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शायर साहिर लुधियानवी की नज्में और डायरियां मिली कबाड़ दुकान में, एनजीओ ने खरीदी 3 हजार में

ग्लिब्स टीम  | 09 Sep , 2019 11:34 AM
शायर साहिर लुधियानवी की नज्में और डायरियां मिली कबाड़ दुकान में, एनजीओ ने खरीदी 3 हजार में

नई दिल्ली। मशहूर शायर एवं गीतकार साहिर लुधियानवी की बेशकीमती हस्तलिखित पत्र, डायरियां, नज्में और उनकी श्याम-श्वेत तस्वीरें मुम्बई में कबाड़ की एक दुकान से मिले है। एक एनजीओ इन चीजों का संरक्षण करने के लिए 3 हजार रूपए में खरीदा है। मुंबई के गैर लाभकारी संगठन फिल्म हेरीटेज फाउंडेशन को हाल ही में जुहू में कबाड़ की एक दुकान में अखबारों और पत्रिकाओं की ढेर में ये चीजें मिलीं और अब उसकी योजना उनके संरक्षण और ‘अभिलेखों की प्रदर्शन' की है। संस्था के संस्थापक निदेशक शिवेंद्र सिंह डुंगरपुर ने कहा, ‘इन डायरियों में उनके रोजाना के कार्यक्रम जैसे गाने की रिकॉर्डिंग के लिए वे कहां जायेंगे और अन्य निजी बातें आदि हैं। कई नज्में और नोट भी हैं।

उन्होंने बताया, ‘उस दौर के संगीतकार रवि, उनके दोस्त और कवि हरबंस द्वारा उन्हें लिखे गए पत्र भी हैं। कुछ पत्र अंग्रेजी और कुछ ऊर्दू में हैं। बाकी कृतियां ऊर्दू में हैं। उन्होंने कहा कि साहिर की कुछ निजी तस्वीरें, कुछ तस्वीरें उनकी बहनों और दोस्तों के साथ तथा कुछ पंजाब में उनके घर के हैं। डुंगरपुर ने कहा, ‘यह गुरूदत्त की फिल्म ‘प्यासा' के दृश्य की याद दिलाता है, जिसमें उनकी नज्में और कृतियां कबाड़ की दुकान पर मिली थी। 

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