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31-05-2020
नियमों का उल्लंघन करने वाले 29 लोगों पर निगम ने लगाया जुर्माना

भिलाई। कोरोना वायरस के संक्रमण के रोकथाम एवं नियंत्रण के तहत घर से बाहर निकलने वाले सभी व्यक्तियों को मास्क लगाना तथा सोशल डिस्टेंस का पालन अनिवार्य रूप से किया जाना है। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ निगम प्रशासन सख्त कार्यवाही कर रहा है। रविवार को निगम के अधिकारियों/ कर्मचारियों ने विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण किया। पिछले तीन दिनों में निगम के विभिन्न क्षेत्रों मे 29 लोगों से 4850 रुपए अर्थदंड वसूला गया। निगम की टीम ने कई स्थानों का निरीक्षण करते हुए बिना मास्क लगाए घूमने वालों तथा सार्वजनिक स्थानों पर सोशल डिस्टेंस का उल्लंघन करने वालों पर अर्थदंड की कार्यवाही की।निगम टीम कार्यवाही करते हुए अब तक 1934 लोगों से 566240 रूपए की अर्थदंड की वसूली कर चुकी है। आज रविवार को प्रतिबंधित दुकानों, व्यवसायिक क्षेत्रों का निगम के कर्मचारियों ने निरीक्षण किया। 

29-05-2020
मजदूरों को वापस लाने के लिए 59 ट्रेनों की अनुमति,39 ट्रेनों के लिए रेल मंडलों को 3 करोड़ 74 लाख से अधिक भुगतान

रायपुर। नोवेल कोरोना वायरस (कोविड-19) के संक्रमण की रोकथाम के लिए लागू लाॅक डाउन से उत्पन्न परिस्थितियों के कारण अन्य राज्यों में फंसे छत्तीसगढ़ के श्रमिकों तथा अन्य लोगों को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की पहल पर वापस लाने का सिलसिला लगातार जारी है। बघेल के निर्देशन पर राज्य के बाहर फंसे श्रमिकों एवं अन्य लोगों को वापस लाने के लिए राज्य सरकारों से समन्वय कर अब तक 59 ट्रेनों के लिए सहमति प्रदान की गई है। श्रम मंत्री डाॅ.शिवकुमार डहरिया ने बताया कि भवन एवं अन्य सन्ननिर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल द्वारा प्रवासी श्रमिकों को वापस छत्तीसगढ़ लाने के लिए श्रमिक स्पेशल ट्रेन के लिए विभिन्न रेल मंडलों को श्रमिकों के यात्रा व्यय के लिए आवश्यक राशि का भुगतान किया जा रहा है। वर्तमान में 50 हजार 797 यात्रियों को 39 ट्रेनों से वापस लाने के लिए 3 करोड़ 74 लाख 31 हजार 330 रूपए का भुगतान किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि राज्य शासन द्वारा स्पेशल श्रमिक ट्रेन से अन्य प्रदेशों में फंसे श्रमिकों को 53 ट्रेनों के माध्यम से लगभग 71 हजार 712 श्रमिकों को एवं 453 अन्य यात्रियों को वापस लाया जा चुका है।

डाॅ.डहरिया ने बताया कि लाॅक डाउन के कारण श्रमिकों को जो छत्तीसगढ़ राज्य की सीमाओं पर पहुंच रहे है एवं राज्य से होकर गुजरने वाले सभी श्रमिकों के लिए नाश्ता, भोजन, स्वास्थ्य परीक्षण एवं परिवहन की निःशुल्क व्यवस्था से श्रमिकों कोे काफी राहत मिली है। छत्तीसगढ़ के सभी सीमाओं पर पहुंचने वाले प्रवासी श्रमिकों को, चाहे वो किसी भी राज्य के हो, उन्हें छत्तीसगढ़ का मेहमान मान कर शासन-प्रशासन के लोग उनकी हरसंभव मदद कर रहे है।  उन्होंने बताया कि श्रम विभाग के अधिकारियों का दल गठित कर विभिन्न औद्योगिक संस्थाओं, नियोजकों एवं प्रबंधकों से समन्वय कर श्रमिकों के लिए राशन एवं नगद आदि की व्यवस्था भी की जा रही है। प्रदेश के 26 हजार 205 श्रमिकों को 38 करोड़ 26 लाख रूपए बकाया वेतन का भुगतान भी कराया गया है। वहीं लाॅक डाउन के द्वितीय चरण में 21 अप्रैल से शासन द्वारा छूट प्रदत्त गतिविधियों एवं औद्योगिक क्षेत्रों में लगभग 1 लाख 4 हजार श्रमिकों को पुनः रोजगार उपलब्ध कराया गया है और छोटे-बड़े 1390 से अधिक कारखानों में पुनः कार्य प्रारंभ हो गया है।

29-05-2020
डेंगू नियंत्रण और रोकथाम के तहत निगम द्वारा युद्ध स्तर पर किया जा रहा है कार्य

भिलाई। निगमायुक्त ऋतुराज रघुवंशी द्वारा डेंगू नियंत्रण एवं रोकथाम से संबंधित गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है और अधिकारियों को इस बाबत निर्देश दिए जा रहे हैं। नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र अंतर्गत डेंगू नियंत्रण एवं रोकथाम के तहत स्वास्थ्य विभाग एवं निगम की टीम द्वारा सर्वे किया जा रहा है तथा घरों में टेमीफास् का वितरण किया जा रहा है, डेंगू बीमारी से बचाव के तरीके बताए जा रहे हैं। जोन क्रमांक 3 क्षेत्र के संतोषी पारा सहित अन्य क्षेत्रों में स्वच्छता के विशेष गैंग के माध्यम से नाली सफाई, कचरा सफाई, फागिंग, घर-घर कूलर एवं विभिन्न पात्रों की जांच, टेमीफास् के उपयोग के तरीके तथा बुखार आदि की जानकारी प्राप्त करने का कार्य किया जा रहा है। संतोषी पारा एवं छावनी क्षेत्र में निगम की विशेष गैंग लगाई गई है।घरों में टेमीफास् का वितरण कर बताए जा रहे हैं उपयोग के तरीके डेंगू के लार्वा को नष्ट करने के लिए घरों में टेमीफास् का वितरण निगम द्वारा किया जा रहा है साथ ही उपयोग के तरीके बताए जा रहे हैं और बच्चों से इसे दूर रखने कहा जा रहा है, पूरे निगम क्षेत्र में 77000 से अधिक घरों में टेमीफास् का वितरण किया जा चुका है! संतोषी पारा क्षेत्र के संपूर्ण घरों में टेमीफास् का वितरण किया जा चुका है।जन जागरूकता के तहत पंपलेट किया जा रहा है वितरण डेंगू नियंत्रण एवं रोकथाम के लिए पंपलेट चस्पा के साथ ही वितरण भी किया जा रहा है और माइकिंग के माध्यम से डेंगू से बचाव के तरीके भी बताए जा रहे हैं। अब तक 23000 से अधिक पंपलेट का वितरण किया जा चुका है।घर-घर सर्वे के बाद रखा जा रहा है डाटा डेंगू की रोकथाम एवं नियंत्रण के तहत किए जाने वाले कार्यों की जानकारी निर्धारित प्रपत्र में एकत्रित की जा रही है। इसमें निरीक्षण किए गए पात्रों, टंकियों आदि की संख्या, मच्छर के लार्वा मिलने वाले स्थानों की संख्या, घर में बुखार मरीज की संख्या,फ्रिज के पीछे के ट्रे का निरीक्षण, मच्छरदानी का उपयोग किया जा रहा है अथवा नहीं, कचरा डस्टबिन में ही डाला गया है की संख्या, कूलर का पानी कब बदला गया तथा आवश्यकतानुसार टेमीफास् का उपयोग, छत का निरीक्षण एवं मितानिन द्वारा किए गए भेंट की जानकारी, परिवार के सदस्यों की संख्या एवं मुखिया का नाम सहित अन्य आवश्यक जानकारी रखी जा रही है।संतोषी पारा एवं छावनी के क्षेत्रों में डेंगू नियंत्रण को लेकर चला महाअभियान डेंगू नियंत्रण एवं रोकथाम के लिए अतिरिक्त रूप से 46 स्वच्छता कर्मचारियों को संतोषी पारा क्षेत्र में और नियुक्त किया गया है जिन्होंने आज डेंगू नियंत्रण के लिए महा अभियान चलाया।

 

28-05-2020
केन्द्रीय कैबिनेट सचिव ने मुख्य सचिवों से कोरोना संक्रमण की रोकथाम के संबंध में की चर्चा

 

रायपुर। केन्द्रीय कैबिनेट सचिव राजीव गौबा ने गुरुवार को दिल्ली से देश के सभी राज्यों के मुख्य सचिवों से वीडियो कान्फ्रेंसिंग कर चर्चा की। कोरोना वायरस कोविड-19 के संक्रमण की रोकथाम और प्रभावितों के इलाज सहित परिवहन, आर्थिक गतिविधियों के संचालन, प्रवासी श्रमिकों की समस्याओं के निराकरण सहित अन्य मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। वीडियो कान्फ्रेंसिंग में छत्तीसगढ़ से स्वास्थ्य विभाग की सचिव निहारिका बारिक सिंह और खाद्य एवं परिवहन विभाग के सचिव डॉ.कमलप्रीत सिंह शामिल हुए। वीडियो कान्फ्रेंसिंग में भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी भाग लिया।

 

27-05-2020
अम्बेडकर अस्पताल में ओपीडी, आईपीडी एवं इमर्जेंसी मरीजों के लिए बनाए स्क्रीनिंग काउंटर

 रायपुर। कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय, रायपुर द्वारा कई प्रकार के प्रभावी कदम उठाये जा रहे हैं। इसी क्रम में अस्पताल के दोनों गेट पर डॉक्टरों द्वारा व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण से सुसज्जित होकर चिकित्सालय के विभिन्न विभागों की ओपीडी, आईपीडी एवं इमर्जेंसी में आने वाले मरीजों की स्क्रीनिंग की जाएगी। इस व्यवस्था की शुरूआत आज से हो गई है। स्क्रीनिंग व्यवस्था के सम्बन्ध में जानकारी देते हुए अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ.विनित जैन ने बताया कि ओपीडी समय सुबह 8 से दोपहर 1.30 बजे तक गेट क्र. 1 अर्थात् जहां से मरीजों के लिये नया प्रवेश द्वार बनाया गया है, से ओपीडी मरीजों को प्रवेश दिया जाएगा। इस दौरान पूर्व में ओपीडी जाने का पुराना प्रवेश द्वार बंद रहेगा। मरीज सबसे पहले अस्पताल के गेट क्रमांक 1 से अंदर आएंगें जहां पर 12 डॉक्टरों की टीम द्वारा मरीजों की पूरी हिस्ट्री ली जाएगी। यदि कोविड-19 संक्रमण से सम्बन्धित कोई संभावित लक्षण उनमें पाया जाता है तो उन्हें चिकित्सालय में पृथक रूप से संचालित कफ, कोल्ड ओपीडी भेजा जाएगा और यदि मरीज सामान्य है तभी उन्हें इलाज की पर्ची बनाने के लिये रजिस्ट्रेशन काउंटर 100 नम्बर पर भेजा जाएगा। उसके बाद ही वे सम्बन्धित विभाग में जाकर अपना इलाज करायेंगे। फॉलोअप में आने वाले पुराने मरीजों को नयी पर्ची बनवाने की आवश्यकता नहीं होगी। ओपीडी में मरीजों की भीड़ को देखते हुए डॉक्टरों की ड्यूटी निश्चित दूरी एवं संक्रमण के रोकथाम के मानकों को ध्यान में रखते हुए लगाई गई है।स्क्रीनिंग काउंटर की आवश्यकता इसलिए अम्बेडकर अस्पताल के परिसर में पूर्व में संचालित इंडियन कॉफी हॉऊस बिल्डिंग में कफ,कोल्ड ओपीडी का संचालन चौबीस घंटे नियमित रूप से किया जा रहा है। यहां पर कफ, कोल्ड एवं कोविड-19 के संभावित लक्षण वाले तथा बाहर से आने वाले संदिग्ध मरीज अपना इलाज कराते हैं। इसके बावजूद चिकित्सालय आने वाले कई मरीज ऐसे होते हैं,जिन्हें आंख, कान, नाक, स्त्री रोग, त्वचा, सर्जरी एवं हड्डी रोग इत्यादि से सम्बन्धित समस्या होती है। इन विभागों की ओपीडी में जाने वाले कई मरीज ऐसे होते थे जो बिना सर्दी, खांसी, बुखार का इलाज कराये ही सीधे चिकित्सकों से अपनी दूसरी बीमरियों का इलाज करवाते थे। इलाज में लगे चिकित्सक, नर्सिंग स्टॉफ एवं पैरा मेडिकल स्टॉफ की सुरक्षा के लिये किये गये इस उपाय के जरिये मरीज की हिस्ट्री के आधार पर एवं सावधानी बरतते हुए उन्हें मुख्य समस्या वाले विभागों में भेजा जाएगा।

इमर्जेंसी मरीजों के लिये ओपीडी गेट रहेगा चौबीस घंटे चालू

मरीजों के इतर अनावश्यक लोगों की आवाजाही को कम करने के लिए अम्बेडकर के ओपीडी गेट से केवल इमर्जेंसी मरीजों को ही आने दिया जाएगा। सुबह ओपीडी समय में यह गेट सामान्य लोगों के लिये बंद रहेगा। यहां पर दोपहर 2 बजे से रात्रि 8 बजे तक तीन डॉक्टरों की टीम स्क्रीनिंग के लिये बैठेगी। वहीं रात्रि 8 से सुबह 8 बजे तक चार डॉक्टरों की टीम आपात् मरीजों के स्क्रीनिंग के लिये बैठेगी। मरीजों को असुविधा न हो इसका पूरा ध्यान रखा जाएगा।

 

24-05-2020
शिवपुर-चरचा क्वारेंटाइन सेंटर से 1 किमी का परिधि क्षेत्र कंटेंमेंट जोन घोषित,कलेक्टर ने की संयम बरतने की अपील

कोरिया। जिले के नगर पालिका क्षेत्र शिवपुर-चरचा के वार्ड क्रमांक 8 क्वारेंटाइन सेंटर शा.क.उ.मा.वि. में एक मरीज की कोरोना टेस्ट रिपोर्ट पॉजिटिव केस मिलने बाद कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी द्वारा कोरोना वायरस के संक्रमण के फैलाव की रोकथाम के लिए नगर पालिका क्षेत्र शिवपुर-चरचा के वार्ड क्रमांक 8 क्वारंटाइन सेंटर शा.क.उ.मा.वि. से 1 किमी की निश्चित परिधि क्षेत्र को कन्टेमेंट जोन घोषित किया गया है। इसमें पूर्व दिशा में फिल्टर प्लांट, पश्चिम दिशा में शिव मंदिर नाला, उत्तर दिशा में गैस गोडाउन फारेस्ट एरिया एवं दक्षिण दिशा में वार्ड क्रमांक 8 कोरिया नीर तक शामिल है।घोषित कन्टेनमेंट जोन का प्रभारी अधिकारी अपर कलेक्टर सुखनाथ अहिरवार मोबाइल नंबर 7587371661 को नियुक्त किया गया है।

कन्टेनमेंट जोन वार्ड क्रमांक 8 क्षेत्र के संपूर्ण निरीक्षण एवं नियंत्रण के लिए त्रिवेणी देवांगन, खनिज अधिकारी मो. नं. 9755974949 तथा आरके गुप्ता, सहायक अभियंता, जल संसाधन विभाग, बैकुण्ठपुर मो. नं.9926125691 को प्रभारी अधिकारी बनाया गया है। अनुविभागीय दंडाधिकारी बैकुण्ठपुर एएस पैंकरा मो. नं. 9977922052 को पर्यवेक्षक अधिकारी नियुक्त किया गया है।   कन्टेनमेंट जोन घोषित करते हुए कलेक्टर द्वारा आदेशित किया गया है कि उक्त चिन्हांकित क्षेत्र में सभी दुकानें एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान आगामी आदेश तक पूर्णतः बंद रहेंगे। प्रभारी अधिकारी द्वारा घर पहुंच सेवा को माध्यम से लोगों को आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति उनके घर तक की जायेगी। सभी प्रकार के वाहनों का आवागमन पूर्ण प्रतिबंधित रहेगा। मेडिकल इमरजेंसी को छोड़कर किन्हीं भी कारणों से घर से बाहर निकलना प्रतिबंधित रहेगा।उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग के मानकों के अनुरूप व्यवस्था के लिए पुलिस द्वारा लगातार क्षेत्र में पेट्रोलिंग की जा रही है एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा सर्विलांस, कान्टैक्ट ट्रेसिंग एवं सैम्पल जांच की कार्यवाही की जा रही है। 

23-05-2020
सीआरपीएफ 211 बटालियन ने अस्पताल में मास्क, सैनिटाइजर, हैंड वॉश समेत अन्य समाग्रीयों का किया वितरण

धमतरी। कोरोना संकट काल और लॉक डाउन के बीच जिले के अंतिम छोर ओड़ीसा बॉडर पर स्थित सीआरपीएफ बटालियन 211 बोरई द्वारा उप स्वास्थ्य केन्द्र बोरई में कोरोना संक्रमण पर रोकथाम के लिए हैंड वाश, सैनिटाइजर, फेस मास्क व विटामिन सी की दवाई समेत अन्य प्रकार के समान वितरण कर लोगों को लॉक डाउन के नियमों का पालन करने के लिए अपील किया गया। साथ ही बिना किसी ठोस कारण के घर से बाहर ना निकलने की बात कही गई और वितरण किये गए सामग्री के उपयोग के लिए लोगों को जागरूक किया गया। सामाजिक और शारीरिक दूरी बनाये रखे, समय—समय पर हैंड वाश करते रहे और किसी अति आवश्यक कार्य से घर से बाहर निकलना हो तो मास्क लगाकर ही निकले और घर पर ही रहकर सुरक्षित रहे।   जिले के नक्सल इलाके कहे जाने वाला ओड़ीसा और बस्तर सीमा से लगा हुआ बोरई सीआरपीएफ कैंप में तैनात जवान इस वक्त दोहरे मोर्चे पर है।

एक तरफ जंगल में दुश्मनों से लोहा लेकर उनको ढेर कर देश की रक्षा कर रहे हैं। वहीँ दूसरी तरफ मौजूदा हालात में वैश्विक महामारी बन चुके इस अदृश्य शत्रु कोरोना के खिलाफ भी जंग लड़ने मोर्चे पर तैनात होकर कोरोना वॉरियर्स के रूप में अपनी भूमिका निभा रहे है। सीआरपीएफ कमाँडेंट अमीरूल हसन अंसारी के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में जिले के सीमा उडीसा बार्डर के उप स्वास्थ्य केन्द्र में तो वहीँ बोरई के साप्ताहिक सब्जी बाजार शुक्रवार को बोरई उप स्वास्थ्य केन्द्र में  कोरोना वायरस संक्रमण को रोकने जरूरी समानों को वितरण करने प्रभारी चिकित्सा अधिकारी एस के साहू को दिया गया। सहायक कमाँडेंट योगेश कुमार ने मौजूद लोगों से अपील करते हुए कहा कि कोरोना को लेकर हम सबको सतर्क रहना है। यह इलाका जिले का अंतिम छोर है और ओड़ीसा और बस्तर सीमा से सटे होने के कारण आवाजाही अधिक रहता है।

वहीँ अब राज्य और जिले के मजदूर जो बाहर फंसे थे वो भी वापस लौट रहे हैं। वहीँ अब छत्तीसगढ़ में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या जिस रफ्तार से बढ़ रही है। उसको ध्यान में रखते हुए हम सब को और अधिक सावधानी बरतनी होगी। समय-समय पर संक्रमण से बचने जरुरी समानों का वितरण किया जा रहा है। सीआरपीएफ के इस सराहनीय पहल का सराहना करते हुए क्षेत्र के जिला पंचायत सदस्य मनोज साक्षी और गॉव की सरपंच किरण देवी भोयर बोले कि सर लोगों का सहयोग हमें हमेशा मिलता है। सचमुच हमारे लिए बहुत गर्व की बात है कि एक ओर जहाँ दुश्मन से लड़कर देश की रक्षा कर रहे है, जिससे हम सब सुरक्षित है। वहीँ अब कोरोना संकट काल में भी कोरोना से जंग लड़ने हमें भरपूर सहयोग प्रदान कर रहे है। ऐसे कर्मवीरों का सादर सम्मान और धन्यवाद।

22-05-2020
जशपुर के 57671 घरों का हुआ सर्वे, 1.89 लाख लोगों में नहीं मिले कोरोना के लक्षण

रायपुर/जशपुर। कोरोना वायरस संक्रमण की रोकथाम और नियंत्रण के लिए कलेक्टर के निर्देश पर जिले में विदेशों और अन्य राज्यों से लौटे व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा है। जशपुर के शहरी और ग्रामीण क्षेत्र के 57671 घरों का सर्वे किया गया है और 1 लाख 89 हजार 388 लोगों के सर्वे में किसी में भी कोरोना के लक्षण नहीं मिले। जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.पी.सुथार और डीपीएम गनपत कुमार नायक ने बताया कि मार्च के बाद विदेश से कुल 44 यात्री आए हैं। सभी के होम आईसोलेशन और क्वारेंटाइन में रहने के 28 दिन पूरे हो चुके हैं। इन सभी के घरों के आसपास के 50-50 घरों को मिलाकर कुल 2915 घरों में स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा घर-घर जाकर 10 हजार 297 लोगों का सर्वे कर जांच की गई है। इनमें किसी भी व्यक्ति में कोरोना वायरस बीमारी के लक्षण नहीं पाए गए है।डीपीएम नायक ने बताया कि जशपुर में अब तक 57671 घरों का सर्वे पूर्ण हो गया है। जिले में 1 मार्च के बाद 3541 व्यक्ति अन्य राज्य और जिलों से लौटकर आए हैं। इन सभी की क्वारेंटाइन अवधि पूर्ण हो गई हैै। इन सभी व्यक्तियों के परिवार एवं उनके इर्द-गिर्द रहने वाले 50-50 घरों के कुल 57 हजार 671 घरों में जाकर एक्टिव सर्विलेंस की टीम ने 1 लाख 89 हजार 388 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया है। इनमें से किसी भी व्यक्ति में कोरोना संक्रमण के लक्षण, अथवा सांस लेने में तकलीफ,सर्दी-बुखार इत्यादि के लक्षण नहीं मिले हैं। सीएमएचओ जशपुर सुथार ने बताया कि जिले में एक्टिव सर्विलेंस की ओर से की गई जांच में किसी भी व्यक्ति में कोरोना वायरस संक्रमण के लक्षण नहीं पाए गए हैं।

 

 

22-05-2020
भूपेश बघेल ने 146 विकासखंडों को मुख्यमंत्री सहायता कोष से दिए 10-10 लाख रुपए

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने नोवेल कोरोना वायरस के संक्रमण की रोकथाम के लिए प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए 14 करोड़ 60 लाख रुपए दिया है। मुख्यमंत्री सहायता कोष से प्रदेश के सभी 146 विकासखंडों को 10-10 लाख रुपए की राशि प्रदान की गई है। इस राशि से स्वास्थ्य विभाग की शासकीय अधोसंरचना को मजबूत किया जाएगा। जीवनदीप समितियों के माध्यम से इस राशि का उपयोग किया जा सकेगा। प्रदेश में कोरोना वायरस महामारी के संक्रमण की प्रसार की संभावना को देखते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को सुदृढ़ किया जाएगा।मुख्यमंत्री सहायता कोष से स्वीकृति आदेश मुख्यमंत्री सचिवालय मंत्रालय महानदी भवन से जारी किया गया है। आदेशानुसार कुल स्वीकृत राशि में से रायपुर, धमतरी, बेमेतरा, कबीरधाम, दंतेवाड़ा, बीजापुर और बिलासपुर जिले के चार-चार विकासखंडों के लिए 40-40 लाख रुपए स्वीकृत किया गया है।

इसी प्रकार गरियाबंद, महासमुंद, बालोद, कोंडागांव, कोरबा और कोरिया जिले के लिए 50-50 लाख रुपए, बलौदाबाजार भाटापारा, बलरामपुर-रामानुजगंज और सूरजपुर जिले के लिए 60-60 लाख रुपए, दुर्ग, सुकमा, मुंगेली और गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले के लिए 30-30 लाख रुपए, राजनांदगांव जांजगीर-चांपा और रायगढ़ जिले के लिए 90-90 लाख रुपए, बस्तर, कांकेर और सरगुजा जिले के लिए 70-70 लाख रुपए, नारायणपुर जिले के लिए 20 लाख रुपए और जशपुर जिले के लिए 80 लाख रुपए की राशि स्वीकृत की गई है।

22-05-2020
दो करोड़ से ज्यादा के विकास कार्यों का विधायक ने किया भूमिपूजन               

दुर्ग। कोरोना वायरस संक्रमण की रोकथाम के साथ शहर के विकास को पटरी पर लाने विधायक अरुण वोरा ने मीनाक्षी नगर से पोटिया पहुंच मार्ग के डामरीकरण कार्य का भूमिपूजन किया। जहां करीब 2 करोड़ 50 लाख रुपए की लागत से डामरीकरण कार्य शुरू हो गया है। वोरा ने वार्ड 53 स्थित माता तालाब में बरसात के पहले रिटर्निंग वॉल निर्माण शुरू करने के निर्देश भी दिए। वोरा ने बताया कि नेहरू नगर चौक से मिनीमाता चौक तक 64 करोड़ की लागत से मार्ग चौड़ीकरण व सौंदर्यीकरण के कार्य के अलावा मिनीमाता चौक से अंजोरा तक 58 करोड़ की सिक्स लेन सड़क निर्माण की निविदा जारी की जा चुकी है।

बोरसी से रूआंबांधा तक 6 करोड़ की सड़क प्रशासकीय स्वीकृति में प्रक्रिया चल रही है। सभी कार्य शीघ्र प्रारंभ होंगे। वोरा ने कहा कि इन कार्यों से दुर्ग शहर को संभागीय मुख्यालय के रूप में एक अलग पहचान मिलेगी। ये कार्य शहर के सौंदर्यीकरण में मील का पत्थर साबित होंगे। हमर दुर्ग- स्मार्ट दुर्ग की दिशा में आगे बढ़ते हुए विगत कई वर्षों से इन सड़कों के निर्माण के लिए प्रयास जारी था कांग्रेस की सरकार बनने के बाद अब शहर के विकास का मार्ग प्रशस्त हो गया है।

22-05-2020
सरपंच संघ और गायत्री परिवार ने मुख्यमंत्री सहायता कोष में दी राशि

 

रायपुर। कोविड-19 के संक्रमण से बचाव व रोकथाम और जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए समाज के हर वर्ग की ओर से मुख्यमंत्री सहायता कोष में मुक्त हस्त से योगदान दिया जा रहा है। इसी क्रम में उत्तर बस्तर कांकेर जिले के जनपद पंचायत के सरपंच संघ ने 11 हजार रूपए और प्रज्ञा मंडल गायत्री परिवार कोटेला ने 10 हजार 100 रूपए की सहयोग राशि मुख्यमंत्री सहायता कोष के लिए उत्तर बस्तर कांकेर जिले के अपर कलेक्टर को सौंपी।

 

22-05-2020
छत्तीसगढ़ सरकार ने किया 23 मई को छुट्टी का ऐलान, जीएडी ने जारी किया आदेश

रायपुर। कोरोना संक्रमण की रोकथाम के मद्देनजर छत्तीसगढ़ सरकार ने शनिवार 23 मई को पूरे प्रदेश में अवकाश की घोषणा की है। सामान्य प्रशासन विभाग ने आदेश जारी किया है। कोरोना संक्रमण की रोकथाम के मद्देनजर प्रदेश में हर शनिवार और रविवार को पूर्ण लॉक डाउन रखने का निर्णय पहले ही लिया जा चुका है। इसे ध्यान में रखते हुए 23 मई शनिवार के लिए सामान्य अवकाश की घोषणा की गई है।

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