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05-12-2019
नीरव मोदी को स्पेशल कोर्ट ने किया भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित

नई दिल्ली। विशेष पीएमएलए (धन शोधन निवारण अधिनियम) कोर्ट ने गुरुवार को अरबपति हीरा कारोबारी नीरव मोदी को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित कर दिया। नीरव 2017 में पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) में हुई 13,500 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के प्रमुख आरोपियों में शामिल है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के विशेष अधिवक्ता हितेन वेनेगांवकर ने कहा, “इसके साथ ही विजय माल्या के बाद भगोड़ा आर्थिक अपराध अधिनियम (एफईओए) के अंतर्गत भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित होने वाला वह दूसरा अभियुक्त बन गया है।” इस महत्वपूर्ण आदेश से एक दिन पहले उसके मामा और पीएनबी घोटाले के सह आरोपी मेहुल चोकसी को भी बंबई हाईकोर्ट ने झटका देते हुए विशेष पीएमएलए कोर्ट की कार्यवाही पर रोक लगाने की याचिका खारिज कर दी थी। पीएमएलए कोर्ट में ईडी उसे भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित करने की मांग कर रही है। शराब व्यापारी और किंगफिशर एयरलाइंस के पूर्व प्रमुख माल्या को इसी साल जनवरी में मुंबई स्थित विशेष अदालत ने भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित किया था। नीरव मोदी को यह झटका लगने से एक दिन पहले विशेष पीएमएलए न्यायाधीश वीसी बार्डे ने कहा कि “सीआरपीसी की धारा 82 के अंतर्गत परिकल्पित घोषणा जारी की जाएगी, क्योंकि वारंट की कार्रवाई से खुद को बचाने के लिए आरोपी फरार हो गए।”

नीरव मोदी के अलावा उसका भाई निशाल मोदी और एक साथी सुभाष परब को भी 15 जनवरी तक विशेष अदालत में पेश होने का आदेश दिया गया है। सीबीआई ने तीनों को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित करने के लिए अगस्त में एक याचिका दायर की थी। अगर शेष दो भी विशेष अदालत के समनों का पालन नहीं कर पाते हैं तो उन्हें भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित कर दिया जाएगा और सीबीआई एफईओए के अंतर्गत उनकी सभी संपत्तियों की जब्ती की कार्यवाही शुरू कर सकती है। इसी साल मार्च में लंदन में गिरफ्तार हुआ नीरव फिलहाल लंदन स्थित जेल में न्यायिक हिरासत में है। लेकिन अन्य दो आरोपी फिलहाल फरार चल रहे हैं। हालांकि तीनों आरोपियों (नीरव, निशाल और परब) के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए जा चुके हैं। भारत फिलहाल नीरव को इंग्लैंड से और उसके मामा मेहुल को एंटीगुआ और बारबुडा से प्रत्यर्पित करने का प्रयास कर रहा है। मेहुल अब एंटीगुआ और बारबुडा का नागरिक है।

04-12-2019
गूगल अल्फाबेट के सीईओ बने भारतीय मूल के सुंदर पिचाई  

सैन फ्रांसिस्को। गूगल के सह संस्थापकों-लैरी पेज और सर्गेई ब्रिन ने एक युग का अंत करते हुए अपनी मूल कंपनी में अपने वर्तमान पद से इस्तीफा देने का निर्णय लिया है। भारतीय मूल के सुंदर पिचाई को अब गूगल के साथ-साथ अल्फाबेट का भी मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) बना दिया गया है। अल्फाबेट ने कहा कि उसके सीईओ पेज और अध्यक्ष ब्रिन ने अपने पदों से इस्तीफे देने का फैसला किया है। कंपनी ने कहा कि यह तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।
पेज और ब्रिन कंपनी के साथ उसके सह संस्थापक, शेयर धारक और अल्फाबेट के निदेश मंडल के सदस्य के तौर पर जुड़े रहेंगे। पिचाई गूगल के सीईओ और अल्फाबेट के निदेशक मंडल के सदस्य भी रहेंगे। अल्फाबेट के निदेशक मंडल के चेयरमैन जॉन हेनेसी ने एक बयान में कहा, “लैरी और सर्गे के 21 सालों तक दिए गए योगदान के बारे में बताना असंभव है। मैं उनका आभारी हूं कि वे बोर्ड में आगे भी काम करते रहेंगे।” पिचाई ने कहा, “अल्फाबेट और प्रौद्योगिकी के माध्यम से बड़ी चुनौतियों से निपटने के लिए दीर्घकालिक फोकस करने के लिए मैं उत्साहित हूं। मैं नई भूमिकाओं में लैरी और सर्गे के साथ काम जारी रखने के लिए भी उत्साहित हूं।” उन्होंने कहा, “उन्हें धन्यवाद, हमारे पास एक अनंत मिशन, स्थायी मूल्य और सहयोग तथा अन्वेषण की संस्कृति है। हम एक मजबूत आधारशिला पर प्रगति करना जारी रखेंगे।” 

पिचाई 2004 में गूगल से जुड़े थे और गूगल टूलबार विभाग और इसके बाद गूगल क्रोम के प्रमुख बने थे। गूगल क्रोम बाद में दुनिया का सबसे लोकप्रिय इंटरनेट ब्राउजर बन गया था। वर्ष 2014 में उन्हें गूगल के सभी उत्पादों और प्लेटफॉर्म्स के सभी प्रोडक्ट्स और इंजीनियरिंग की अगुआई करने के लिए नियुक्त किया गया। गूगल के प्लेटफॉर्म्स में सर्च, मैप्स, प्ले, एंड्रोएड, क्रोम, जीमेल और गूगल एप्स (अब जी सुइट) शामिल हैं। चेन्नई में पले-बढ़े पिचाई ने भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान में इंजीनियरिंग की और स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी से मास्टर डिग्री और व्हार्टन स्कूल से एमबीए की डिग्री ली है।

 

01-12-2019
एलपीजी के दामों में लगातार चौथे महीने वृद्धि, इतनी बढ़ी कीमत...

नई दिल्ली। रसोई गैस के दामों में लगातार चौथे महीने बढ़ोत्तरी की गई है। घरेलू रसोई गैस सिलेंडर के दाम 13.50 रुपए प्रति सिलेंडर बढ़ गए हैं। 1 दिसंबर 2019 से बढ़ी हुई कीमतें लागू हो गई हैं। राजधानी दिल्ली में नॉन सब्सिडी वाले घरेलू रसोई गैस सिलेंडर की कीमतों में 13.50 रुपए की बढ़ोतरी की गई है। इस बढ़ोतरी के बाद यहां सिलेंडर की कीमत 695.00 रुपए हो गई है। इससे पहले नवंबर में यह 681.50 रुपए में मिल रहा था। कोलकाता में रसोई गैस सिलेंडर 19.50 रुपए की बढ़ोतरी के बाद 725.50 रुपए का हो गया है। मुंबई में सिलेंडर 14 रुपए महंगा हुआ है और इसकी नई कीमत 665 रुपए हो गई है। चेन्नई में यह 18 रुपए बढ़कर 714 रुपए का हो गया है।

गैस वितरण कंपनियों ने कॉमर्शियल में इस्तेमाल होने वाले 19 किलोग्राम सिलेंडर की कीमत में भी इजाफा किया है। राजधानी दिल्ली में 19 किलो वाले गैस सिलेंडर की कीमत में 7 रुपए 50 पैसे की बढ़ोतरी हुई है और यह बढ़कर 1211.50 रुपए का हो गया है। कोलकाता में 19 किलोग्राम सिलेंडर की कीमत 17.50 रुपए बढ़कर 1275.50 रुपए हो गई है। मुंबई में 19 किलो वाला सिलेंडर 9 रुपए महंगा हुआ है और इसकी नई कीमत 1160.50 रुपए हो गई है। चेन्नई में 19 किलो वाला सिलेंडर 14 रुपए महंगा हुआ है और अब यहां नई कीमत 1333 रुपए हो गई है। गौरतलब है कि गैस वितरण कंपनियों प्रत्येक माह की 1 तारीख को कीमतों की समीक्षा करती हैं, इसके बाद ही इनमें बदलाव किया जाता है। नवंबर में भी देश के प्रमुख महानगरों में बिना-सब्सिडी वाला गैस सिलिंडर करीब 76.5 रुपए महंगा हुआ था।

29-11-2019
देश की अर्थव्यवस्था बदहाल, 4.5 फीसदी पर पहुंची जीडीपी

नई दिल्ली। वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में अर्थव्यवस्था को तगड़ा झटका लगा है। जुलाई-सितंबर तिमाही में विकास दर 4.5 फीसदी रही। सुस्ती के चलते पहली तिमाही में विकास दर पांच फीसदी रही थी। वित्त मंत्रालय ने शुक्रवार को इन आंकड़ों को जारी किया था। यह छह साल (26 तिमाही) में सबसे कम है। इससे कम 4.3 फीसदी जनवरी-मार्च 2013 में रही थी। जीडीपी ग्रोथ मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की सुस्ती की वजह से ज्यादा प्रभावित हुई। इस सेक्टर की ग्रोथ (-)1 फीसदी रही। पिछले साल सितंबर तिमाही में 4.9 फीसदी थी। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि आज जारी हुए जीडीपी के आंकड़े कहीं से भी मंजूर नहीं है। हमें 8-9 फीसदी से बढऩा चाहिए था। जीडीपी में पहली तिमाही के मुकाबले इस बार आधा फीसदी की ज्यादा गिरावट दूसरी तिमाही में हुई है। केवल आर्थिक नीतियों में बदलाव से इसका हल नहीं निकलेगा। मुख्य आर्थिक सलाहकार केवी सुब्रमण्यम ने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था के फंडामेंटल काफी मजबूत हैं। तीसरी तिमाही से जीडीपी में फिर से बढ़ोतरी देखने को मिलेगी।  सर्वे में कहा गया कि रिजर्व बैंक एक बार फिर रेपो रेट में 0.25 फीसदी की कटौती कर सकता है। तीन से पांच दिसंबर चलने वाली एमपीसी बैठक में रेपो रेट को घटाकर 4.90 फीसदी पर की जा सकती है। सर्वे में शामिल अधिकतर अर्थशास्त्रियों का कहना है कि घरेलू कर्ज की धीमी रफ्तार और कंपनियों के घटते मुनाफे की वजह से भारतीय अर्थव्यवस्था को रफ्तार पकडऩे में समय लगेगा।

29-11-2019
मार्केट में सुस्ती के बाद भी बढ़ सकते है सीमेंट के दाम

रायपुर। बिल्डिंग मटेरियल मार्केट में सुस्ती के बाद भी सीमेंट की कीमतों में बढ़ोत्तरी की तैयारी है। जानकार सूत्रो की माने तो सीमेंट की प्रति बोरी में 10 रुपए बढ़ोत्तरी के संकेत है। वर्तमान में सीमेंट होलसेल में 205 रुपए प्रति बोरी और रिटेल में 215 रुपए प्रति बोरी तक बिक रहा है। व्यापारियों की माने तो बिल्कुल सुस्त रफ्तार बनी हुई है और किसी भी प्रकार से डिमांड में तेजी नही है। कंपनियो द्वारा हालांकि रेट बढ़ाने की तैयारी की जा रही है।

29-11-2019
प्रदेश की 17 कंपनियां हुई दिवालिया, होगी नीलामी

देहरादून। प्रदेश में लंबे समय से चल रही 17 कंपनियां दिवालिया हो गई हैं। कारपोरेट मंत्रालय के दून स्थित कार्यालय ने दिवाला निकलने की प्रक्रिया पूरी कर ली है। इनमें से एक कंपनी की संपत्तियां नीलाम हो रही हैं। कारपोरेट कार्य मंत्रालय के रजिस्ट्रार एवं शासकीय समापन कार्यालय के देहरादून स्थित कार्यालय ने दिवालिया हो चुकी कंपनियों की कार्रवाई आगे बढ़ा दी है। इन कंपनियों की संपत्तियां अटैच कर ली गई हैं। इनमें से काफी पुरानी हल्द्वानी स्थित जलपैक कंपनी की संपत्तियां अटैच करने के बाद अब देनदारों की देनदारी खत्म करने के लिए विभाग ने नीलामी शुरू कर दी है।

बाकी 17 कंपनियों की परिसंपत्तियों की नीलामी भी जल्द

बाकी 17 कंपनियों की परिसंपत्तियों की नीलामी भी जल्द ही शुरू हो जाएगी। खास बात यह है कि इनमें से ज्यादातर ऐसी कंपनियां हैं, जिनकी परिसंपत्तियां करोड़ों रुपये की थी, लेकिन वक्त के साथ इनका काम ठप होता चला गया। कुछ कंपनियां ऐसी भी हैं जो कि विवादों के चलते बंद हो गई हैं। रजिस्ट्रार एवं शासकीय समापन कार्यालय की ओर से ऐसी कंपनियों की लगातार पड़ताल की जा रही है।
 
निष्क्रिय कंपनियों की तैयार हो रही कुंडली

कारपोरेट कार्य मंत्रालय के रजिस्ट्रार एवं शासकीय समापन कार्यालय के देहरादून स्थित कार्यालय में वर्तमान में 7866 कंपनियां पंजीकृत हैं। इनमें से केवल 5393 कंपनियां एक्टिव हैं जबकि 2473 कंपनियां निष्क्रिय हैं। अब विभाग की ओर से इन कंपनियों की पड़ताल तेज की गई है। जल्द ही इन पर भी कार्रवाई की जा सकती है। प्रदेश में लिक्विडेशन प्रक्रिया से गुजरने वाली 17 कंपनियां दिवालिया घोषित हो चुकी हैं। इन कंपनियों की परिसंपत्तियां नीलाम करने की प्रक्रिया की जा रही है ताकि देनदारों की देनदारी खत्म की जा सके।
- बीके केन, रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज कम ऑफिशियल लिक्विडेटर

29-11-2019
सरकार आज जारी करेगी जीडीपी के आंकड़े, जाने कितनी हो सकती है विकास दर

नई दिल्ली। उपभोक्ता मांग और निजी निवेश में कमी के कारण जुलाई-सितंबर तिमाही में भारत की विकास दर छह साल से भी ज्यादा नीचे जा सकती है। सरकार शुक्रवार को जीडीपी के आधिकारिक आंकड़े जारी करेगी। इससे पहले गुरुवार को विशेषज्ञों के बीच कराए गए एक सर्वे में पता चला है कि चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में विकास दर 4.7 फीसदी पर आ सकती है। सर्वे के अनुसार, वैश्विक मंदी ने भारत के निर्यात पर काफी असर डाला है। जून तिमाही में विकास दर पांच फीसदी रही थी, लेकिन सितंबर तिमाही में यह पिछली 26 तिमाहियों में सबसे कमजोर रह सकती है। 2018 की समान तिमाही में यह सात फीसदी रही थी। सरकार सूत्रों के हवाले से कुछ मीडिया रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि सितंबर तिमाही में विकास दर चार फीसदी से भी नीचे जा सकती है। इससे पहले जनवरी-मार्च 2013 में विकास दर 4.3 फीसदी रही थी। इंडिया रेटिंग्स के मुख्य अर्थशास्त्री दिवेंद्र पंत का कहना है कि उपभोक्ता खपत में गिरावट की वजह से शहरी क्षेत्र की विकास दर काफी सुस्त हो सकती है, जिसे त्योहारी सीजन में भी पर्याप्त ग्राहक नहीं मिल सके हैं।

आरबीआई घटा सकता है रेपो रेट

सर्वे में कहा गया कि रिजर्व बैंक एक बार फिर रेपो रेट में 0.25 फीसदी की कटौती कर सकता है। तीन से पांच दिसंबर चलने वाली एमपीसी बैठक में रेपो रेट को घटाकर 4.90 फीसदी पर की जा सकती है। सर्वे में शामिल अधिकतर अर्थशास्त्रियों का कहना है कि घरेलू कर्ज की धीमी रफ्तार और कंपनियों के घटते मुनाफे की वजह से भारतीय अर्थव्यवस्था को रफ्तार पकड़ने में समय लगेगा। 

 

28-11-2019
शेयर बाजार पहुंचा अबतक के सबसे सर्वोच्च स्तर पर, निफ्टी 12 हजार के पार

नई दिल्ली। सप्ताह के चौथे कारोबारी दिन शेयर बाजार ने कीर्तिमान बनाते हुए आगाज किया। गुरुवार को सेंसेक्स और निफ्टी अपने सर्वोच्च स्तर पर खुले। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स 101.19 अंक यानी 0.25 फीसदी की बढ़त के बाद 41,121.80 के स्तर पर खुला। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 27.30 अंक यानी 0.23 फीसदी की बढ़त के बाद 12,128 के स्तर पर खुला। बाजार में छाई हरियाली से निवेशकों को काफी फायदा हुआ।

ऐसा रहा दिग्गज शेयरों का हाल

दिग्गज शेयरों की बात करें, तो यस बैंक, इंफ्राटेल, सिप्ला, जी लिमिटेड, यूपीएल, टाटा स्टील, टीसीएस, आईसीआईसीआई बैंक, जेएसडब्ल्यू स्टील और अल्ट्राटेक सीमेंट के शेयर हरे निशान पर खुले। वहीं गिरावट वाले दिग्गज शेयरों की बात करें, तो इनमें हीरो मोटोकॉर्प, वेदांता लिमिटेड, हिंदुस्तान युनिलीवर, ओएनजीसी, विप्रो, आईओसी, टाटा मोटर्स और टाइटन के शेयर शामिल हैं।

सेक्टोरियल इंडेक्स पर नजर

सेक्टोरियल इंडेक्स पर नजर डालें, तो एफएमसीजी के अतिरिक्त सभी सेक्टर्स हरे निशान पर खुले। इनमें मीडिया, रियल्टी, मेटल, ऑटो, फार्मा, पीएसयू बैंक, आईटी और प्राइवेट बैंक शामिल हैं।

प्री ओपन के दौरान यह था शेयर मार्केट का हाल

प्री ओपन के दौरान सुबह 9:10 बजे शेयर मार्केट हरे निशान पर था। सेंसेक्स 140.93 अंक यानी 0.34 फीसदी की बढ़त के बाद 41,161.54 के स्तर पर था। वहीं निफ्टी 31.40 अंक यानी 0.26 फीसदी की बढ़त के बाद 12,132.10 के स्तर पर था।

71.32 के स्तर पर खुला रुपया

डॉलर के मुकाबले आज रुपया 71.32 के स्तर पर खुला। वहीं पिछले कारोबारी दिन डॉलर के मुकाबले रुपया 71.35 के स्तर पर बंद हुआ था।

पिछले कारोबारी दिन बढ़त के साथ खुला था बाजार

पिछले कारोबारी दिन शेयर बाजार बढ़त के साथ खुला था। सेंसेक्स 185.41 अंक यानी 0.45 फीसदी की बढ़त के बाद 41,006.71 के स्तर पर खुला था। वहीं निफ्टी 33.80 अंक यानी 0.28 फीसदी की बढ़त के बाद 12,071.50 के स्तर पर खुला था।

बुधवार को 41,020.61 के स्तर पर बंद हुआ था सेंसेक्स

बुधवार को सेंसेक्स 199.31 अंक यानी 0.49 फीसदी की बढ़त के बाद 41,020.61 के स्तर पर बंद हुआ था। वहीं निफ्टी 63 अंक यानी 0.52 फीसदी की बढ़त के बाद 12,100.70 के स्तर पर बंद हुआ था। 

27-11-2019
शेयर बाजार में रौनक, फिर 41 हजार के ऊपर खुला सेंसेक्स

मुंबई। शेयर बाजार में बुधवार सुबह हर्ष का माहौल देखा गया। सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन शेयर बाजार बढ़त के साथ खुला। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स 185.41 अंक यानी 0.45 फीसदी की बढ़त के बाद 41,006.71 के स्तर पर खुला। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 33.80 अंक यानी 0.28 फीसदी की बढ़त के बाद 12,071.50 के स्तर पर खुला। यस बैंक, टाटा मोटर्स, एम एंड एम, मारुति, यूपीएल, एचडीएफसी, जेएसडब्ल्यू स्टील और ब्रिटानिया के शेयर हरे निशान पर खुले। वहीं डॉलर के मुकाबले आज रुपया 71.44 के स्तर पर खुला। बता दें कि मंगलवार को सेंसेक्स 123.63 अंक यानी 0.30 फीसदी की बढ़त के बाद 41,012.86 के स्तर पर खुला था। वहीं निफ्टी 30.90 अंक यानी 0.26 फीसदी की बढ़त के बाद 12,104.65 के स्तर पर खुला था। पिछले कारोबारी दिन शेयर बाजार लाल निशान पर बंद हुआ था। सेंसेक्स 67.93 अंक यानी 0.17 फीसदी की गिरावट के बाद 40,821.30 के स्तर पर बंद हुआ था। वहीं निफ्टी 36.05 अंक यानी 0.30 फीसदी की गिरावट के बाद 12,037.70 के स्तर पर बंद हुआ था। 

 

26-11-2019
शेयर बाजार में रौनक, खुला रिकार्ड स्तर पर, सेंसेक्स 41000 के पार

मुंबई। सप्ताह के दूसरे दिन मंगलवार को शेयर बाजार में रौनक देखी गई। बंबई स्टॉक् एक्सचेंज आज 41,022.85 के रिकार्ड स्तर पर खुला। बता दें कि पहली बार है जब सेंसेक्स 41 हजार के आकड़े को पार किया है। वही एनएसई का निफ्टी 12,110.20 अंकों पर खुला। सोमवार को अमेरिका और चीन के बीच ट्रेड डील के मामले में प्रगति होने की उम्मीद पर एशियाई बाजारों में तेजी रही, जिसका असर भारतीय बाजार पर भी पड़ा। यूएस फेडरल रिजर्व के मॉनिटरी पॉलिसी नरम बनाए रखने की उम्मीद पर भारतीय शेयरों में विदेशी फंड की आवक तेज होने से भी सेंटिमेंट बुलिश रहा था। आज भी इन वजहों से बाजार में पॉजिटिव सेंटिमेंट दिखाई दे रहा है। मंगलवार को शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स में तेजी बढ़ती देखी गई। बाजार खुलने पर सेंसेक्स 216.48 अंकों की बढ़त के साथ 41,105.71 अंकों पर देखा गया। वहीं निफ्टी 56.45 अंक ऊपर 12,130.20 अंकों पर ट्रेड करता नजर आया। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स के जिन शेयरों में निवेशकों की सबसे ज्यादा दिलचस्पी दिखाई दी उनमें यस बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, टाटा स्टील, ओएनजीसी और सन फार्मा रहे। 

 

24-11-2019
448.24 अरब डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा विदेशी मुद्रा भंडार

मुंबई। देश का विदेशी मुद्रा भंडार लगातार आठवें सप्ताह बढ़ता हुआ 15 नवंबर को समाप्त सप्ताह में 44.1 करोड़ डॉलर बढ़कर 448.24 अरब डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। इससे पहले 8 नवंबर को समाप्त सप्ताह में विदेशी मुद्रा भंडार 1.72 अरब डॉलर बढ़कर 447.80 अरब डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया था। रिजर्व बैंक द्वारा जारी आँकड़ों के अनुसार, विदेशी मुद्रा भंडार का सबसे बड़ा घटक विदेशी मुद्रा परिसंपत्ति 15 नवंबर को समाप्त सप्ताह में 64.3 करोड़ डॉलर की बढ़ोतरी के साथ 416.47 अरब डॉलर हो गया। इस दौरान स्वर्ण भंडार 20 करोड़ डॉलर घटकर 26.70 अरब डॉलर पर आ गया। आलोच्य सप्ताह में अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष के पास आरक्षित निधि 30 लाख बढ़कर 3.63 अरब डॉलर पर पहुंच गया और विशेष आहरण अधिकार 50 लाख डॉलर घटकर 1.43 अरब डॉलर पर आ गया।

23-11-2019
सोना टूटा, चांदी में नरमी, यह रहा कारण...

नई दिल्ली। वैवाहिक मौसम के बावजूद वैश्विक स्तर पर हो रहे उठापटक और डॉलर की तुलना में रुपये में रही मजबूती के कारण सर्राफा बाजार में शनिवार को सोना 145 रुपए टूटकर 39,340 रुपए प्रति दस ग्राम पर आ गया और चांदी 285 रुपए गिरकर 45,900 रुपए प्रति किलाग्राम बोली गई। अंतर्राष्ट्रीय बाजार में दोनों कीमती धातुओं में नरमी रही। लंदन एवं न्यूयॉर्क से मिली जानकारी के अनुसार सप्ताहांत पर शुक्रवार रात कारोबार बंद होने पर सोना हाजिर करीब 3 डॉलर उतरकर 1,462.25 डॉलर प्रति औंस पर रहा। दिसंबर का अमेरिकी सोना वायदा 4.00 डॉलर उतरकर 1,466.10 डॉलर प्रति औंस बोला गया। चाँदी हाजिर 0.13 डॉलर लुढ़कर 16.96 डॉलर प्रति औंस बोली गई।

 

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