GLIBS
योग जीवन का अहम हिस्सा : बृजमोहन

जगदलपुर। अंतराष्ट्रीय योग दिवस पर प्रदेश के कृषि मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने गुरुवार को जगदलपुर के इंदिरा प्रियदर्शनी स्टेडियम मे आयोजित योग शिविर में शामिल होकर योगाभ्यास किया।

उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मस्तिष्क का निर्माण होता है। तभी हम अपने परिवार देश और समाज के हित में अच्छा सोच और कर सकते हैं। परंतु आज इस आपाधापी की दौड़ में लोगों की स्वास्थ्य समस्याएं तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में योग ही एक ऐसा मार्ग है। जो जीवन को खुशहाली के रास्ते पर ले कर जा सकता है।  जनप्रतिनिधिगण, स्कूली बच्चें, अधिकारी-कर्मचारी सहित नगर के  नागरिक भी अंतराष्ट्रीय योग दिवस में शामिल हुए

नक्सलियों ने पुलिस पर लगाया मासूम ग्रामीणों के हत्या का आरोप  

रायपुर। नक्सलियों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अपराध नियंत्रण के नाम पर पुलिस फर्जी मुठभेड़ों में बेकसूरों ग्रामीणों को मार रही है। 18 जून को जारी किये पर्चों में नक्सलियों ने कहा कि विवाह समारोह से लौट रहे तीन मासूम ग्रामीणों  को पुलिस द्वारा फर्जी मुठभेड़ में मार दिया गया।

राजयोग से मनुष्य का सर्वांगीण विकास होता है : कमला दीदी
ब्रह्माकुमारी संस्थान के साधकों ने शांति सरोवर में मनाया योग दिवस
Video : पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में घायल जवान को लाया गया रायपुर

रायपुर  सुकमा में  शनिवार की सुबह पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ में एक जवान घायल हो गया। यह मुठभेड़ ओरछा थाना इलाके के मण्डाली के समीप हुई। घायल जवान जिला पुलिस बल का है। बताया जा रहा है कि मुठभेड़ उस समय हुई जब जवान रोड ओपनिंग के लिए निकले हुए थे। नारायणपुर एसपी जितेंद्र शुक्ल से बात करने पर पता चला कि घायल जवान को रायपुर लाया गया है

टेस्ट मैच में 100 विकेट लेकर उमेश बने भारत के 8 वे तेज गेंदबाज 

नई दिल्ली।  उमेश यादव ने शुक्रवार को 100 वां विकेट हासिल कर भारत के आठवें तेज गेंदबाज बन गए। उमेश ने अफगानिस्तान के रहमत शाह को आउट करके टेस्ट मैचों में  100 वां  विकेट पूरा किया। 

वहीं यह उपलब्धि हासिल करने वाले भारत के कुल 22 वें तेज  गेंदबाज हैं लेकिन अब तक के आठ भारतीय तेज गेंदबाज ही इस मुकाम पर पहुंचे हैं। 

 इस तरह से उमेश अब कपिल देव और जहीर खान जैसे गेंदबाजों की गिनती में शामिल हो गए हैं। कपिल ने 131 टेस्ट में 434 और जहीर ने 92 मैचों में 311 विकेट लिए  वहीं   टेस्ट मैचों में 100 विकेट लेने वाले अन्य भारतीय तेज गेंदबाजों में इशांत शर्मा (236), जवागल श्रीनाथ (236), मोहम्मद शमी (110), करसन घावरी (109) और इरफान पठान (100) शामिल हैं।  इस क्लब में शामिल अन्य सभी गेंदबाज स्पिनर हैं। इनमें अनिल कुंबले के नाम पर 619 विकेट दर्ज हैं। 

पहले दिन 474 रनों पर भारी पड़े भारतीय बल्लेबाज

नई दिल्ली। टेस्ट मैच के पहले दिन भारतीय बल्लेबाजों ने अफगानिस्तान के स्पिनरों को जम कर थकाया और रन भी बटोरे। हालांकि अफगानी गेंदबाजों ने दिन के आखिरी सत्र में वापसी करते हुए भारत के चार विकेट चटका दिए। मेजबान टीम ने दिन का अंत 78 ओवरों में छह विकेट के नुकसान पर 347 रनों के साथ किया।

टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम के बल्लेबाजों ने अफगानिस्तान की स्पिन तिगड़ी राशिद खान, मुजीब उर रहमान और मोहम्मद नबी की जमकर धुनाई की उनके टेस्ट क्रिकेट में अनुभवहीन होने का फायदा उठाया।

धवन ने सिर्फ 96 गेंद में 107 रन बनाकर पहले सत्र में अफगान गेंदबाजों को नाकों चने चबवा दिए। वहीं विजय ने 153 गेंद में 105 रन बनाए. दोनों ने मिलकर 28.4 ओवर में 168 रन जोड़े।

दुनिया की नंबर एक टेस्ट टीम ने आखिरी सत्र में 32 ओवर में 99 रन के भीतर पांच विकेट गंवा दिए। पहले दो सत्र में लग रहा था कि अफगान गेंदबाज मेजबान की मजबूत बल्लेबाजी के सामने नहीं टिकेंगे, लेकिन आखिरी सत्र में उन्होंने उम्मीद जगाई।

आखिरी सत्र अफगान गेंदबाजों के नाम रहा। विजय और के एल राहुल (64 गेंद में 54 रन) को यामिन अहमदजई और वफादार ने आउट किया। अहमदजई ने 13 ओवर में 32 रन देकर दो और वफादार ने 15 ओवर में 53 रन देकर एक विकेट लिया।

विजय और राहुल ने दूसरे विकेट के लिए 112 रन की साझेदारी की लेकिन उनके आउट होने के बाद भारत के विकेट जल्दी गिर गए। कप्तान अजिंक्य रहाणे 45 गेंद में 10 और चेतेश्वर पुजारा 35 रन बनाकर आउट हो गए। रहाणे को राशिद खान ने पवेलियन भेजकर पहला टेस्ट विकेट लिया जबकि मुजीब रहमान ने पुजारा को लेग गली में लपकवाया।

टीम में वापसी करने वाले दिनेश कार्तिक चार रन बनाकर रन आउट हो गए। शीर्षक्रम से मिली अच्छी शुरूआत का मध्यक्रम के बल्लेबाज फायदा नहीं उठा सके। राशिद ने 26 ओवरों में 120 रन दे डाले और उन्हें एक ही विकेट मिला। आखिरी सत्र में हालांकि उसने बेहतर गेंदबाजी की और नौ ओवर में 15 रन देकर एक विकेट लिया।

बारिश के कारण मैच रुकने के बाद अफगानिस्तानी गेंदबाजों को पिच से मदद मिलने लगी। अफगानिस्तानी की ओर से यामिन अहमदजई ने 2, वफादार, राशिद खान और मुजीब उर रहमान ने 1-1 विकेट लिए. एक खिलाड़ी रन आउट हुआ।

मुरली विजय ने जड़ा 12वां टेस्ट शतक :

शिखर धवन के बाद मुरली विजय ने भी शानदार शतक लगा दिया है। यह मुरली विजय का टेस्ट क्रिकेट में 12वां शतक है. उन्होंने 50वें ओवर में अफगान गेंदबाज वफादार की गेंद पर चौका लगाते हुए अपना शतक पूरा किया। मुरली विजय 105 रन बनाकर आउट हुए। उन्होंने अपनी पारी में 15 चौके और एक छक्का लगाया।

धवन जब तक थे विजय शांत थे, लेकिन उनके जाने के बाद विजय ने भी थोड़ा तेज  खेला। शतक पूरा करने के बाद हालांकि वह ज्यादा देर रुक नहीं सके और वफादार की गेंद पर 280 के कुल स्कोर पर एलबीडब्ल्यू हो गए।

7वां टेस्ट शतक जड़कर धवन ने बनाया रिकॉर्ड :

भारत की ओर से शिखर धवन और मुरली विजय ने भारत को शानदार शुरूआत दिलाई। शिखर धवन ने लंच से पहले ही शतक जड़ दिया। यह उनका टेस्ट क्रिकेट में सातवां शतक था। इसके अलावा वह लंच से पहले एक सेशन में शतक जड़ने वाले पहले भारतीय और दुनिया के छठे बल्लेबाज बन गए। शिखर धवन ने पहले सेशन में 91 गेंदों पर ताबड़तोड़ 104 रन ठोक दिए। धवन ने अपनी इस पारी में 19 चौके और 3 छक्के लगाए।

भारत: शिखर धवन, मुरली विजय, चेतेश्वर पुजारा, अजिंक्य रहाणे (कप्तान), लोकेश राहुल, दिनेश कार्तिक (विकेटकीपर), हार्दिक पंड्या, रविचंद्रन अश्विन, रवींद्र जडेजा, ईशांत शर्मा, उमेश यादव।अफगानिस्तान से मोहम्मद शहजाद, जावेद अहमदी, रहमत शाह, असगर स्टेनिकाजई (कप्तान), अफसर जजाई (विकेटकीपर), मोहम्मद नबी, हशमतुल्ला शाहिदी, राशीद खान, मुजीब उर रहमान, यामिन अहमदजई, वफादार।

भारत ने पाकिस्तान को 7 विकेट से हराकर हासिल किया पहला स्थान

नई दिल्ली। भारतीय टीम की जीत में एकता बिष्ट का सबसे बड़ा हाथ था। उनके प्रदर्शन की बदौलत उन्हें 'मैन आॅफ द मैच' का अवार्ड भी मिला। उसके बाद स्मृति मंधाना ने 38 रन की और कप्तान हरमनप्रीत कौर ने नाबाद 34 रन बनाकर भरती टीम की झोली में जीत डाल दी।

टॉस जीतकर बाद बल्लेबाजी करने उतरी पाकिस्तान को शुरूआती ओवर में ही झटका देने के बाद अंत तक विकेटों का दौर चलता रहा। लगातार विकेटों गिरते से पाकिस्तान को बड़ा स्कोर बनाने नहीं दिया। नाहिदा खान 18 और सना मीर ने 20 रन  के अलावा कोई भी पाक का कोई बल्लेबाज 10 रन भी  नहीं बना पाया। मैच से पहले भारत और पाकिस्तान दोनों के 6-6 अंक थे और पहले दो स्थान पर यही टीमें ही हैं। भारत नेट रन रेट के मामले में पाकिस्तान से बेहतर है और इसी कारण पहले स्थान पर है।

हबीब तनवीर के दो नाटकों की प्रस्तुति कल

रायपुर। देश के प्रतिष्ठित पटकथा लेखक एवं निर्देशक हबीब तनवीर के उनकी पुण्यतिथि 8 जून को उनके लिखित एवं पूर्व मे निर्देशित किए गए  दो नाटकों की प्रस्तुति शुक्रवार की शाम वृंदावन हाल सिविल लाईन्स में होगी । रचना मिश्रा के निर्देशन मे गाँव के नाम ससुरार ,मोर नाँव दमाद और पोंगा पंडित उर्फ़ जमादारिन का मंचन होगा । 

छत्तीसगढ की कला , संस्कृति ,लोक संगीत और लोक कलाकारों की अभिनय क्षमता को पूरी दुनिया मे नई पहचान दिलाने वाले सुप्रसिद्ध रंग-निर्देशक , शायर , लेखक , अभिनेता पद्म भूषण स्वर्गीय हबीब तनवीर  अपने नाटकों , फ़िल्मों मे किये गये बेजोड़ अभिनय और शायरी लिए की हमेशा याद किये जाते रहेंगे । नया थियेटर के संस्थापक , रायपुर मे जन्मे हबीब तनवीर ने आगरा बाज़ार ,चरणदास चोर , बहादुर कलारिन , मिट्टी की गाड़ी , उत्तर रामायण , लाला सोहबतराय , शतरंज के मोहरे , पोंगा पंडित , गॉंव के नॉंव ससुरार मोर नॉंव दमाद , गरम हवाएँ और राज रक्त , THE BROKEN BRIDGE जैसे बहुत से नाटको का निर्देशन किया हैं ।स्मृति हबीब तनवीर  के माध्यम से 8 जून को शाम 7.30 बजे वृंदावन हाल रायपुर में उनके लिखित दो नाटकों की प्रस्तुति की जाएगी ।

छत्तीसगढ फिल्म एंड विजुअल आर्ट सोसाइटी द्वारा इसके पहले रचना मिश्रा के निर्देशन मे हबीब तनवीर के बहुचर्चित और Edinburgh Internatimnal Drama Festival 1982 मे प्रथम पुरस्कार पाने वाले नाटक “ चरणदास चोर “ की सफल प्रस्तुति की जा चुकी है । पोंगा पंडित उर्फ़ जमादारिन नाटक छत्तीसगढ में बहुत लम्बे समय से खेला जाता रहा है । हबीब तनवीर के नया थियेटर से जुडे ख्यातिनाम अभिनेता मदनलाल निषाद और भूलवाराम इसे 1935-36 से कर रहे थे जिसे हबीब तनवीर ने 1958 मे देखा और बाद में इसे अपने तरीक़े से लिखकर नया थियेटर से पूरे देश मे मंचित किया । लोभ , लालच छुआछूत जैसे सामाजिक विषय पोंगा पंडित नाटक मे बहुत सहज तरीक़े से समाहित हैं । 

हबीब तनवीर के शब्दों मे “ये हास्य रूपी नाटक बहुत बड़ी -बड़ी बातें बहुत गहराई से ,मगर बहुत सहज ढंग से कह जाता है । विषय में एक लोभी पंडित का लालच भी शामिल है ,छुआ छूत की बुराइयों पर भी फब्ती है , और सबसे बड़ी नाटक की ये ख़ूबी है कि वो इस महत्वपूर्ण बात को कि भगवान से नाता रिश्ता  बिना किसी माध्यम के सीधे स्थापित किया जा सकता है । ये कहना शायद ग़लत न होगा कि “ पोंगा पंडित “नाचा शैली का एक छोटा सा शाहकार, क्लासिक एक मास्टरपीस है ।”

गाँव के नाव ससुरार मोर नॉंव दमाद नाटक छत्तीसगढ़ में शरद पूर्णिमा को मनाये जाने वाले छेर -छेरा त्यौहार के अवसर पर गाँव के लड़के झंगलु और लड़की मान्ती के बीच छेड़छाड़ से उपजी प्रेम की कहानी है । जहाँ मान्ती के पिता ग़रीब लड़के झंगलू की बजाय बूढ़े सरपंच से पैसे की ख़ातिर अपनी बेटी की शादी कर देता है ।बाद मे झंगलू अपने साथियों की मदद से गौरा गौरी के त्यौहार के बीच देवार का भेष रखकर अपनी प्रेमिका मान्ती को भगा ले जाता है । प्रेम की जीत का यह नाटक हबीब तनवीर के निर्देशन मे पहली बार मोतीबाग़ रायपुर में 1973 मे मंचित हुआ था । रचना मिश्रा ने हाल ही में बी एड काॅलेज के प्रशिक्षणाथियो शिक्षकों के साथ इस नाटक का मंचन किया था । अब यह नाटक नये पुराने रंगकर्मियो के साथ तैयार किया जा रहा है । नाटक के गीत संगीत नया थियेटर से जुडे कलाकार पूनम तिवारी और साथियो ने तैयार किया है।

30 पुलिस अफसरों का हुआ तबादला 
वन टाइम प्रमोशन पाकर बने थे टीआई, फिर आउट आॅफ टर्न प्रमोशन से बने थे एसआई
Please Wait... News Loading
Visitor No.