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10-06-2019
सीएम बघेल ने डॉ. रमन सिंह से पूछा- अडानी को एमओयू देने के पक्ष में हैं या नहीं 

 

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दिल्ली प्रवास से लौटने के बाद रायपुर स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट पर पत्रकारों से चर्चा करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह पर निशाना साधते हुए कहा कि रमन सिंह को पहले यह बताना चाहिए कि वे अडानी को एमओयू देने के पक्ष में हैं या नहीं? दूसरी बात यह है कि जब भी कोई सरकार फैसला करती है तो वर्तमान सरकार पिछली सरकार के फैसले को आगे बढ़ाने का काम करती है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि मैं पार्टी के आला नेताओं से मिलने के लिए गया था। वरिष्ठ नेताओं से मेरी मुलाकात हुई है। उन्होंने बताया कि संगठन के मुद्दे पर भी चर्चा हुई है। मंत्रिमंडल की सुगबुगाहट पर उन्होंने कहा कि इसकी चर्चा हाईकमान से होने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। प्रदेश अध्यक्ष और मंत्रिमंडल का विस्तार हाईकमान के निर्देश और उनसे चर्चा के बाद होगी। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने यह भी कहा कि दिल्ली के हाईकमान की हरी झंडी मिलते ही छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष और निगम आयोग मंडल का गठन किया जाएगा।

03-06-2019
अनुसूचित जाति आयोग अध्यक्ष रामजी भारती पद से हटाए गए

 

रायपुर। राज्य शासन द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष पद पर रामजी भारती की नियुक्ति तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई है। आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग द्वारा यहां मंत्रालय (महानदी भवन), अटल नगर, नया रायपुर इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है। 

24-05-2019
सिविल सर्विस प्रारंभिक परीक्षा 2 जून को

 

रायपुर। संघ लोक सेवा आयोग नई दिल्ली द्वारा आयोजित सिविल सर्विस प्रारंभिक परीक्षा आगामी 2 जून को दो पालियों में आयोजित की जाएगी। प्रथम पाली प्रात: 9.30 बजे से 11.30 बजे तक तथा द्वितीय पाली दोपहर 2.30 बजे से 4.30 बजे तक संचालित की जाएगी। परीक्षा के सुचारू संचालन के लिए डिप्टी कलेक्टर पूनम शर्मा को नोडल अधिकारी तथा समन्वयक राजीव गांधी शिक्षा मिशन के केएस पटले को सहायक नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। परीक्षा के लिए कलेक्टोरेट परिसर के कक्ष क्रमांक 6 में कंट्रोल रूम बनाया गया है जिसका दूरभाष 0771-2413233 है।

21-05-2019
एग्जिट पोल के नतीजों के बाद वीवीपैट पर आज आयोग से मिलेंगे विपक्षी नेता

नई दिल्ली। एग्जिट पोल के नतीजे आने के बाद विपक्ष ने अपनी रणनीति बदल दी है। भाजपा की सरकार बनती देख उन्होंने मंगलवार को होने वाली अपनी बैठक स्थगित कर दी है। लोकसभा चुनाव नतीजों से पहले विपक्षी दलों ने मंगलवार को चुनाव आयोग से मिलने की तैयारी की है। इस मुलाकात में ईवीएम के साथ वीवीपैट की पर्ची के मिलान का मुद्दा उठाया जाएगा। विपक्ष की मांग है कि यदि किसी भी मतदान केंद्र पर गड़बड़ी पाई जाती है तो समूचे विधानसभा क्षेत्र में ईवीएम के साथ वीवीपैट का मिलान होना चाहिए।
   
विपक्षी दलों को लगता है कि 23 मई को नतीजों के बाद अगर करीबी स्थिति बनती है तो यूपीए समेत तीसरे मोर्चे की संभावना पर विचार किया जा सकता है। इसके लिए चंद्रबाबू नायडू तीन दिन से मोर्चा संभाले हैं। शरद पवार मंगलवार को दिल्ली पहुंच जाएंगे।

यह दोनों नेता अपने स्तर से विपक्षी दलों को एकजुट करके यूपीए के पक्ष में लाने की कवायद में जुटे हैं। यह बात और है कि सपा-बसपा गठबंधन ने विपक्ष की एकता में अपने सहयोग के वादे को तो दुहराया है, लेकिन गठबंधन की भूमिका पर अभी तक अपने पत्ते नहीं खोले हैं।

26-04-2019
मानवाधिकार आयोग ने 18 छात्रों की आत्महत्या पर दिखाई कठोरता, सरकार से मांगी रिपोर्ट

हैदराबाद। तेलंगाना में 12वीं का परीक्षा परिणाम आने के बाद 18 छात्रों के आत्महत्या करने की खबरों से छात्रों के अभिभावकों के साथ-साथ राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग भी हैरान-परेशान व दुखी है। आयोग ने इस घटना को गंभीरतापूर्वक लेते हुए और सख्ती दिखाते हुए शुक्रवार को राज्य सरकार से रिपोर्ट तलब की है। बता दें कि तेलंगाना बोर्ड ने इंटर (12वीं कक्षा) का रिजल्ट घोषित किया था जिसमें तीन लाख छात्र फेल हो गए थे। इसके बाद मीडिया रिपोर्ट में रिजल्ट में गड़बड़ी की बात की गई थी जिस पर आयोग ने संज्ञान लिया। वहीं घटना के बाद छात्र, परिजन और कुछ राजनीतिक पार्टियां भी विरोध में उतर आई हैं। लोगों की मांग है कि आरोपियों को सख्त से सख्त सजा दी जाए और भविष्य में ऐसा न हो इसका ध्यान रखा जाए। आयोग ने पूछा है कि क्यों प्रशासन ने हैदराबाद की निजी कंपनी ग्लोबलरेना टेक्नोलाजी को परीक्षा एनरोलमेंट का ठेका दिया। जबकि पहले इसे किसी सरकारी एजेंसी को ही दिया जाता था। इसके साथ ही आयोग ने राज्य के मुख्य सचिव एसके जोशी को नोटिस जारी कर चार सप्ताह में इसकी रिपोर्ट मांगी है। साथ ही बोला गया है कि आरोपियों के खिलाफ क्या किया गया और पीडि़त परिवारों की कैसे मदद की गई इसकी भी रिपोर्ट बना कर दें।

आयोग ने कहा कि यदि मीडिया रिपोट्र्स सही पाई गईं तो यह मानवाधिकार का हनन होगा। हालांकि शिक्षा मंत्रालय ने इन सभी बातों का खंडन किया है। वहीं लोगों में उपजे विरोध को देखते हुए राज्य के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव ने गुरुवार को एक आपातकालीन बैठक बुलाई थी। इस दौरान उन्होंने शिक्षा मंत्री और अधिकारियों को फटकार भी लगाई थी। साथ ही उन्होंने फेल हुए बच्चों की कॉपियों का पुनर्मूल्यांकन करने के भी आदेश दिए थे और इसके लिए कोई भी फीस लेने से मना किया था। राव ने अधिकारियों को आदेश दिया था कि बच्चों के लिए पूरक परीक्षा का आयोजन किया जाए। इसमें यह ध्यान रखा जाए कि छात्रों का साल बर्बाद न हो। गौरतलब है कि करीब 10 लाख छात्रों ने 12वीं की बोर्ड परीक्षा दी थी जिसमें से तीन लाख फेल हो गए थे।

22-04-2019
साध्वी प्रज्ञा के मामले में आयोग की कार्यप्रणाली संदिग्ध : मायावती

लखनऊ। भोपाल से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) प्रत्याशी साध्वी प्रज्ञा के मामले में चुनाव आयोग के रूख पर संदेह जताते हुये बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती ने कहा कि संवैधानिक संस्था की कार्यप्रणाली लोकतंत्र के लिये चिंता का विषय है। सुश्री मायावती ने ट्वीट किया भोपाल से बीजेपी प्रत्याशी और मालेगांव ब्लास्ट आरोपी साध्वी प्रज्ञा का दावा है कि वे ‘धर्मयुद्ध’ लड़ रही हैं। यही है बीजेपी/आरएसएस का असली चेहरा जो लगातार बेनकाब हो रहा है। लेकिन आयोग केवल नोटिसें ही क्यों जारी कर रहा है तथा बीजेपी रत्न प्रज्ञा का नामांकन क्यों नहीं रद्द कर रहा है। उन्होने फिर लिखा मीडिया की जबर्दस्त आलोचनाओं के बावजूद चुनाव आयोग अगर जनसंतोष के मुताबिक निष्पक्षता से काम नहीं कर रहा है तो यह देश के लोकतंत्र के लिए बड़ी चिन्ता की बात है। इस गिरावट के लिए असली जिम्मेदार कोई और नहीं बल्कि बीजेपी व पीएम मोदी हैं जो गंभीर चुनावी आरोपों से घिरे हैं। गौरतलब है कि कांग्रेस ने अपने दिग्गज नेता दिग्विजय सिंह को भोपाल लोकसभा से टिकट दिया है जहां उनका मुकाबला भाजपा की साध्वी प्रज्ञा ठाकुर से है। हाल ही में प्रज्ञा ने दिग्विजय सिंह से अपनी चुनावी लड़ाई को धर्मयुद्ध करार दिया था।

 

20-04-2019
चुनाव आयोग ने ‘मोदी- जर्नी ऑफ ए कॉमन मैन’ पर रोक लगाई 

 

नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जीवन पर आधारित वेब सीरीज ‘मोदी- जर्नी ऑफ ए कॉमनमैन’ के प्रसारण पर शनिवार को रोक लगा दी।
चुनाव आयोग ने यहां जारी एक आदेश में कहा कि वेब सीरीज की विषय वस्तु से आदर्श चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन हो रहा है। इसलिए इसे तुरंत प्रभाव से हटा दिया जाना चाहिए। आयोग ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान किसी राजनेता की जीवनकथा या आत्मकथा पर आधारित ऐसी विषयवस्तु का सार्वजनिक प्रसारण नहीं किया जा सकता जिससे चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता एवं स्वतंत्रता प्रभावित होती हो।
आयोग ने कहा कि पेश की गयी विषय वस्तु वेब सीरीज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जीवन पर आधारित है और वह एक राजनेता तथा मौजूदा लोकसभा चुनाव में उम्मीदवार हैं। इसलिए इस वेब सीरीज के प्रसारण की अनुमति नहीं दी जा सकती। आयोग ने वेबसीरीज ‘मोदी- जर्नी ऑफ ए कॉमनमैन’ को हटाने तथा इसका प्रसारण रोकने के आदेश दिये हैं।
आयोग का यह आदेश तुरंत प्रभाव से लागू माना जाएगा। इससे पहले आयोग ने मोदी के जीवन पर आधारित फिल्म ‘पीएम नरेंद्र मोदी’ के रिलीज पर रोक लगाई थी।

 

 

16-04-2019
प.बंगाल में बांग्लादेशी अभिनेता ने किया प्रचार, भाजपा ने की चुनाव आयोग से शिकायत

नई दिल्ली। प. बंगाल में टीएमसी के लिए बांग्लादेशी अभिनेता फिरदौस के प्रचार करने के मामले पर गृह मंत्रालय ने विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (एफआरआरओ) से रिपोर्ट मांगी है। 

इधर भाजपा ने इसे आचार संहिता का उल्लंघन बताते हुए चुनाव आयोग से मामले की शिकायत की है। बंगलादेशी अभिनेता फिरदौस अहमद रायगंज निर्वाचन क्षेत्र में तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार कन्हैयालाल अग्रवाल के पक्ष में रविवार को प्रचार किया था। भाजपा ने कहा है कि चुनाव प्रचार में किसी विदेशी नागरिक का शामिल होना चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन है। 

इस मामले पर प. बंगाल के भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष ने कहा कि टीएमसी के लिए एक विदेशी नागरिक कैसे प्रचार कर सकता है। कल वो अपने चुनाव प्रचार के लिए पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान को भी आमंत्रित करेंगे। उन्होंने इसकी निंदा करते हुए कहा कि एक बांग्लादेशी फिल्म स्टार को भारत के सबसे बड़े लोकतंत्र का हिस्सा नहीं होना चाहिए। इस मामले को लेकर प. बंगाल की सियासत गरमा गई है। 

15-04-2019
एक लाख से अधिक संदिग्ध लेन-देन पर चुनाव आयोग की नजर

रायपुर। लोकसभा चुनाव में मतदाताओं को धनबल से रिझाने को लेकर चुनाव आयोग निगरानी रख रहा है। इसके लिए एक लाख रुपए से अधिक हर संदिग्ध लेन-देन की जानकारी आयोग ने सभी बैंकों से मांगी है। भारत निर्वाचन आयोग के व्यय प्रेक्षकों ने इस संबंध में सोमवार को जिला कलेक्टोरेट स्थित रेडक्रास भवन में जिले के 66 बैंकों के अधिकारियों की बैठक ली।

    व्यय प्रेक्षकद्वय कुमार अजीत और जाधवर विवेकानंद राजेंद्र ने बैंक अधिकारियों से कहा कि वे दो तरह से मानीटरिंग करें। पहला एक लाख से 10 लाख रुपए और दूसरा 10 लाख रुपए से अधिक रकम के लेन-देन का रिकार्ड चेक करें, यदि इन दोनों तरह के लेन-देन में किसी तरह का संदेह होता है तो तत्काल जिला स्तरीय नियंत्रण कक्ष के दूरभाष क्रमांक 0771-2435444 पर सूचित करें। इसमें नगद लेन-देन के साथ मनी ट्रांसफर, आरटीजीएस, अकाउंट ट्रांसफर सहित सभी तरह के रिकार्ड की निगरानी की जानी है। व्यय प्रेक्षक कुमार अजीत ने बैंक अधिकारियों से कहा कि चुनाव आचार संहिता लगने के बाद से किसी बैंक ने एक भी संदिग्ध लेन-देन की जानकारी नहीं पकड़ी है, सभी अपनी रिपोर्ट निरंक भेज रहे हैं। ऐसा संभव नहीं है कि एक लाख से अधिक लेन-देन नहीं हो रहे हों। इसकी जानकारी प्रतिदिन सुबह भेजी जानी है। यदि बैंक को इसमें कुछ संदिग्ध लगता है तो उसकी तत्काल सूचना देनी है। उन्होंने कहा कि 14 मार्च से आज तक हुए लेन देन की जानकारी शाम तक उपलब्ध कराई जाए तथा मंगलवार सुबह से 24 अप्रैल में तक रिपोर्ट रोजाना सुबह आयोग को भेजा जाना सुनिश्चित करें। बैठक में उप जिला निर्वाचन अधिकारी राजीव पाण्डेय, एलबीएम प्रवेश चौहान सहित 66 बैंकों के प्रतिनिधि मौजूद थे।

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