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12-10-2021
सफेद बालों से हैं परेशान तो अपनाएं ये घरेलू नुस्खा 

नई दिल्ली। आजकल कम उम्र में भी बालों के सफेद होने की समस्या बढ़ गई है। ऐसे में कम उम्र की लड़कियां सफेद बालों से परेशान है। इसके पीछे का कारण गलत लाइफ स्टाइल व खानपान है। इससे बचने के लिए लड़कियां मेहंदी का सहारा लेती है। मगर मेहंदी लगाने से बालों का रंग गहरा लाल हो जाता है। इसके साथ ही बालों में रूखापन भी बढ़ने लगता है। ऐसे में आप मेहंदी में कुछ खास चीजें मिलाकर लगा सकती है। इससे आपको मनचाहा हेयर कलर तो मिलेगा ही साथ ही आपके बाल जड़ों से पोषित होंगे। ऐसे में आपको सुंदर, घने, मुलायम व काले बाल मिलेंगे। चलिए जानते हैं इसके बारे में...

मेहंदी में मिलाएं कॉफी
अगर आप बालों में ब्राउन या बरगंडी शेड देना चाहती है तो इसमें कॉफी मिलाएं। इसके लिए एक पैन में 1 कप पानी ओर 1 बड़ा चम्मच कॉफी मिलाकर उबालें। अब इसे ठंडा होने दें। बाद में इसमें 4-5 बड़े चम्मच मेहंदी पाउडर मिलाकर 3-4 घंटों के लिए भिगोएं। बाद में इसे बालों पर लगाकर 1-2 घंटे तक लगा रहने दें। इसके बाद ताजे पानी से बाल धो लें। अगली दिन माइल्ड शैंपू से बालों को धोएं।


मेहंदी में मिलाएं केला
अगर आप सफेद बालों से परेशान हैं तो मेहंदी में केला मिलाकर लगाएं। इसके लिए एक बाउल में जरूरत अनुसार मेहंदी और पानी मिलाकर रातभर भिगोएं। अगली सुबह इसमें एक पका हुआ केला मैश करके मिलाएं। तैयार मेहंदी को बालों पर 20-30 मिनट तक इसे लगाकर रखें। बाद में माइल्ड शैंपू से धो लें। अच्छा व जल्दी रिजल्ट पाने के लिए आप इनमें से किसी भी हेयर पैक को हफ्ते में 2 बार जरूर लगाएं।

मेहंदी लगाने से पहले इन बातों का रखें ध्यान
- कभी भी गंदे बालों पर मेहंदी ना लगाएं। इसके लिए पहले ही सिर धो लें।
- मेहंदी लगाने के बाद बालों पर कोई भी तेल लगा लें। अगले दिन ही शैंपू करें। इससे आपका रंग लंबे समय तक टिका रहेगा। साथ ही बाल मुलायम भी रहेंगे।
- मेहंदी को ज्यादा देर तक ना लगाएं। नहीं तो इससे आपको सही रंग नहीं मिलेगा।
 

30-09-2021
डाइट में जरूर शामिल करें तुलसी की चाय, मिलेंगे सेहत से जुड़े ये फायदे

नई ​दिल्ली। लगभग सभी लोग चाय और कॉफी से ही अपनी दिन की शुरुआत करते हैं। चाय और कॉफी के बिना मानों उनकी जिंदगी अधूरी सी है। खासकर चाय में तो कई तरह के फ्लेवर मौजूद हैं। किसी को ग्रीन टी पसंद है तो कोई कडक़ चाय या नींबू की चाय का जायका लेना पसंद करता है। वहीं तुलसी की चाय पीने वालों की भी कमी नहीं है, क्योंकि इस चाय का सेवन शारीरिक समस्याओं से राहत देने में बेहद कारगर है। आइए इस चाय को बनाने का तरीका और इसके फायदे जानें।

तुलसी की चाय बनाने का तरीका
सामग्री : तुलसी की 5 से 6 पत्तियां, एक कप पानी, एक चौथाई चम्मच चायपत्ती, थोड़ा सा दूध (वैकल्पिक), चीनी या शहद (स्वादानुसार)।
चाय बनाने का तरीका : सबसे पहले एक पैन में पानी को अच्छे से गर्म करें, फिर उसमें चायपत्ती डालें और जब पानी में उबाला आ जाए तो तुलसी की पत्तियां और दूध डालकर फिर से उबालें। अब चाय को एक कप में छानकर निकालें और इसमें शहद या चीनी मिलाकर इसका सेवन करें।

सांस से जुड़ी समस्याओं के जोखिम को करें कम
तुलसी की चाय का सेवन सांस से संबंधित कई समस्याओं से राहत दिलाने में काफी मदद कर सकता है। एक शोध के अनुसार, यह चाय एंटी-ऑक्सीडेंट गुण से समृद्ध होती है, जो ब्रोंकाइटिस, अस्थमा और इओसिनोफिलिक लंग्स डिजीज (फेफड़े से जुड़ी बीमारी) आदि बीमारियों के जोखिम को कम कर सकती है। इसलिए सांस की बीमारियों से ग्रस्त लोगों के लिए तुलसी की चाय का सेवन करना चाहिए। ब्लड प्रेशर को बेहतर तरीके से संचालित रखने में भी तुलसी की चाय का सेवन फायदेमंद है। एक शोध के मुताबिक, तुलसी की चाय में एंटी-ऑक्सीडेंट के साथ-साथ कई पोषक तत्व मौजूद होते हैं, जिस कारण इसका पर्याप्त मात्रा में सेवन ब्लड प्रेशर को सही ढंग से संचालित करने में मददगार है। अगर कोई ब्लड प्रेशर से संबंधित दवा का सेवन कर रहा है तो डॉक्टर की सलाह लेकर उसकी जगह तुलसी की चाय का सेवन कर सकता है।

मौसमी एलर्जी को दूर करने में है सहायक
अगर मौसम में बदलाव होते ही आपको एलर्जी की समस्या हो जाती है तो इससे बचाव के लिए तुलसी की चाय का सेवन लाभकारी सिद्ध हो सकता है। दरअसल तुलसी की चाय में रोजमेरिनिक एसिड सम्मिलित होता है जो एंटी-एलर्जेनिक के साथ-साथ एंटी-इन्फ्लेमेटरी प्रभाव से युक्त होता है। ये दोनों प्रभाव मिलकर मौसमी एलर्जी से बचाव करने में सहायक हो सकते हैं। इसलिए सीजनल एलर्जी को दूर करने के लिए इस चाय को डाइट में शामिल किया जा सकता है।

मधुमेह ग्रसितों के लिए है बेहद लाभकारी
मधुमेह के जोखिमों को कम करने में भी तुलसी की चाय का सेवन कारगर है। एक शोध के अनुसार, इसमें एंटी-हाइपरग्लाइसेमिक एजेंट होते हैं, जो शरीर में शुगर के स्तर को नियंत्रित कर मधुमेह के जोखिम को कम करने में सहायक साबित हो सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, तुलसी की चाय शरीर में इंसुलिन का स्तर बनाए रखने में मदद करती है, जिससे खून में शुगर को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है।

27-09-2021
झड़ते बालों की समस्या से पाना चाहते हैं छुटकारा तो जानिए ये आसान उपाय

नई दिल्ली। लगभग हर लड़की की चाह होती है कि उसके लंबे और घने बाल हो। लेकिन झड़ते बालों के कारण आपकी ये चाहत अधूरी ही रह जाती है। इस कारण से कुछ लोग तो महंगे से महंगा शैंपू और कंडीशनर इस्तेमाल करते हैं फिर भी झड़ते बालों से परेशान रहते हैं और अपनी उम्र से ज्यादा बड़े लगने लगते है। इस समस्या से बचने के लिए आपको इसके कारण पता होने चाहिए। तो आइए जाने इसके कारण और उपाय। 

बाल झड़ने के मुख्य कारण हैं- आनुवंशिकता, कुछ दवाएं और तनाव

आनुवंशिकता : इसका मतलब यह है कि अगर आपके परिवार में माता-पिता में से किसी को बाल झड़ने की समस्या है, तो यह आपको भी हो सकती है। इसमें आगे के हिस्से के बाल गिरने लगते हैं या कम होने लगते हैं। 
दवाइयां : कैंसर, गठिया, डिप्रेशन आदि रोगों के उपचार कि दवाईयां भी बालों के झड़ने का कारण बनती हैं। 
तनाव : बालों के कमजोर होने का प्रमुख कारण शारीरिक या मानसिक रूप से तनावपूर्ण होना है। 

हार्मोन में बदलाव और कुछ हेयर स्टाइल भी हैं बाल झड़ने के मुख्य कारण

हार्मोन में बदलाव : डॉक्टरों का कहना है कि हार्मोंस में बदलाव के कारण भी बाल झड़ते हैं। हार्मोंस में बदलाव गर्भावस्था, बच्चे को जन्म देते हुए, रजोनिवृत्ति, थायरॉयड आदि के कारण होते हैं। 
कुछ हेयर स्टाइल और हेयर ट्रीटमेंट : कुछ हेयर स्टाइल जो बालों पर दबाव डालते हैं, वे भी बालों के झड़ने का कारण हो सकते हैं। इसके अलावा कुछ घरेलू उपचार जैसे गर्म तेल आदि जो कि हमारे बालों के झड़ने का कारण बन जाता है। 

उपाय-1
ये कुछ उपाय जो बचा सकते हैं आपके बालों को झड़ने से
आनुवंशिकता पीड़ित लोगों के बालों को झड़ने से रोका नहीं जा सकता है, लेकिन कुछ उपायों से झड़ते बालों की समस्याओं को ठीक किया जा सकता है। वह उपाय इस प्रकार हैं: 

1) टाइट हेयर स्टाइल जैसे चोटी और पोनीटेल न बनाए। ज्यादा बालों को खींचने या मोड़ने में उलझे न रहें। 
2) दवाइयों के सेवन से बचें, जो बालों के झड़ने का कारण होती हैं। 
3) आर्टिफि़शियल बालों का उपचार जैसे हॉट रोलर्स, कर्लिंग आयरन से बचें। 

उपाय-2

अन्य उपाय जो बचा सकते है आपके बालों को झडऩे से
4) अपने बालों को हल्के हाथों से धोएं और कंघी करें। कंघी करने के लिए, चौड़े दांतों वाली कंघी का ही इस्तेमाल करें। 
5) अपने बालों को तेज धूप और यूवी किरणों के अन्य स्रोतों से बचाएं। 
6) धूम्रपान से भी बाल झड़ते हैं, इसलिए धूम्रपान न करें। नोट : यदि इन उपायों से भी आपके झड़ते बालों की समस्या समाप्त नहीं होती है। तो किसी डर्मेटोलॉजिस्ट को दिखाएं। शायद आपके बालों के झड़ने का कारण कुछ और हो सकता है। 

25-09-2021
सिर्फ पैदल चल कर घटा सकते हैं अपना वजन, जानिए कैसे

नई दिल्ली। बदलती लाइफस्टाइल और खान पान के कारण आज के समय में वजन बढ़ना एक आम बात है। लेकिन नियमित रूप से पैदल चल कर आप विभिन्न स्वास्थ्य लाभ के साथ वजन भी कम कर सकते हैं। क्योंकि पैदल चलने से कैलोरी बर्न होती हैं। 

पैदल चलने का तरीका
हम आपके सभी प्रयासों की सराहना करते हैं, लेकिन यदि आप पार्क में टहलने को अपना चलना समझते हैं तो यह गलत है, क्योंकि टहलना आपके वजन को कम नहीं कर सकता। अगर आप नियमित रूप से अपनी गति में वृद्धि करते हैं तो ही आपको अच्छे परिणाम मिल सकते हैं। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि आप दौड़ना शुरू कर दें। तेज चलना कैलोरी को तेजी से बर्न करने और वजन घटाने में काफी फायदेमंद है। 

पैदल चलना वजन के साथ-साथ बीमारियों को भी रखता है दूर
संक्रमण और बीमारियों को रोकने के लिए आपके शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली को हर समय ठीक से कार्य करना चाहिए और पैदल चलना आपकी प्रतिरक्षा को मजबूत करने का एक शानदार तरीका है। प्रतिदिन कम से कम 30 मिनट चलना प्रतिरक्षा कोशिकाओं, बी-कोशिकाओं और टी-कोशिकाओं की गतिविधियों को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है। इससे सफ़ेद रक्त कोशिकाओं को जल्दी से रिलीज़ करने में सहायता मिलती है, जिससे शरीर को जल्दी से ठीक करने में मदद मिलती है। 

पहले कभी कोई एक्सरसाइज नहीं की है तो इस तरह करें पैदल चलने की शुरुआत
पैदल चलने से शरीर की अतिरिक्त चर्बी कम होती है और बॉडी शेप में आती है। यदि नीचे के हिस्से यानि जाँघो और कूल्हों को शेप में लाना है तो नियमित रूप पैदल चलने से अच्छा कुछ नहीं है। 30 मिनट की तेज चाल से भी आप 200 कैलोरी को कम कर सकते हैं। इसके अलावा पहले कभी कोई एक्सरसाइज नहीं की है तो पैदल चलने से शुरू करें। यह दर्द रहित वजन कम करने का एक अच्छा विकल्प है। 

सुबह सूर्योदय के समय पैदल चलना फायदेमंद
शुरूआती दिनों में आप कम से कम हफ्ते में तीन दिन 15 से 20 मिनट चलें। इसके बाद धीरे-धीरे पैदल चलने की समय सीमा और दिन, दोनों को बढ़ाएं। यह समय सीमा तब तक बढ़ाते रहे जब तक 30 से 60 मिनट पैदल चलने से आपको कोई परेशानी न हो। सुबह सूर्योदय के समय चलना स्वास्थ्य के लिए सबसे अच्छा होता है, तो कोशिश करें की सुबह तो अवश्य ही पैदल चलें और हो सके तो शाम को भी। 

व्यस्त लोग जरूर अपनाएं ये तरीका
जो लोग डेस्क जॉब या पूरा दिन बैठकर काम करते हैं। अगर आप सुबह पैदल नहीं चल पा रहे हैं तो आप अपने काम के दौरान भी बार-बार उठें और पैदल चलें। घर व ऑफिस की लिफ्ट का प्रयोग न करें।

24-09-2021
अगर स्किन ड्राई है तो ऐसे करें त्वचा का केयर, रूखेपन की समस्या होगी दूर 

नई दिल्ली। अगर आपकी त्वचा रूखी है और कई ब्यूटी प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करने के बावजूद आप को इससे छुटकारा नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में आप को कुछ सावधानियां बरतनी होगी, जिससे की आप इससे छुटकारा पा सके, तो आइए जानते हैं इससे छुटकारा पाने का तरीका... 

किसी भी साबुन का इस्तेमाल कर लेना
बहुत से लोग अपनी त्वचा को साफ करने के लिए मार्केट से कोई भी साबुन खरीद लाते हैं, लेकिन ऐसा करना मतलब अपनी त्वचा को नुकसान पहुंचाना है। दरअसल साबुन त्वचा को और भी ज्यादा रूखा कर देता है क्योंकि इसमें कई ऐसे तत्व पाए जाते हैं जो त्वचा के लिए काफी कठोर साबित हो सकते हैं। इसलिए बेहतर होगा कि आप अपनी रूखी त्वचा के लिए मॉइश्चराइज या ग्लिसरीन वाले साबुन को चुनें। 

स्क्रब का जरूरत से ज्यादा इस्तेमाल
इस बात में कोई दो राय नहीं है कि त्वचा की गंदगी को साफ करने के लिए स्क्रब बेहद कारगर सिद्ध हो सकता है। लेकिन अगर आप अपनी त्वचा पर जरूरत से ज्यादा स्क्रब का इस्तेमाल करते हैं तो इससे त्वचा के नैचुरल ऑयल को नुकसान पहुंच सकता है। इस समस्या से बचने के लिए आप चाहें तो कॉफी या चीनी से बनने वाले घरेलू स्क्रब का इस्तेमाल कर सकते हैं। 

ज्यादा गर्म पानी का इस्तेमाल
बहुत से लोगों को यह लगता है कि तेज गर्म पानी से त्वचा की अच्छी तरह से सफाई हो जाती है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि इससे त्वचा का नैचुरल ऑयल कम होता है और आपकी त्वचा बहुत रूखी और डल हो जाती है। इसलिए अपनी त्वचा को साफ करने या नहाने के लिए कभी भी तेज गर्म पानी का इस्तेमाल न करें। अगर जरूरत महसूस हो तो हल्के गुनगुने पानी का इस्तेमाल करें। 

टोनर का इस्तेमाल
रूखी त्वचा वालों को कोई भी स्किन केयर प्रोडक्ट खरीदते समय खास सावधानी बरतनी चाहिए क्योंकि गलत प्रोडक्ट के इस्तेमाल से त्वचा और भी ज्यादा रूखी और बेजान हो सकती है। उदाहरण के लिए अगर आप टोनर का इस्तेमाल करते हैं तो अपनी रूखी त्वचा पर रेटिनॉल या एस्ट्रिजेंट युक्त टोनर का इस्तेमाल कतई न करें। आप चाहें तो गुलाब जल से बने घरेलू टोनर का इस्तेमाल कर सकते हैं। 

23-09-2021
यूरिक एसिड से हैं परेशान तो सुबह खाली पेट खाएं ये चीजें...

नई दिल्ली। आज कई लोगों को यूरिक एसिड की परेशानी होती है। इसका कारण अनहेल्दी खानपान और खराब लाइफस्टाइल हो सकता है। अगर शरीर में यूरिक एसिड बढ़ जाए तो गठिया, आर्थराइटिस जैसे कई बीतमारियां जन्म ले सकती है। इसलिए इसे कंट्रोल करना बहुत जरूरी है। चलिए जानते हैं कि यूरिक एसिड कैसे कंट्रोल करें।

सबसे पहले जानिए यूरिक एसिड क्या है?
यूरिक एसिड एक तरह का केमिकल है। दरअसल शरीर में कुछ सेल्स व खाद्य पदार्थ प्यूरीन नामक प्रोटीन बनाते हैं, जिसके ब्रेकडाउन होने पर यूरिक एसिड बनता है। आमतौर पर यह किडनी के जरिए फिल्टर होकर शरीर से बाहर निकल जाता है लेकिन जब ऐसा नहीं पाता या शरीर में इसकी मात्रा बढ़ जाती हैं तो एसिड खून में मिल जाता है। धीरे-धीरे यह क्रिस्टल्स के रूप में टूटकर हड्डियों के बीच जमा होने लगता है, जिसे हाई यूरिक एसिड कहा जाता है।

यूरिक एसिड बढ़ने के जोखिम
- घुटनों में तेज दर्द, सूजन, अकड़न
- जोड़ों में दर्द व लालिमा
- अपच और घबराहट
 

यूरिक एसिड बढ़ने के कारण
- बहुत अधिक शराब पीना
- अनुवांशिकता
- थायरायड
- विटामिन बी-3 की कमी
- मोटापा
- ज्यादा प्यूरीन युक्त आहार लेना
- भरपूर पानी ना पीना
- गुर्दे का फिल्टर ना कर पाना

हाई यूरिक एसिड के लक्षण
- जोड़ों में दर्द
- उठने-बैठने में परेशानी होना
- जोड़ों में गांठ की शिकायत होना
- गांठों में सूजन
- शुगर लेवल बढ़ना

यूरिक एसिड को कंट्रोल करने के लिए सबसे जरूरी है सही खानपान व लाइफस्टाइल। इसके अलावा सुबह खाली पेट कुछ चीजों का सेवन भी इसकी मात्रा को कंट्रोल करेगा।

सेब का सिरका
खाली पेट 1 गिलास पानी में एक चम्मच सेबका सिरका डालकर पीएं। इससे शरीर को कई विटामिन्स, एंजाइम और प्रोटीन जैसे पोषक तत्व मिलते हैं, जिससे यूरिक एसिड कंट्रोल में रहता है।

नींबू पानी
1 गिलास गुनगुने पानी में नींबू का रस और शहद मिलाकर पीएं। इससे शरीर के विषैले तत्व बाहर निकल जाएंगे और यूरिक एसिड कंट्रोल में रहेगा।

अलसी के बीज
अलसी के बीजों को रातभर 1 कटोरी पानी में भिगो दें। सुबह बीजों को अच्छी तरह चबाकर खाएं। इनमें ओमेगा-3 फैटी एसिड, फाइबर, मैग्नीशियम, मैंगनीज और प्रोटीन होता है। साथ ही यह फास्फोरस का भी बेहतरीन स्त्रोत है, जिससे यूरिक एसिड नहीं बढ़ता।

सब्जियों का जूस
अगर यूरिक एसिड लेवल को कम करना चाहते हैं तो नाश्ते में ताजा सब्जियों का जूस पीना न भूलें। यह बॉडी को डिटॉक्स करने के साथ क्रिस्टल को तोड़ने में भी मदद करता है।
 

22-09-2021
घर पर बनाएं चावल की पापड़ी, बच्चे और बड़े सभी खाते रह जाएंगे, बनाना भी है बेहद आसान

नई दिल्ली। आजकल घर में पैक्ड फूड और बाहर के खाने का कल्चर बहुत बढ़ गया है। नमकीन, चिप्स, बिस्कुट, पापड़ी और नाश्ते की सभी चीजें मार्केट से खरीदकर लाई जाती हैं। ऐसे में बच्चे भी वही खाना खाते हैं। बच्चों को स्वस्थ रखने के लिए आपको बाहर का फूड कम खिलाना चाहिए। घर पर बना साफ और हेल्दी भोजन ही बच्चों को देना चाहिए। आज हम आपको बहुत ही कम समय में बनने वाला बच्चों का पसंदीदा स्नैक्स बनाना बता रहे हैं। इसे आप शाम को चाय या नाश्ते में भी खा सकते हैं। ये काफी हल्का और स्वादिष्ट खाना है। आज हम आपको घर में चावल की पापड़ी बनाना बता रहे हैं। ये खाने में बहुत कुरकुरी होती है। खासबात ये है कि इन्हें आप लम्बे समय तक स्टोर करके भी रख सकते हैं। आइए जानते हैं चावल की कुरकुरी पापड़ी की रेसिपी

चावल की पापड़ी बनाने की सामग्री
1 कप चावल का आटा
2- 3 बड़ी चम्मच मैदा
2 बड़ी चम्मच तेल
1 छोटी चम्मच कसूरी मेथी
½ छोटी चम्मच जीरा
½ छोटी चम्मच लाल मिर्च
स्वाद अनुसार नमक
फ्राई करने के लिए ऑयल

चावल की पापड़ी बनाने की रेसिपी 

- सबसे पहले चावल बनाने के लिए किसी बर्तन में 1 कप पानी डालकर गरम होने के लिए रख दें।
- पानी में जीरा, 1 चम्मच तेल और नमक डालकर ढ़ककर एक उबाल आने तक गर्म करें।
- अब गैस बंद करके पानी में 1 कप चावल का आटा डालकर अच्छी तरह मिक्स कर लें।
- इस पूरे मिश्रण को ढ़क कर 5 मिनट तक छोड़ दें। चावल का आटा फूल जाएगा।
- अब इस मिश्रण में लाल मिर्च और थोड़ी कसूरी मेथी हाथ से क्रश करके मिल दें।
- इस मिश्रण जब तक गरम रहे उसमें थोड़ा तेल मिलाते हुए मसल-मसल कर आटे की तरह गूंथ लें।
- चावल का आटा तैयार है। अब इसकी छोटी-छोटी लोई बना लें।
- अब सारी लोई को थोडा सूखा आटा लगाते हुए गोल आकार में पतला बेल कर अलग रखते जाएं।
- कढ़ाई में तेल गरम कर लें और सभी पापड़ी को एक-एक करके क्रिस्पी होने तक पकाएं। फ्राई करते वक्त गैस की फ्लेम को मीडियम-हाई रखें।
- जब सभी पापड़ी बन जाए तो इन पर थोड़ा चाट मसाला छिड़क दें। तैयार हैं चावल की कुरकुरी पापड़ी.
- ठंडा होने के बाद इन्हें किसी एयर टाइट डब्बे में बंद करके रख दें।

22-09-2021
ऐसे करें बालों की केयर, उलझने और गांठ पड़ने की समस्या से मिलेगी छुटकारा

नई दिल्ली। लगभग हर लड़की की चाह होती है कि उसके लंबे और घने बाल हो। लेकिन इसके लिए बालों को खास केयर की जरूरत होती है। मगर अक्सर कई लड़कियों को रूखे व उलझे बालों की परेशानी रहती है। इसके अलावा कई बार तो बालों पर गांठें भी पड़ने लगती है। ऐसे में बालों को सुलझाने में काफी परेशानियां आती है। साथ ही इसके कारण हेयर फॉल होने लगता है। ऐसे में अगर आप भी इससे परेशान है तो हेयर केयर में कुछ खास टिप्स अपना सकती है। चलिए जानते हैं इसके बारे में...

बाल धोने के बाद कंडीशनर लगाएं
कई लड़कियां किसी खास मौके पर बालों को धोने के बाद कंडीशनर लगाती है। मगर असल में इसे हर बार लगाना चाहिए। ब्यूटी एक्सपर्ट के अनुसार कंडीशनर बालों की सुरक्षा के लिए एक लेयर बना देता है। इससे बालों का धूप-धूल से बचाव रहता है। साथ ही बाल सिल्की, स्मूद होते हैं। ऐसे में इन्हें सुलझाना काफी आसान हो जाता है। हेयर वॉश के बाद कंडीशन लगाने से बालों का उलझना व गांठ पड़ने की समस्या से छुटकारा मिलता है। इसलिए हर बार बालों को शैंपू करने बाद कंडीशन जरूर लगाएं। इसे हमेशा बालों की लंबाई पर लगाया जाता है। साथ ही कंडीशनर को स्कैल्प पर लगाने से बचना चाहिए।

बाल सुलझाने में सही कंघी चुनें
अक्सर लड़कियां बालों को सुलझाने में भी पतली व बारीक दांतों वाली कंघी का इस्तेमाल करती है। मगर इससे बाल जल्दी नहीं सुलझते हैं। साथ ही हेयर फॉल की समस्या बढ़ती है। इसलिए बालों को सुलझाने के लिए हमेशा मोटे व चौड़े दांतों वाली कंघी इस्तेमाल करें। इससे बाल बिना उलझे आसानी से सुलझ जाते हैं। साथ ही दर्द व हेयर फॉल की समस्या से बचाव रहता है।

हेयर सीरम जरूरी
बालों पर सीरम लगाने से ये आसानी से सुलझ जाते हैं। ऐसे में इस पर गांठ पड़ने की परेशानी नहीं होती है। इसके लिए सबसे पहले बालों को धो लें। फिर हल्के गीले बालों पर सीरम लगाकर उंगलियों से सुलझाएं। सीरम को स्कैल्प पर नहीं सिर्फ बालों की लंबाई पर लगाएं। इससे बालों का उलझना बंद होगा। ऐसे में रुखे, बेजान व बालों के झड़ने की परेशानी दूर होगी। ऐसे में आपके बाल सुंदर, घने, शाइनी व सिल्की नजर आएंगे।


हेयर मास्क लगाएं
बालों को पूरा पोषण ना मिलने से उन पर गांठ पड़ने लगती है। ऐसे में इन्हें सुलझाना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में आप इससे बचने के लिए हफ्ते में 1-2 बार हेयर पैक बनाकर लगा सकती है। इसके लिए आप मुल्तानी मिट्टी, आंवला, शिकाकाई, रीठा आदि का पाउडर मिलाकर बालों पर लगा सकती है। इसके अलावा बालों पर दही, शहद व केला का हेयर पैक भी लगा सकती है। इससे बाल जड़ों से मजबूत होंगे। बालाें के टेक्सचर में सुधार होगा। ऐसे में आपके बालों की फ्रिजीनेस दूर होकर ये सिल्की, स्मूद बनेंगे।

21-09-2021
ब्लैकहेड्स निकालते समय इन बातों का रखें ध्यान, नहीं होगा त्वचा को नुकसान

नई दिल्ली। जब त्वचा पर लगातार तेल, डेड स्किन सेल्स और गंदगी जमा होने लगती हैं तो इससे ब्लैकहेड्स की समस्या हो जाती है। ब्लैकहेड्स को आम भाषा में कील भी कहा जाता है। वैसे इस समस्या से आप आसानी से राहत पा सकते हैं, लेकिन इन्हें निकालते समय कुछ लोगों से ऐसी गलतियां हो जाती हैं, जिसका हर्जाना त्वचा को भुगतना पड़ सकता है। आइए जानते हैं कि ब्लैकहेड्स निकालते समय किन-किन गलतियों से बचना चाहिए। 

दबा-दबाकर ब्लैकहेड्स न निकालें :
कई लोग त्वचा को बहुत अधिक दबाकर रोमछिद्रों के अंदर मौजूद ब्लैकहेड्स को निकालने की कोशिश करते हैं, लेकिन ऐसा करना बिल्कुल गलत है। बेहतर होगा कि आप उन ब्लैकहेड्स को रिमूवर से निकालें, जो त्वचा पर साफ दिखाई दे रहे हैं। इसके बाद आप त्वचा के भीतर मौजूद ब्लैकहेड्स को निकालने का प्रयास करें, लेकिन इसके लिए त्वचा को बहुत जोर से न दबाएं। अगर आप ऐसा करते हैं तो इससे आपकी त्वचा और खराब हो सकती है। 

स्क्रब करने का तरीका गलत होना :
यह बात सच है कि त्वचा को स्क्रब करने से डेड स्किन सेल्स बाहर निकल जाते हैं, जिससे ब्लैकहेड्स भी निकल जाते हैं। हालांकि कुछ लोग ब्लैकहेड्स निकालने के चक्कर में त्वचा को बहुत हार्श तरीके से स्क्रब करना शुरू कर देते हैं, जिससे ब्लैकहेड्स नहीं निकलते हैं और ऊपर से त्वचा को जलन, रैशेज और तरह-तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ जाता है। इसलिए आप ऐसी गलती न करें और हमेशा जेंटल तरीके से त्वचा को स्क्रब करें। 

गंदे ब्लैकहेड्स एक्सट्रैक्टर का न करें इस्तेमाल :
ब्लैकहेड्स से राहत पाने के लिए कई लोग एक्सट्रैक्टर का इस्तेमाल करते हैं और अगर आप भी इन लोगों में शामिल हैं तो इस्तेमाल से पहले इसे अच्छे से साफ कर लें। दरअसल गंदे एक्सट्रैक्ट का इस्तेमाल त्वचा के रोमछिद्रों में संक्रमण और अन्य कई तरह की त्वचा संबंधी समस्याओं की वजह बन सकता है। इसलिए यह जरूरी है कि आप हर बार इस्तेमाल से पहले और बाद में अपने ब्लैकहेड्स एक्सट्रैक्ट को गर्म पानी और साबुन से साफ करें। 

अधिक मेकअप का इस्तेमाल है नुकसानदायक :
बहुत से लोग त्वचा के ब्लैकहेड्स को छुपाने या दूर करने के लिए न जाने कितनी तरह के स्किन केयर या मेकअप के प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन ये प्रोडक्ट्स उनकी त्वचा के लिए हानिकारक साबित हो सकते हैं। दरअसल ये प्रोडक्ट्स त्वचा पर जलन पैदा कर सकते हैं और ब्लैकहेड्स पर भी अपना कोई खास असर नहीं करते हैं। इसलिए जब भी आपकी त्वचा पर ब्लैकहेड्स हों तो अधिक मेकअप या स्किन केयर प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल न करें। 

20-09-2021
इस पितृ पक्ष श्राद्ध की थाल में जरूर रखें ​खीर, जाने खीर बनाने की ये आसान रेसिपी

नई दिल्ली। हिंदू धर्म में पितृ पक्ष में लोग श्राद्ध से पूर्वजों की मुक्ति के लिए ब्राह्माणों को भोजन करवाते हैं। वही श्राद्ध में खीर का विशेष महत्व होता है। मान्यता है कि खीर से पितृ प्रसन्न होते हैं और घर को खुशियों से भर देते हैं। तो आज हम आपको खीर की रेसिपी बताने जा रहे हैं।

सामग्री
दूध- 1 लीटर 
मखाने- 2 कटोरी
शक्कर- 4 चम्मच
घी- 2 चम्मच
सूखे मेवे- 2 कटोरी
सूखा नारियल( कद्दुकस किया)- 1/2 कटोरी
इलायची पाउडर- 2 चम्मच
केसर(दूध में भीगा)- 1/2 चम्मच


विधि
- सबसे पहले एक पैन में घी गर्म करें। 
- अब मखानों को भून कर अलग रख दें और अच्छे से कूट लें।
- एक अलग पैन में दूध को उबाल लें। फिर इसमें मखाना और चीनी मिलाएं।
- खीर को गाढ़ा होने तक पकाएं और इसमें सूखे मेवे, नारियल का बूरा, इलायची पाउडर डालें।
- सर्विग प्लेट में डालकर केसर से गार्निश करें।

18-08-2021
इस बार बनाए दाल के नहीं बल्कि पनीर के दही वड़े, खाने में बहुत ही लजीज और कुछ अलग भी है 

रायपुर। अक्सर दाल के बने दही वड़े खाएं होंगे, लेकिन क्या आपने कभी पनीर के दही वड़े खाएं है? अगर नहीं तो आज हम आपके लिए पनीर के दही वड़े बनाने की रेसिपी लेकर आए हैं। 

सामग्री
पनीर 200 ग्राम
उबले आलू - 2
जीरा - 2 छोटे चम्मच
तेल - तलने के लिए
अरारोट - 2 बड़े चम्मच
दही - 4 कप
हरी चटनी - 1/2 कप
मीठी चटनी - 1/2 कप
हरी मिर्च - 1 (बारीक कटी हुई)
नमक - स्वादानुसार
हींग- चुटकीभर
लहसुन और लाल मिर्च का पेस्‍ट- 1 छोटा चम्मच

विधि
- इसे बनाने के लिए आप सबसे पहले एक बाउल में पनीर, आलू और थोड़ा अरारोट का आटा मिक्स करें।
- इसके बाद अब इसमें हरी मिर्च, नमक डालकर मसलकर गूंथें।
- फिर पैन में धीमी आंच पर गर्म करें और वड़े के मिक्सचर को हाथ से गोलाकार करके फैलाएं और हल्का सा दबाव कर फ्राई करें।
- अब एक कटोरी में दही फेंट कर लाल मिर्च और लहसुन का पेस्ट डालें।
- फिर अब इसमें जीरा, लहसुन और हींग का तड़का लगाकर दही में मिक्स करें।
- फिर प्लेट में वड़े रखकर ऊपर से फेंटा हुआ दही डालें।
- इसके ऊपर हरा धनिया, खट्टी-मीठी चटनी डालकर सर्व करें।

17-08-2021
चावल या रोटी के साथ खाने के लिए जल्दी कुछ बनाना चाहते हैं तो बनाइए आलू चोखा, खाने में टेस्टी और बनाने में भी आसान

रायपुर। आज की रेसेपी आलू चोखा है। यह खाने में काफी टेस्टी होता है। आलू चोखा आम तौर पर सबको पसंद आता है। यह बनाने भी भी आसान होता है। तो आइए जानते हैं इसे बनाने का तरीका।

सामग्री
आलू (उबले हुए) - 3
प्याज (बारीक कटा हुआ) - 1
हरी मिर्च (बारीक कटी हुई) - 2-3
नमक - स्वादानुसार
सरसों का तेल - डेढ़ चम्मच

विधि
- इसे बनाने के लिए आप सबसे पहले एक कटोरी में तीनों उबले आलूओं को छीलकर फोडें।
- इसके बाद अब इसमें प्याज, हरी मिर्च, नमक और तेल डाल दें।
-फिर आलू को पूरी तरह से मैश करते हुए सभी चीजों को अच्छी तरह से मिला लें।
- आलू चोखा तैयार है। इसे गरमागरम सर्व करें।

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