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त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की सरगर्मी के बीच निर्विरोध चुने गए पंच सरपंच

हर्ष अग्रवाल  | 10 Jan , 2020 02:00 PM
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की सरगर्मी के बीच निर्विरोध चुने गए पंच सरपंच

रायगढ़। पंच परमेश्वर का स्वरूप होता है। छत्तीसगढ़ के गांवों में इन दिनों त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की सरगर्मी जोरों पर है। लोग अपने अपने वार्डो व ग्राम पंचायत की मुखिया यानी सरपंच चुनने के लिए मशगूल हैं। लोकतांत्रिक व्यवस्था के तहत मतदान के जरिये चुनावी शंखनाद हो गया है और शुरू हो गया है अपने अपने समर्थकों को रिझाने के साथ ही खर्चीला चुनावी प्रचार प्रसार। आपसी मनमुटाव और टकराव से बचने गांव की विकास के लिए रायगढ़ जिले के 4 ग्राम पंचायतों में निर्विरोध पंच सरपंच चुन लिए गए वह भी लाटरी के माध्यम से । वर्तमान समय में शहरों के अलावा गांवों में चुनाव प्रणाली काफी खर्चीला हो गया है। वार्ड मैम्बर हो चाहे सरपंच ,जनपद पंचायत सदस्य या फिर जिला पंचायत सदस्य के चुनाव क्यों न हो, लोंगो की सोच यही बन गई है कि जो प्रत्याशी ज्यादा रकम देगा वोट उसी को मिलेगा। ऐसे में योग्य व्यक्ति का चुनाव नही हो पाता। इन्ही सब परिस्थितियों को देखते हुए रायगढ़ जनपद पंचायत क्षेत्र के 2 ग्राम पंचायत कुकुरदा और जामगांव के ग्रामीणों ने आपस में बैठक कर निर्विरोध पंच सरपंच चुनने का निर्णय लिया। ग्राम पंचायत कुकुरदा में गांव के 22 सयाने लोगों की एक कमेटी है जो गांव में शांति व विकास कार्यों की रूपरेखा तय करती है। इन्ही लोगो ने गांव में बैठक बुलाकर अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित सरपंच पद के लिए निर्विरोध सरपंच चुनने का प्रस्ताव रखा जिसे ग्रामीणों ने स्वीकार कर लिया वही आरक्षित वर्ग के लोंगो से सरपंच बनने के लिए आवेदन मांगे गए जिनमें 6 व्यक्तियों ने सरपंच बनने का दावा किया। इनका नाम पर्चे में लिख कर एक बच्चे से पर्चे उठाया गया। जिसमें मोहित राठिया का नाम निकला ।मोहित राठिया को सर्व सम्मति से सरपंच चुन लिया गया।पंचों के चुनाव भी निर्विरोध चुने गए।

ग्राम पंचायत कुकुरदा में निर्विरोध पंच सरपंच चुने जाने की खबर सुनकर नजदीक के ही ग्राम पंचायत जामगांव के ग्रामीणों ने भी निर्विरोध पंच सरपंच चुनने का मन बनाया। ऐसे में पिछड़ा वर्ग महिला के लिए आरक्षित सरपंच पद के दो उम्मीदवार ने नामांकन दाखिल कर दिया था जिन्हें बुलाकर चर्चा की गई। वहीं  पंचो के भी चुनाव होने के लिए 2 से अधिक लोगों ने नामांकन दाखिल किया था। सभी ने एक राय होकर लाटरी के माध्यम से ही गीतांजलि गुप्ता को अपने प्रतिनिधि चुन लिया। बाकी प्रत्याशी अपना नामांकन वापस लेकर एकजुटता का परिचय दिया है।

 

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