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Naxalite : नक्सलियों ने सुकमा बंद का किया आह्वान, जिले में भय का माहौल

सुकमा। बीते 6 अगस्त को कोण्टा थाने के अंतर्गत नुलकातोंग के जंगलों में सुरक्षा बलों के हाथों मारे गए 15 नक्सलियों के विरोध में आज नक्सली समर्थित संगठनों ने छत्तीसगढ़ के सुकमा में बंद का आह्वान किया है। इस बंद का असर सुकमा जिले में दिखाई दिया।

मिली जानकारी के मुताबिक नक्सलियों के बंद के आह्वान के चलते सुबह से ही सुकमा जिले में भय का माहौल व्याप्त है। बंद का असर सुकमा जिले में देखने को मिला है,कल रात से ही पुलिस अधिकारियों ने वाहनों को रोका और सुरक्षित रखा गया

नक्सलियों के बंद के आह्वान को देखते हुए सुरक्षा बलों ने चौकसी बढ़ा रखी है ताकि किसी तरह की वारदात से निपटा जा सके। आज बंद के चलते सुकमा जिले के नक्सल प्रभावित इलाकों में सुकमा एसपी अभिषेक मीणा ने लगातार सर्चिंग करवाया जा रहा है। माराइगुड़ा, कोण्टा, एर्राबोर, दोरनापाल थाने से एक हजार से अधिक जवानों को सर्चिंग के लिए रवाना करवाया गया।

Naxal: 13 को नक्सलियों ने किया बंद का आह्वान, सुरक्षा चाक-चौबंद

सुकमा। बीते दिनों 6 अगस्त को सुकमा जिले के नुलकातोंग में हुए पुलिस नक्सली मुठभेड़ में 15 नक्सलियों के मारे जाने से माओवादी बौखलाए हुए हैं। गुस्साए नक्सलियों ने नुलकातोंग मुठभेड़ के विरोध में 13 अगस्त को बन्द का आह्वान किया है। नक्सलियों की दक्षिण बस्तर डिविजनल कमेटी ने पर्चा जारी करते हुए यह ऐलान किया है। साथ ही उन्होंने मुठभेड़ में मारे गए नक्सलियों को ग्रामीण बताते हुए उनके नामों की सूची जारी की है। इसको लेकर इलाके की सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंध कर दी गई है।

आपको बता दें कि पिछले दिनों सुकमा के नुलकातोंग में पुलिस और नक्सलियों को बीच मुठभेड़ हुई थी। इस मुठभेड़ में पुलिस जवानों ने 15 नक्सलियों को ढेर किया था। साथ ही एक महिला और पुरुष नक्सली को जिंदा पकड़ने में कामयाब हुए थे। पुलिस के इस एनकाउंटर से केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने भी जवानों को  इसके लिए शुभकामनाएं दी थी। इसके बाद से ही इस एनकाउंटर को लेकर सियासत शुरू हो गई थी। आम आदमी पार्टी ने भी मुठभेड़ में ग्रामीणों को मारे जाने का दावा किया है और इसके लिए 5 सदस्यीय जांच दल भी बनाई है। जिसकी जांच में कमेटी लगी हुई है। वहीं नक्सलियों ने आज पर्चा जारी कर 13 अगस्त को सुकमा में बंद का ऐलान किया है।

 
Video : सुकमा नक्सली मुठभेड़ का वीडियो जारी

रायपुर। पिछले दिनों सुकमा में हुए नक्सली मुठभेड़ का वीडियो जारी हुआ है, जिसमें मारे गए 15 नक्सलियों का शव दिखाया गया है। यह वीडियो जवानों ने बनाई है। बता दें कि इस मुठभेड़ को फर्जी बताने के बाद यह वीडियो जारी किया गया है। 

छह अगस्त को सुकमा में हुए मुठभेड़ में 15 नक्सली मारे गए थे। इस मुठभेड़ को फर्जी बताते हुए सिविल लिबर्टी कमिटी के नारायण राव ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाई है,  जिसे कोर्ट ने गुरुवार को मंजूर कर लिया है। इस मामले में 13 अगस्त को चीफ जस्टिस की बैंच सुनवाई करेगी। इस याचिका में हाईकोर्ट के जज से न्यायिक जांच की मांग या फिर सीबीआई या एसआईटी से जांच की मांग की गई है। 

बस्तर की सामाजिक कार्यकर्ता सोनी सोरी ने भी पुलिस की कार्रवाई को फर्जी करार दिया है।

 

Sukma Naxal Encounter: सुकमा में सुरक्षाबलों और नक्सलियों की मुठभेड़ जारी, 1 जवान घायल

सुकमा। जिले के चिंतलनार थाना क्षेत्र के रावगुड़ा के जंगलों में मंगलवार को सुबह हुई सुरक्षाबलों और नक्सलियों में हुई मुठभेड़ में एक जवान घायल हो गया है। एसपी अभिषेक मीणा ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि मौके पर 2 घंटे से फायरिंग जारी है। घायल जवान कोबरा बटालियन का बताया जा रहा है। उसको वहां से निकालने की कोशिशें जारी हैं।

कैसे शुरू हुई मुठभेड़:

पुलिस अधीक्षक मीणा ने कहा कि रात में गश्त पर निकली टीम आज सुबह वापस लौट रही थी। उसी वक्त नक्सलियों ने एक आईईडी विस्फोट कर गोलीबारी शुरू कर दी। अचानक हुई गोलीबारी से बिना घबराए जवानों ने भी मोर्चा संभालकर जवाबी फायरिंग  शुरू कर दी।  समाचार लिखे जाने तक मौके पर फायरिंग जारी है।

 

आईईडी लगाने की फिराक में घूम रहे 4 नक्सल सहयोगी चढ़े पुलिस के हत्थे

रायपुर। सुकमा के एलाडमड़गू के जंगलों में विस्फोटक सामग्री लेकर आईईडी लगाने के फिराक में घूम रहे 4 नक्सल सहयोगियों को पुलिस पार्टी की सर्चिंग टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। मामला भेज्जी थाना का है। आरोपियों से विस्फोटक सामग्री और नक्सली साहित्य जब्त किया गया है। घटना की पुष्टि करते हुए आईजी विवेकानंद सिन्हा ने बताया कि पकड़े गए नक्सली सुकमा के कुंभलगढ़ थाना क्षेत्र के निवासी है। इनमें बुस्का सोढ़ी, वंजामी मंगा, सोढ़ी नंदा, भैरम सिंह शामिल है। 

पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि क्षेत्र में कुछ संदिग्ध लोग घूम रहे हैं। पुलिस की टीम तत्काल रवाना हुई। जैसे ही पुलिस टीम संबंधित क्षेत्र में पहुंची। आरोपी भागने लगे। पुलिस ने उन्हें घेराबंदी कर पकड़ा। पुलिस ने जब पकड़े लोगों से पूछताछ की तो उन्होंने खुद को नक्सली सहयोगी होना स्वीकार किया। उन्होंने जगंल में आईईडी लगाने के अपने उद्देश्य को कबूल किया। इसके बाद पुलिस ने उन्हें  गिरफ्तार किया। उनसे पूछताछ की जा रही है। संभावना है कि क्षेत्र में आईईडी विस्फोट को लेकर वे बड़ा खुलासा कर सकते हैं।

बता दें कि बस्तर में नक्सली जंगलों में आईईडी बलास्ट कर कई घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। प्रधानमंत्री के कार्यक्रम के पहले भी उन्होंने आईईडी ब्लास्ट किया था, जिसमें सुरक्षा बल के जवान शहीद हुए थे। नक्सलियों ने बस्तर के जंगलों में पहले से ही कई आईईडी लगा रखा है। जिसके चपेट में आने से जवान शहीद हो रहे हैं।

अस्पताल के पार्किंग में मिली मरीज की लाश, प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप

कोरिया। कोरिया के जिला अस्पताल में शुक्रवार की शाम 4 बजे एक युवक की लाश मिली है। युवक को बस प्रतिक्षालय में मिर्गी का दौरा पड़ने के बाद गांव वालों ने अस्पताल में भर्ती कराया था। जिसके बाद अस्पताल वालों की लापरवाही के कारण युवक की मृत्यु हो गई।

बताया जा रहा है कि कोरिया के पटना थाना क्षेत्रान्तर्गत बुढ़ार के भाड़ी ग्राम के बस प्रतिकक्षलय में शुक्रवार की शाम 40 वर्षीय राजू नाम का व्यक्त वस का इन्तजार कर रहा था।  तभी अचानक उसे मिर्गी का दौरा पड़ा। गांव वालों ने उसे 108 एम्बुलेंस की मदद से अस्पताल पहुंचाया। वहीं डॉक्टरों के अनुसार इसी बीच राजू मिर्गी के दौरे के कारण कई बार बाथरूम में गिरा पड़ा मिलता था। उपचार से मृतक का मिर्गी का दौरा कम तो हुआ लेकिन 15 जून की शाम उसकी मृत्यु हो गई। शुक्रवार की शाम जिला अस्पताल के वाहन पार्किंग में एक 40 वर्षीय व्यक्ति की मौत हो गई।

अस्पताल प्रवन्धक डॉ एसके गुप्त ने बताया कि बीते 10 जून को पटना थाना क्षेत्रान्तर्गत ग्राम बुढ़ार के भाड़ी ग्राम के बस प्रतिकक्षलय में राजू नाम का व्यक्ति बीमार पड़ा देख गांव वाले 108 एम्बुलेंस के माध्यम से जिला अस्पताल में भर्ती कराये , वही डॉक्टरों के अनुसार भर्ती मरीज को मृगी की शिकायत थी , जिसके कारण वह कई बार अस्पताल परिसर के बरामदे में तो कही बाथरूम में गिरा पड़ा मिलता था , जिसे उठा कर उसे बेड पर लाते थे, मृतक का मिर्गी के दौरे उपचार के माध्यम से  धीरे धीरे कम हो रहा था, इसी बीच 15 जून के शाम में उसकी मृत्यु हो गई।

वही पार्किंग में काम करने वाले सुशील मलिक ने बताया कि दो दिनों से मरीज पार्किंग में लेता रहा , जिसकी सूचना खुद दो बार सुशील ने वार्ड बॉय और नर्स को दी थी। लेकिन उसके बाद भी मरीज को अस्पताल में ले जाना तो दूर दुबारा देखने तक न ही अस्पताल के डॉक्टर आये न ही कोई अन्य स्टाफ।  इस वजह से मृतक की मौत सही उपचार नहीं होने की बजह से बताई जा रही है।

 

 

सुकमा में पुलिस-नक्सली मुठभेड़, 3 नक्सली मारे गए  

सुकमा। जिले के चिंतागुफा के जंगल में शुक्रवार सुबह पुलिस और नक्सली मुठभेड़ में तीन नक्सली मारे गए। घटना स्थल से 3 नक्सलियों समेत नक्सली साहित्य भी बरामद किया गया है। चिंतागुफा इलाके में हुई इस मुठभेड़ की पुष्टि करते हुए एसपी अभिषेक मीणा ने बताया है कि मुठभेड़ के बाद पुलिस को मौके से नक्सली साहित्य भी मिला है। 

मुठभेड़ के बाद पुलिस ने जंगलों में सर्चिंग और तेज कर दी है। फायरिंग के दौरान पुलिस को भारी पड़ता देख नक्सली भाग खड़े हुए है। फिलहाल पुलिस जंगलों में सर्चिंग और तेज कर दी है। बताया जा रहा है कि आसपास के थाना क्षेत्रों में भी पुलिस ने सर्चिंग बढ़ा दी है। एसपी मीणा के मुताबिक शुक्रवार की सुबह पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हो गई, जिसमें जवानों ने तीन वर्दीधारी नक्सलियों को मार गिराया है।

रामगढ़ के जंगल में हाथियों का डेरा, लोग घरों में कैद 

बैकुंठपुर।  सोनहत में रामगढ़  के जंगलों में हाथियों ने गुरुघासीदास राष्ट्रीय उद्यान के सीमा क्षेत्र में अपना डेरा जमा रखा है। वही अभी हाथियों का दल सोनहत रामगढ़ रोड के निकट ग्राम  तुर्री पानी के निकट है, जहां  लगभग 10  हाथियों का दल पूरे इलाके में घूम रहे हैं। हांथियों ने  इस बार जिले में आने के बाद अभी  तक किसी को नुकसान नही पहुचाया है किंतु इस जंगल में कई  एकड़ में लगी बॉस और पेड़ों को कुछ नुकसान किए हैं। हाथियों के डर से ग्रामीण इस कदर खौफजदा हैं कि खुली आंखों से रात गुजारने को मजबूर हैं। वहीं, हाथियों पर काबू पाने में और उन्हें खदेड़ने में वन अमला नाकाम सबीत हो रहा है। 

ग्रामीणों के अनुसार कोरिया जिले  पार्क छेत्र के गांवों में इन दिनों 10 जंगली हाथी तबाही बन कर घूम रहे हैं। हाथियों ने अब तक जंगलो  में ही जमकर उत्पात मचाया है। हाथियों के डर से कहीं भी निकलना संभव नहीं क्योंकि इस झुंड में बच्चे भी होने का अनुमान लगाया गया  है, जिस कारण हाथी ज्यादा समय जंगलों में ही रहते हैं फिर भी ग्राम में डर बना हुआ है वहीं वन अमला भी यहां नही है। वन विभाग की हाथियों को खदेड़ने की सारी कवायद नाकाम  साबित हो रही हैं, लेकिन वन विभाग मुआवजा बांट कर अपनी जिम्मेदारी पूरी मान रहा है। 

बता दें कि साल के लगभग 6-7 महीने कोरिया जिले  का आधा इलाका हाथियों के खौफ से सहमा रहता है। हाथियों का कहर इन इलाकों में जारी है, लेकिन सारे संसाधनों से लेस होने का दावा करने वाला वन अमला लाचार बना हुआ है, वही जिले में आधा जंगल राष्ट्रीय उद्यान में आता है जिस कारण भी वन अमला हाथी के आने जाने पे ज्यादा नजर नहीं रखते वही ग्रामीण संचार सुविधा न  होने के कारण किसे अपनी समस्या बताए, यह निर्णय नहीं कर पाते जिस कारण सभी ग्रामीण खुद ही अपनी सुरक्षा करने को विवश है । वहीं यह पूरा क्षेत्र पार्क में है व हाथियों ने अब तक वन ग्राम में किसी प्रकार का नुकसान नहीं किया है ।

नक्सली मुठभेड़ में एसटीएफ के 2 प्लाटून कमांडर घायल 
चौपर से रायपुर किए गए  रवाना, नक्सलियों को हुआ भारी नुकसान
बुर्कापाल में पुलिस और नक्सलियों के बीच 2 घंटे फायरिंग, 11 नक्सली ढ़ेर, 2 शव बरामद

सुकमा। शनिवार को एक बार फिर पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने सुकमा के बुरकापाल में हुई मुठभेड़ में 11 नक्सलियों को मार गिराया है। डीआईजी पी. सुंदरराज ने इस खबर की पुष्टि भी कर दी है। एक दिन पहले ही पुलिस ने बस्तर-तेलंगाना में हुए मुठभेड़ में 7 नक्सलियों को  ढेर किया था। 

सुकमा के चिन्तागुफा थाना क्षेत्र में  पुलिस और नक्सलियों के बीच शनिवार को भी गोली बारी चल रही है। एसटीएफ और डीआरजी की सयुंक्त कार्यवाही में चल रहे मुठभेड़ में 10 से 15 नक्सलियों को गोली लगने की पुष्टि एसपी अभिषेक मीना ने की है।

 

बताया जा रहा है कि मारे गए 11 नक्सलियों में से 2 के शव बरामद कर लिया है। वहीं पुलिस ने कैम्प को ध्वस्त कर दिया है। मौके से 11 बंदूकें, गोलाबारूद समेत अन्य सामग्रियां जब्त की गई हैं। बस्तर आईजी विवेकानंद सिन्हा एवं डीआईजी पी सुंदरराज ने बताया कि सूचना मिली थी कि बुरकापाल क्षेत्र के जंगल में नक्सलियों ने कैम्प बनाया है। डीआरजी एवं डीएफ का संयुक्त बल रवाना किया गया, जिसने योजनाबद्ध तरीके से इलाके की घेराबंदी शुरू कर दी। पुलिस की मौजूदगी भांपते ही नक्सलियों ने गोलीबारी शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस बल ने भी मोर्चा संभालते हुए फायरिंग की। लगभग दो घंटे तक दोनों ओर से हुई रूक-रूककर गोलीबारी के बाद अंतत: नक्सली जंगल में भाग खड़े हुए ।  
 

Exclusive : देखें तस्वीर, पुलिस नक्सली मुठभेड़, 8 नक्सली ढ़ेर, 3 जवान घायल

बिजापुर। तेलंगाना-छत्तीसगढ़ सीमावर्ती क्षेत्र में शुक्रवार को सुबह पुलिस और नक्सलियों के बीच में हुई । इस मुठभेड़ में 8 नक्सलियों को मार गिराया गया ।  बीज़ापुर जिले के धर्मताल्लागुड़ेम के निकट वनक्षेत्र में नक्सलियों के छुपे होने की गुप्त जानकारी मिलने पर ग्रे-हाउंड्स दल ने तलाशी अभियान चलाया। सीमावर्ती भुपालपल्ली जिले के अन्नारम-वेंकटापुरम में माओवादियों के साथ ग्रे-हाउंड्स दल के बीच आमना-सामना हुआ। इस क्रम में नक्सलियों और ग्रे-हाउंड्स के दल के बीच मुठभेड़ हुई। इस मुठभेड़ में 8 नक्सली खत्म हुए और 3 पुलिस जवान घायल हुए। उधर, दंतेवाड़ा-बीज़ापुर जिलों के सीमावर्ती क्षेत्र के ग्रामों अन्नारम-मर्रीमला में ग्रे-हाउंड्स दल ने तलाशी अभियान के दौरान भारी संख्या नक्सली साहित्य बरामद हुए हैं। रविवार को गड़चिरोली जिले में पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में मृतकों की संख्या 42 तक हुई है। अनुमान लगाया जा रहा कि और भी नक्सली शव मिलने कि संभावना है।

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