GLIBS

वुमन्स वर्ल्ड कप की कुल प्राइज मनी 208 करोड़ रुपए, मेन्स टूनार्मेंट का सिर्फ 7.5%

वुमन्स वर्ल्ड कप की कुल प्राइज मनी 208 करोड़ रुपए, मेन्स टूनार्मेंट का सिर्फ 7.5%

नई दिल्ली। फीफा वुमन्स वर्ल्ड कप फ्रांस में 7 जून से शुरू हो चुका है। इसमें 24 देशों के 552 खिलाड़ी वर्ल्ड कप ट्रॉफी और प्राइज मनी के लिए खेल रहे हैं। फाइनल मुकाबला 7 जुलाई को लियो ओलिंपिक स्टेडियम में होगा। महिला वर्ल्ड कप की कुल इनामी राशि 3 करोड़ डॉलर (करीब 208 करोड़ रुपए) है। यह 2018 पुरुष वर्ल्ड कप की कुल इनामी राशि 40 करोड़ डॉलर (करीब 2800 करोड़ रुपए) का महज 7.5% ही है।

2018 में बढ़ाई गई महिला वर्ल्ड कप की इनाम राशि

इससे पहले महिला वर्ल्ड कप की इनामी राशि 15 मिलियन डॉलर (करीब 104 करोड़ रुपए) थी, जिसे अक्टूबर 2018 में बढ़ाया गया। फीफा अध्यक्ष जियोनी इन्फेंटिनो ने महिला फुटबॉल को बढ़ावा देने के उद्देश्य से इसकी इनामी राशि दोगुनी की थी। जो भी महिला टीम यह वर्ल्ड कप जीतेगी, वह 40 लाख डॉलर (करीब 28 करोड़ रुपए) अपने देश लेकर जाएगी। 2018 में फीफा मेन्स  वर्ल्ड कप रूस में हुआ था। तब फ्रांस की टीम चैम्पियन बनी थी। उसे पुरस्कार के तौर पर 38 मिलियन डॉलर (करीब 264 करोड़ रुपए) मिले थे।
खेल विशेषज्ञों ने चिंता जताते हुए कहा कि पिछले कुछ दशकों में पुरुष और महिला वर्ल्ड कप की इनामी राशि में उल्लेखनीय ढंग से बढ़ोत्तरी हुई है। इसके बावजूद दोनों के बीच लिंग भेद साफ देखा जा सकता है। महिला और पुरुष टूनार्मेंट में इनामी राशि का यह अंतर काफी ज्यादा है।

2007 वुमन्स वर्ल्ड चीन में हुआ था। उस टूनार्मेंट की विजेता टीम जर्मनी को 1 मिलियन डॉलर (तब करीब 40 करोड़ रुपए) इनामी राशि मिली थी। जर्मनी में हुए 2006 पुरुष वर्ल्ड कप की विजेता टीम इटली ने 18.56 मिलियन डॉलर (तब करीब 854 करोड़ रुपए) इनामी राशि जीती थी। 2010 पुरुष वर्ल्ड कप विजेता टीम स्पेन को 30 मिलियन डॉलर (तब करीब 138 करोड़ रुपए) इनामी राशि मिली थी। 2011 महिला वर्ल्ड कप विजेता जर्मनी को सिर्फ 10 लाख डॉलर (तब करीब 45 करोड़ रुपए) की ही इनामी राशि मिली थी।

Author/Journalist owns and is responsible for views/news published and the publisher/printer is in no way liable for such content.