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रोजी रोटी के लिए जूझने वाले श्रमविरों को अब नहीं सताती स्वस्थ्य की चिंता, मोबाइल अस्पताल है न, भूपेश सरकार है न

यामिनी दुबे  | 14 Jan , 2021 05:35 PM
रोजी रोटी के लिए जूझने वाले श्रमविरों को अब नहीं सताती स्वस्थ्य की चिंता, मोबाइल अस्पताल है न, भूपेश सरकार है न

रायपुर। भूपेश सरकार है तो सब संभव है ,सबकी सुनने वाली भूपेश सरकार है। छत्तीसगढ़ शासन की  मुख्यमंत्री  शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना से अब अपनी रोजी-रोटी के लिए दिनभर जूझने वाले श्रमिकों को अपनी सेहत की भी चिंता नहीं रहती।  योजना के तहत अपने घर के आस-पास ही मिलने वाली स्वास्थ्य सुविधा उन्हें किसी वरदान से कम नहीं लगती। मजदूर आमतौर पर बीमार पड़ने पर भी अस्पताल में लगने वाली लंबी लाईनों से कतराने के कारण बीमारी के साथ जीने को बाध्य होते हैं।  परन्तु अब  लोगों को शासन उनके घर पर ही इलाज  मुहैया कराने के लिए शुरु की गई मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना उनके लिए वरदान साबित हो रही है। जगदलपुर नगर निगम में भी इस योजना के तहत चार चलित इकाईयां संचालित की जा रही हैं। मजदूर पृष्ठभूमि के इन नागरिकों को श्रम विभाग द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ प्रदान करने के लिए उपचार के लिए पहुंचने पर श्रम पंजीयन भी किया जा रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार चलित इकाइयों के माध्यम से अब तक 158 शिविर आयोजित किए जा चुके हैं, जिसमें 7 हजार से अधिक मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार किया जा चुका है। यहां विभिन्न रोगों के जांच की सुविधा भी दी जा रही है। निगम के द्वारा वार्डों में लॉउस्पीकर के माध्यम से मुनादि भी कराई जा रही है। मोबाईल यूनिट के निर्धारित रूट चार्ट के अनुसार स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया जा रहा है।

 

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