल की रिपोर्ट पर आरोपी सिद्धार्थ जैन के विरूद्ध धारा 420 भादवि के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना की जा रही है।

05-09-2020
ऑनलाइन ठगों को धर-दबोचने राजधानी पुलिस झारखंड और राजस्थान रवाना...

रायपुर। शहर में बढ़ती ऑनलाइन ठगी की घटनाओं में पुलिस और साइबर टीम शातिर ठगों को दबोचने के लिए झारखंड के जामताड़ा और राजस्थान के भरतपुर रवाना हो गई है। साथ ही एक टीम ने दिल्ली में डेरा डाल दिया है। तीनों जगहों शातिर ठगों की लोकेशन ट्रेस होने के बाद टीम वहां उनकी घेराबंदी कर उन्हें पकड़ा जाएगा। पुष्ट सूत्रों के मुताबिक ऑनलाइन ठगी की वारदात को लगातार अंजाम दे रहे जामताड़ा, दिल्ली और भरतपुर गिरोह के शातिर रोज किसी न किसी को ऑनलाइन ठगी का शिकार बना रहे हैं। इन शातिरों को दबोचने के लिए रवाना हुई प्रत्येक टीम में 6-6 जवान शामिल हैं। जामताड़ा रवाना हुई टीम को एक प्रशिक्षु डीएसपी लीड कर रहे हैं, जबकि भरतपुर जाने वाले टीम को एक एसआई लीड कर रहे हैं। उम्मीद की जा रही है कि पुलिस की टीम शातिरों को दबोचने के बाद ही रायपुर वापस लौटेगी।

16-08-2020
राजस्थान के नए प्रभारी महासचिव बनाए गए अजय माकन

नई दिल्ली। राजस्थान में गहलोत सरकार के विश्वास मत जीतने के दो दिन के अंदर कांग्रेस आलाकमान ने सचिन पायलट की एक बड़ी मांग मानते हुए प्रभारी अविनाश पांडे को हटा दिया है। उनकी जगह पूर्व केंद्रीय मंत्री और राहुल गांधी के भरोसेमंद अजय माकन को महासचिव बना कर राजस्थान का प्रभार दिया गया है। लगभग पांच सालों के अंतराल के बाद अजय माकन की कांग्रेस के केंद्रीय पदाधिकारी के तौर पर वापसी हुई है। इसके साथ ही कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने राजस्थान का मामला सुलझाने के लिए पूर्व में की गई घोषणा के मुताबिक तीन नेताओं उच्चस्तरीय कमिटी का गठन भी कर दिया है।

वरिष्ठ नेता अहमद पटेल, कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल और राज्य के नए प्रभारी अजय माकन इस कमेटी के सदस्य बनाए हैं। इस कमेटी के सामने पायलट गुट की शिकायतों का समाधान निकालने की चुनौती है।अजय माकन पायलट की बगावत के बाद बतौर पर्यवेक्षक करीब एक महीना राजस्थान में पार्टी के विधायकों के साथ रह कर उन्हें एकजुट रखने का प्रयास कर कर रहे थे और साथ ही पायलट को मनाने की कोशिश भी कर रहे थे। माकन के पास संगठन और सरकार का अच्छा खासा अनुभव है और इसके अलावा उनकी छवि सुलझे हुए विनम्र नेता की है।

 

10-08-2020
राहुल और प्रियंका गांधी ने की बैठक, राजस्थान में सियासी हलचल पर हुई चर्चा

नई दिल्ली। राजस्थान विधानसभा के प्रस्तावित सत्र से कुछ दिनों पहले तेज हुई सियासी हलचल की पृष्ठभूमि में कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने सोमवार को बैठक की। सूत्रों के मुताबिक, राहुल गांधी के आवास पर कांग्रेस के दोनों नेताओं ने बैठक की। माना जा रहा है कि दोनों ने अशोक गहलोत सरकार के खिलाफ बगावत करने वाले पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट और उनके समर्थक विधायकों तथा आगे के कदमों के बारे में चर्चा की। ऐसी खबरें हैं, पायलट एक बार फिर से कांग्रेस के शीर्ष नेताओं के संपर्क में हैं और जल्द ही कोई समाधान निकल सकता है। हालांकि, पायलट खेमे और कांग्रेस की तरफ से इसकी आधिकारिक रूप से कोई पुष्टि नहीं हुई है। गौरतलब है कि 14 अगस्त से राजस्थान विधानसभा का सत्र आरंभ होगा,जिसमें मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बहुमत साबित करने का प्रयास करेंगे। उधर, पायलट और बागी विधायकों के साथ बातचीत और सुलह के बारे में पूछे जाने पर कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा, हमने पहले भी कहा है और आज भी कह रहे हैं कि अगर पायलट और दूसरे बागी विधायक सरकार को अस्थिर करने के प्रयास के लिए माफी मांग लें तो पार्टी उन्हें फिर से अपनाने पर विचार कर सकती है।

 

 

01-08-2020
राजस्थान में हो रहे तमाशे को बंद करवाएं मोदी : अशोक गहलोत  

नई दिल्ली। राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को आरोप लगाया कि भाजपा उनकी सरकार को गिराने के लिए विधायकों की खरीद-फरोख्त का बड़ा खेल खेल रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से राजस्थान में चल रहे इस ‘तमाशे’ को बंद करवाने की अपील की। अशोक गहलोत ने संवाददाताओं से कहा, ‘दुर्भाग्य से इस बार भाजपा का प्रतिनिधियों की खरीद-फरोख्त का खेल बहुत बड़ा है। वह कर्नाटक एवं मध्यप्रदेश का प्रयोग यहां कर रही है। पूरा गृह मंत्रालय इस काम में लग चुका है।’ उन्होंने कहा, हमें किसी की परवाह नहीं। हमें लोकतंत्र की परवाह है। हमारी लड़ाई किसी से नहीं है। हमारी विचारधारा, नीतियों एवं कार्यक्रमों की लड़ाई है। लड़ाई यह नहीं होती कि आप चुनी हुई सरकार को गिरा दें। हमारी लड़ाई किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं है, हमारी लड़ाई लोकतंत्र को बचाने की है।’ इसके साथ ही गहलोत ने कहा कि उन्हें चाहिए कि राजस्थान में जो कुछ तमाशा हो रहा है उसे बंद करवाएं।’ केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत द्वारा सरकार के खिलाफ ट्वीट किए जाने के बारे में गहलोत ने कहा कि सिंह तो अपनी झेंप मिटा रहे हैं जबकि आडियो टेप मामले में उन्हें नैतिकता के आधार पर खुद ही इस्तीफा दे देना चाहिए। उल्लेखनीय है कि राजस्थान में चल रहे सियासी घमासान में विधायकों को तोड़ने की आशंका के बीच कांग्रेस एवं उसके समर्थक विधायकों को शुक्रवार को राजधानी जयपुर से दूर सीमावर्ती शहर जैसलमेर स्थानांतरित कर दिया गया। 

 

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